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बस में मिली तमिलियन आंटी के साथ सेक्स

बस में मिली तमिलियन आंटी के साथ सेक्स ही फ्रेंड्स मेरा नाम विवेक(ऑब्वियस्ली चेंज्ड) है. और मैं मुंबई में रहता हु. ये स्टोरी मेरी अपनी लाइफ की है. स्टोरी बड़ी है तो पार्ट्स में टाइप करूँगा. मेरी उम्र २९ साल है. इसका नाम मैंने “आप बीती क्यों रखा है ये आपको कुछ पार्ट्स के बाद …

नंगी मामी के साथ लेट कर अपना लंड हिलाया

तब मई मामी को बोला मामी खोल दिए हू. मामी टॉर्च ओं की तो देखा मेरा लंड पूरा खड़ा हुआ है. और यूयेसेस मई से चिप छिपा पानी निकाला हुआ है. मेरे लंड के उपर मे ज़्यादा नही मगर हल्का हल्का हेर था. मामी यह सब इग्नोर किए और जहा लगा हुआ है वाहा देखने …

रात मे मामी को नंगी देखा ओर फिर चुदाई

तो दोस्तो जैसा की मैने बोला था हुमलोग वाहा से पीछे के ओर जाने लगे. मामी मेरे आयेज आयेज और मैं उनके पीछे पीछे. जैसा की आप सब जानते ही है की धनबाद कैसा जगह है. और यूयेसेस टाइम रात के 2 बजने जेया रहे थे और काफ़ी दर भी लग रा था. आक्च्युयली हुमलोग …

आंटी जी का चुदाई का ज्ञान-4

मम्मी के आने के बाद हम दोनो भाई बेहन ऐसे बैठ गये जैसे हम दोनो के बीच कुछ हुआही नही था. नेक्स्ट दे हम दोनो भाई बेहन स्कूल गये हुए थे, मों नीचे घर में बैठे हुए बोर हो रही थी तो आंटी जी के पास उनसे मिलने चली गयी, पहले तो आंटी जी मों …

आंटी जी का चुदाई का ज्ञान-3

ही फ्रेंड्स, आप लोगों को मेरी अब तक की इंडियन सेक्स स्टोरीस कैसी लगी, प्लस्स मैल कर के ज़रूर बताईएएगा, तो अब मैं आयेज की स्टोरी कंटिन्यू करता हूँ. मम्मी के आवाज़ लगते ही हम दोनो भाई बेहन ने जल्दी जल्दी कपड़े पहने और नीचे भाग गये, आंटी जी बोली की कल फिर आना मज़े …

आंटी जी का चुदाई का ज्ञान-2

दीदी को कुछ समझ नही आ रहा था की यह सब क्या हो रहा है, फिर आंटी ने अपने दोनो पैर दीदी की कमर के अगाल बगल डाले और अपने बूब्स को दीदी के मूँह में घूसेड दिया. आंटी: पी ले बेटी, बहुत रस्स है मेरे दूध में. दीदी: नहियिइ आंटी मुझे जाने दो. आंटी: …

आंटी जी का चुदाई का ज्ञान-1

ही फ्रेंड्स, आप लोगों से इससे पहले की लिखी मेरी सेक्स स्टोरीस इन हिन्दी “चोर पोलिसेका खेल चुदाई में बदला” और “बचपन का चुदाई ज्ञान आंटी जी ने सिखाया” पढ़ी, आप लोगों को ढेरों मेल्स मुझे मिली, और जिस तरह का सपोर्ट आअप लोगों ने मुझे दिया उसके लिए लॉट्स ऑफ थॅंक्स. दोस्तों अब मैं …

मेरी अपनी चाची खंड-1

बात बचपन से शुरू करते है। एक गरीब परिवार से हूं, शुरू से से बहुत से चीज़ें ऐसी देखी जो एक बच्चे के साथ नही होनी चाहिए थी। कम से कम बच्चे से उसका बचपन तो नही छीना जाना चाहिए था। पर खैर कर भी क्या सकते थे हालात पर हर एक का शायद काबू …


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