नौकर ने मालिक को चुदक्कड़ रंडी बनाया

मेरा नाम अरबाब है. ये स्टोरी मेरी और मेरे एक नौकर की है. ये तब की बात है, जब मैं 18 साल का था. मैं तोड़ा मोटा सा था. मेरी टांगे और गांद बहुत मोटी थी.

मेरी चेस्ट भी कुछ कम नही थी. मेरे मान बूब्स थोड़े लटके हुए थे. लंड तो मेरा काफ़ी छ्होटा था, 18 की आगे में भी. मेरा लंड 4 इंच का था.

अब्बू ने हमारे घर एक नौकर रखा था मेरी देख भाल के लिए. मेरे घर वाले मोस्ट्ली आउट ऑफ कंट्री होते थे, काम की वजह से. तो पूरा घर मेरा नौकर इमरान संभलता था.

इमरान की उमर 55 साल होगी, लेकिन बहुत जानदार था वो. लंबा चौड़ा सा था वो. जिस्म बालों से भरपूर था उसका, और मोटा सा 9 इंच का लोड्‍ा था. अब मैं एक शरीफ सा सीधा सादा लड़का था, जिसको सेक्स का कुछ मालूम नही था. बल्कि मैने आज तक मूठ भी नही मारी थी.

अब मैं पार्ट की तरफ आता हू. घर में अकेला था मैं, और बस इमरान था मेरे साथ. घर वाले बिज़्नेस ट्रिप के लिए बाहर गये थे 15 दिन के लिए. अब आज तक तो ऐसा कुछ नही हुआ था हमारे बीच. बस मालिक नौकर का रिश्ता था हमारा.

लेकिन आज सब कुछ बदल जाना था. मैं अपने कमरे में सो रहा था, की तभी मैने कुछ फील किया. मुझे लगा, की कोई मेरे जिस्म को टच कर रहा था. मैं अपने कमरे में चड्डी पहन के सोता था, और रूम लॉक करता था.

शायद उस रात मैने लॉक नही किया था. अब घर में इमरान के अलावा कोई और नही था, तो सिर्फ़ वही हो सकता था. मैने अपनी आँखें बंद रखी, ये देखने के लिए, की ये सब कहा तक जाने वाला था.

वो मेरे बूब्स को दबा रहा था, और मेरी टाँगो को रब कर रहा था. उसने उपर-उपर से मेरा लंड भी मसलना शुरू कर दिया था. मुझे पहली बार इतना मज़ा आ रहा था. उसने मेरा लंड थोड़ी देर तक मसला, और मैं फारिघ् हो गया.

ये मेरा पहली बार ऐसे पानी निकला था. इमरान उसके बाद रूम से चला गया. मैने उसके जाने के बाद आँखें खोली. अफ! इतना मज़ा आया. लेकिन समझ नही आया, की ये हुआ क्या था, जिसमे इतना मज़ा था.

फिर मैं उठा, चड्डी उतारी, और नहाने चला गया. अब मेरा दरवाज़ा खुला था, और मैं अपने नहाने में इतना मगन था, की मुझे पता नही चला की कब इमरान मेरे बातरूम के दरवाज़े पे खड़ा मज़े ले रहा था.

मैं जब मुड़ा, तो दर्र गया, और अपने जिस्म को छुपाने लग गया. फिर मैं उसपे गुस्सा हुआ, की वो अंदर कैसे आया.

मे: इमरान दरवाज़ा नॉक करके आया करो.

इमरान: सिर जी, शर्मा क्यू रहे हो. हम दोनो मर्द ही तो है. मैं तो नाश्ते का पूछने आया था.

मे: मर्द है तो क्या मतलब एक दूसरे को नंगा देखे?

इमरान: अर्रे आप गुस्सा ना हो. बोलो तो मैं भी नंगा हो जाता हू?

ये बोलते ही उसने अपनी सलवार का नाडा खोल दोल दिया, और वो नीचे ज़मीन पे गिर गयी. वो अब मेरे सामने बिल्कुल नंगा खड़ा था. उसका मोटा लंबा हथियार टाइट खड़ा था. मैं अपनी नज़रे नही हटा पा रहा था उससे.

उसने अपना लंड हाथ में पकड़ा, और बोला: देखो, जो आपके पास है, वो मेरे पास भी है. बस साइज़ का फराक है.

मुझे तोड़ा होश आया, और मैने आँखें हटा ली, और शरमाने लग गया. मैने उसको फिर नाश्ता बताया, और वो फिर वो अपनी सलवार उपर करके चला गया.

पूरा दिन उसके मूह पे एक अजीब सी हस्सी थी. मैं शरम से डूब रहा था. लेकिन मैं उसके लंड और सुबा को नींद में जो हुआ, उसके बारे में सोचना बंद नही कर पा रहा था.

