Tag «desi sex kahani»

सोफे पर साली की चुदाई कहानी

उस सैक्स अनुभव के बाद मैं और बेबो बहुत खुल गये थे। अब दिन में या रात को जब मेरी पत्नी छोटे बच्चे को दूध पिलाते-पिलाते सो जाती तो मैं कमरे का दरवाजा सावधानी से बंद कर देता ताकि मेरी पत्नी और बच्चे को नींद में बाधा ना हो। ऐसा मैं अकसर ही करता था …

घर में अकेली अदिति

बात तबकी है जब मैं बारहवीं में था, क्यूंकि मैं एक प्राइवेट स्कूल में था तो वहाँ बहुत आजाद ख्यालों वाले बच्चे ही ज्यादा थे। हमारी कक्षा में एक लड़की थी अदिति। मैं मन ही मन उसे चाहता था पर यह नहीं जानता था कि वो भी मुझे उतना ही चाहती है। यह बात मुझे …

मिसेज शान्ति और उनकी बेटी

हमारे घर के पास एक मिसेज शान्ति यादव रहती हैं, उम्र लगभग 32 साल, 4 बच्चे जिनमें तीन लड़कियां- दीपा उन्नीस, अन्नु अठारह और चेतना तीनों में छोटी है और सबसे छोटा एक लड़का। आन्टी बहुत सुन्दर हैं। मैं उन्हें बहुत पसन्द करता हूं और उनकी चूत, चूचियों का दीवाना हूं। मेरी उम्र तब 28 …

कामिनी दीदी की प्यास

हेलो दोस्तों मेरा नाम सागर है, अभी मेरी उम्र २० साल है और मैंने इंजीनियरिंग का कोर्स ज्वाइन किया है दिल्ली में. दिल्ली में ही मेरी कामिनी दीदी भी रहती है. इसलिए मैं दीदी के घर पर ही रहता हूँ और कॉलेज वही से जाता हूँ. दोस्तों मेरी दीदी अपने नाम की ही तरह काम …

मेरा मतलब एकदम मस्त बेटी है आपकी – 4

” राज की इतने दिनो की बातो से उसे यकीन हुआ था कि राज सच बोल रहा है. उसे पता था कि भले राज उसको मा बेहन की गालियाँ देता है लेकिन वो उतना प्यार भी करता है. जवाब मे शन्नो बोली, “राज मे जानती हूँ कि तू मुझे सच मे चाहता है. तेरे उप्पर …

मुझे आंटी मत बोलो रंडी बोलो

ल्लो दोस्तों, मेरा नाम रवि है और में मुंबई का रहने वाला हूँ मेरी उम्र 23 साल है और मुझे शुरू से ही अपने से ज्यादा उम्र की औरतें ज्यादा अच्छी लगती है। दोस्तों आज में आप सभी  के चाहने वालोँ को अपनी एक ऐसी ही ज्यादा उम्र की सेक्सी आंटी की चुदाई की सच्ची …

मेरे पड़ोस की पर्दानशीं लड़की ने मुझ पर भरोसा किया

वादे के मुताबिक वो दस मिनट में ही पहुँच गई, वैसी ही ढकी मुंदी थी जैसे हमेशा दिखती थी। खुद से ही पास आई और बाइक पे बैठते हुए बोली- लोहिया पार्क चलो। मैंने आदेश का पालन किया और थोड़ी देर बाद हम लोहिया पार्क के एक कोने में घास पर बैठे थे। ‘मैं कुछ …

लखनऊ की जवान लड़की की कामुकता

मैंने कुछ समस्याओं के चलते कुछ दिन बेरोज़गारी के गुजरने के बाद एक प्राइवेट ब्रॉडबैंड कंपनी में नौकरी कर ली थी। मुंबई, दिल्ली में ज़िन्दगी गुज़ारने के बाद अब लखनऊ में दिल ऐसा लगा था कि छोड़ने का मन ही नहीं होता था। भले मेरा परिवार भोपाल में रहता हो लेकिन एक खाला कानपुर में …

error: Content is protected !!