सगी काकी सा ( आंटी ) को चोदा

कुछ ही मिनट में चूची की निप्पल टाइट पड़ गई (कामशास्त्र में पढ़ा था की निप्पल टाइट होते ही महिलिाएं मानसिक रूप से सम्भोग के लिए तैयार हो जाती है) तो मैं धीरे से चाची की मस्त मस्त चूची को मुह में डाल कर हलके हलके चूसने लगा ! उधर चाची लगातार मेरे पीठ पर हाथ घुमाए जा रही थी चाची की चूचियाँ एकदम से टाइट पड़ चुकी थी ! अब मैं चूचियों को छोड़कर चाची के गालों को किस करने करते करते होठों को चूमने लगा और फिर होठों को चूसते चूसते चाची की जीभ को चूसने लगा,चाची भी मेरी जीभ चुसाई में पूरा सहयोग करने लगी ! मैं चाची की जीभ से अपनी जीभ को लड़ाने लगा तो चाची भी मेरी जीभ को अपनी जीभ से टकराने लगी दोनों एक दूसरे के जीभ को आपस में टकराने लगे इस काम लीला साथ साथ मैंने चाची साड़ी को जांघो से ऊपर उठाया और जांघो को सहलाने लगा ! क्या मस्त चिकनी जांघे है चाची की ! जांघे सहलाते-सहलाते साडी को कमर तक खीच लाया और धीरे से चाची की चूत के आसपास की जांघ को सहलाने लगा,कितनी नर्म-मुलायम स्किन है चूतके आसपास ! 25 साल की उमर में पहली बार किसी ओरत की जांघो को छुआ है !

जांघो को सहलाते सहलाते चाची की चूत में में हाथ घुमाया तो चूत एकदम से चिकनी थी ऐसा लगा जैसे चाची ने आज ही सफाई किया हो ज़रा से भी खुरदुराहट नहीं थी ! मैं धीरे धीरे चाची की चूत के आसपास ऊगली घुमाते घुमाते एक ऊँगली को चूत में डालकर हिलाने लगा तो एक मिनट बाद चाची ने मेरी ऊँगली को चूत में से निकाल दिया तो मैं धीरे से उठा और चाची की टांगो को फैलाते हुए जीभ डालडालकर चूत को चाटने लगा {कामशास्त्र पढ़ा था की चूत चाटने से प्यार ज्यादा बढ़ता है चुदाई बहुत मजा अाता है}सुरुआत बड़े प्यार से चूत को चटवाया मैं चूत चाट रहा था तो चाची उस समय अपने दोनों हाथ के पंजो को मेरे सर पर घुमा रही थी मुस्किल से 3 मिनट तक चूत चाटा होगा की चाची मेरे हाथ पकड़ कर अपनी तरफ खीचने लगी तब मैं चाची के ऊपर चढ़ गया और चाची की चूचियों को फिर से चूसने लगा ,चाची मेरी बनियान के नीचे हाथ डालकर पीठ को सहलाने लगी और एक हाथ से मेरी लोवर को खिसकाने लगी तब मैं समझ गया चाची नंगा करना चाहती है

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तब मैं उठा और सभी कपडे उतार कर बिस्तर दिया और चाची का हाथ पकड़ कर उठाया और उनकी साड़ी को खीचने लगा चाची बिस्तर पर खड़ी हो गई और एक एक करके सभी कपडे उतार दिया एकदम से नंगी होकर बिस्तर में बैठ गई तब मैं भी चाची के सामने अपने दोनों टांगो फैलाते हुए चाची के कमर के आसपास रख लिया तो चाची ने भी अपनी दोनों टांगो के मेरे कमर के आसपास रखकर लम्बी कर लिया तब मैंने चाची की कमर को पकड़ कर अपनी तरफ खीच लिया और लण्ड के सुपाड़े को चूत के पास ले जाकर छुआ दिया तो चाची अपने चूतड़ों लण्ड के पास सटा दिया तो मेरे फनफनाते हुए लण्ड का सुपाड़ा चूत में घुस गया जैसे ही लण्ड घुसा चाची के चेहरे में अजीब से खुसी के भाव आये और चाची अपने दोनों हाथ मेरी कमर के पास लगाया और जोर से अपनी तरफ खीच लिया और चूत को मेरे लण्ड से खूब सटा दिया तो पूरा का पूरा लण्ड चूत में घुस गया तो चाची कुछ सेकण्ड तक मेरी से लिपटी रही इसके बाद अपने दोनों हाथों को बिस्तर पर टिका कर रख लिया और अपने चूतड़ों लंड पर ऊपर नीचे करने लगी तो मैंने चाची की कमर में हाथ लगाकर कमर को ऊपर नीचे करने लगा और बीच बीच झुकझुक कर चाची की चूचियों को चूसने लगता तो चाची का जोस सातवें आस्मां में पहुंच जाता तो ओ और जल्दी जल्दी अपने चूतड़ों को मेरे लण्ड पटकने लगती तो मैं भी लण्ड की जोरदार ठोकर मारता लण्ड की ठोकर से पूरा आनंद लेते हुए चाची अचानक अपनी टाँगो को मेरी कमर में लपेटते हुए मेरी गर्दन में अपने दोनों हाथो को रखकर जोर से चिपक गई और चिपके चिपके अपने चूतड़ों को मेरे लण्ड के ऊपर चकरी की तरह गोल गोल घुमाने लगी और मेरे होठो को चूमते हुए जीभ को चूसने लगी मैं भी चाची की जीभ को चाटने लगा और चाची की कमर में हाथ लगाकर चूतडो को गोल गोल घुमाने में सहयोग करने लगा और लगातार 5 मिनट तक चूतडो को घुमाता रहा की अचानक चाची मेरी गर्दन से अपने हाथ हटा दिया और मेरे सीने में हाथ रखते हुए हलके से धक्का देकर मुझे बिस्तर पर गिरा दिया और फिर मेरे ऊपर चढ़ गई और मेरे लण्ड पर हलके कूदने लगी लगातार 3-4 मिनट तक कूदने के बाद जब थक गई तो मेरे ऊपर लेट गई और अपने चूतडो पीछे करने लगी

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