मुझे ये फिरसे एक्सपीरियेन्स करना था. इसलिए मैने आज रात जान-बूज कर रूम लॉक नही किया था. बल्कि मैं तो नंगा ही सो गया था.

अगले दिन मेरी आँख खुली, और मुझे मेरी गांद में अजीब सा फील हो रहा था. मैने मूह मोड़ा, तो इमरान नंगा खड़ा था. और वो मेरी गांद में टीन उंगलिया अंदर बाहर कर रहा था. फिर मैने उससे पूछा-

मे: इमरान ये क्या कर रहे हो?

इमरान: श.. आप लेते रहो, और एंजाय करो.

मे: क्या एंजाय करू? ये कहा हाथ डाला है तुमने.

इमरान: यकीन करो, आपको बहुत मज़ा आएगा बस थोड़ी देर में.

इमरान की उंगलियाँ मेरी गांद में अजीब सी फीलिंग दे रही थी, और मुझे दर्द भी हो रहा था. थोड़ी देर बाद दर्द ख़तम हुआ, और उसकी उंगलियों की स्पीड तेज़ हुई. अब मुझे मज़ा आ रहा था.

अचानक मेरे लंड से पानी निकल गया, और मुझे वो कल सुबा वाली एंजाय्मेंट जैसे लगा.

इमरान: मज़ा आया आपको.

मे: एम्म हा, ये क्या किया तुमने, जो इतना मज़ा आया?

इमरान: आपकी गांद में उंगली की, और आप फारिघ् हो गये.

इमरान: अगर आपको टीन उंगलियों से इतना मज़ा आया है, तो किसी बड़ी चीज़ से और आएगा.

मे: कोंसि बड़ी चीज़?

इमरान: देखने दो, कोई बड़ी चीज़ है यहा. नही आ रही नज़र. लेकिन मेरा लंड तो है ना.

मे: तुम अपना लंड मेरी गांद में डालना चाहते हो?

इमरान: हा अरबाब बाबू.

मे: लेकिन ये मुझे सही नही लग रहा.

इमरान: अर्रे आप एंजाय करो. सही ग़लत बाद में देखेंगे. आपकी उमर के सारे लड़के यही करवा रहे है आज कल. आपको एक वीडियो दिखता हू.

फिर इमरान अपना फोन लेके आया, और पॉर्न लगा दिया. उसमे एक अंकल एक जवान लड़के को छोड़ रहा था. जवान लड़का उसका लंड चूस रहा था, और किस्सिंग कर रहा था.

इमरान: देखा आपने ये लड़का? ये भी आपकी उमर का ही होगा.

मे: कह तो सही रहे हो.

इमरान: तो क्या आप ट्राइ करना चाहोगे?

मे: ठीक है, लेकिन ये बात किसी को ना पता चले. लोग पता नही क्या समझेंगे.

इमरान: आप बेफिकर हो जाए, और मज़े ले.

वो बेड पे आ गया, और मेरे साथ लेट गया. हम दोनो एक-दूसरे को हग करके लेते हुए थे. दोनो के लंड आपस में टकरा रहे थे. उसने अपना मूह करीब किया, और किस करने लग गया. अब उसकी ज़ुबान मेरे मूह में जेया रही थी.

हमने 15 मिनिट्स किस्सिंग की. फिर उसने पूछा-

इमरान: मज़ा आया?

मे: हा.

इमरान: अब मेरा लंड मूह में लो.

मे: नही यार, गंदा है.

इमरान: अर्रे मैं धो कर आया हू सिर्फ़ आपके लिए. अगर बोलो तो फिरसे सॉफ कर लू.

मे: लेकिन कैसे करू?

इमरान: जैसे वो लड़का कर रहा था वीडियो में. समझो ये एक लॉलिपोप है.

फिर मैं नएचए झुका, और मूह खोला. उसने आहिस्ता-आहिस्ता लंड अंदर किया. उसका आधा लंड ही मैं चूस पा रहा था. थोड़ी देर चूसने के बाद, मैं तोड़ा सकिंग को समझने लगा गया.

अब मैं आधे से ज़्यादा लंड गले तक ले जेया रहा था. मैने 20-30 मिनिट लंड चूसा, और फिर उसने मुझे हटाया. इमरान ने मुझे उल्टा लिटाया, और मेरी गांद में एक उंगली डाल दी.

फिर आहिस्ता-आहिस्ता दो उंगलिया, और फिर टीन उंगलिया डाली. थोड़ी देर उंगलियों से छोड़ने के बाद वो उठा, और तेल लेके आया. फिर उसने मेरे खुले छेड़ के अंदर डाल दिया. उसने अपने लंड पे भी तेल मसला, और लंड को छेड़ पे सेट किया.

आहिस्ता-आहिस्ता उसने ज़ोर दिया, और टोपा अंदर चला गया. मैं दर्द से चीख पड़ा. फिर उसने बोला-

इमरान: तोड़ा दर्द होगा, बर्दाश्त कर लेना.

ये बोल कर वो आहिस्ता-आहिस्ता लंड घुसने लगा. मुझे दर्द हो रहा था, लेकिन मैं बर्दाश्त कर रहा था. थोड़ी देर में उसका पूरा लंड मेरे अंदर था. मुझे उसका लंड अपने पेट में फील हो रहा था.

उसने शुरू-शुरू में आराम-आराम से छोड़ना स्टार्ट किया. फिर उसकी स्पीड तेज़ होने लगी. थोड़ी देर में वो मेरे उपर जंप करके लोड्‍ा घुसा रहा था. मेरा दर्द अब ख़तम हो गया, और उसके हर झटके में मुझे मज़ा आ रहा था.

मेरे मूह से अजीब आवाज़े आ रही थी खुद बा खुद. थोड़ी देर छोड़ने के बाद, उसने मुझे सीधा किया. फिर उसने मेरी टांगे अपने कंधों पे रखी, और लंड घुसा दिया. पूरा लंड एक ही झटके में अंदर चला गया.

इस पोज़िशन में इतना मज़ा आ रहा था, की मैने लंड को हाथ भी नही लगाया, और मेरा पानी निकल गया मेरे पेट पर. वो भी अब फारिघ् होने लगा था. उसने मुझे किस किया, और स्पीड बढ़ा ली.

थोड़ी देर बाद मुझे अपनी गांद मैं गरम-गरम पानी फील हुआ. उसका पानी निकला जेया रहा था, और रुक ही नही रहा था.

मे: अफ.. निकालो बाहर. मेरी गांद फटत रही है यार.

इमरान: रंडी 1 हफ्ते से पानी जमा कर रहा हू, पूरा ही तू अंदर लेगा.

उसने इतना पानी मेरी गांद में निकाला, की मेरे छेड़ में से लीक होना शुरू हो गया. जब उसने अपना लंड निकाला, तो उसका पूरा पानी नलके की तरह छेड़ में से बहने लगा.

उसने अपने हाथ से पूरी पानी इकाता किया, और मेरे मूह में हाथ घुसा दिया. फिर वो बोला-

इमरान: पूरा पानी पी. एक कटरा ज़ाया नही होना चाहिए.

मे: एम्म्म.. निकालो इसको.

इमरान ने मेरे टटटे ज़ोर से दबाए. मैं चिल्लाया, और उसने पूरा पानी मूह में डाल दिया. मुझे उसका पूरा पानी पीना पड़ा, जो मेरी गांद से निकला था. वो अब काफ़ी रफ हो गया था. उसने मूह में वापस लंड घुसाया, और मूह को छोड़ने लगा.

वो मुझे मूह और गांद पर थप्पड़ मार रहा था. मेरे बूब्स को दबा-दबा के लाल कर दिया था. उसने फिर मुझे छोड़ा बहुत रफ्ली. 3 बार उसने मुझे छोड़ा.

मैं खुद 5 बार फारिघ् हो चुका था, और बिल्कुल कमज़ोर होके बेड पे पड़ा रहा. फिर अचानक मेरी आँख लग गयी. मेरी आँख शाम को खुली. जब मैने आँखें खोली, तो मेरे मूह में एक काला लंड था.

इमरान का इससे बड़ा था, तो मैने आँखें उपर करके देखा. ये कोई और आदमी था. फिर मैं पीछे मुड़ा, तो एक गांद को छोड़ रहा था स्पीड से. 2 और लोग थे साइड में, और बैठे रेस्ट कर रहे थे.

शायद वो मुझे पहले ही छोड़ा चुके थे. मैं दर्र गया था. असल में वो ग्राहक थे. इमरान ने पैसों के लिए मेरा जिस्म उनको एक रात के लिए दे दिया था. उस पूरी रात मैने बहुत कोशिश की के भाग जौ. लेकिन मैं उनकी गिरफ़्त में था.

उन चारो ने मुझे सारी रात छोड़-छोड़ के मेरी गांद का भोंसड़ा बना दिया. किसी ने मूह मैं पानी निकाला, तो किसी ने गांद पे. एक ने तो हद ही कर दी. वो लंड गांद में डाल के पेशाब करने लग गया. मुझे तो लगा मेरी गांद फटत ही जाएगी आज.

उस रात को चुदाई के बाद मैं उन चारो के बीच में एक ज़िंदा लाश की तरह पड़ा था. मेरे अंदर उठने की भी हिम्मत नही थी. फिर मैं सो गया. सुबा उठा, तो इमरान पीछे से मेरी गांद मार रहा है.

इमरान: मेरी रंडी उठ गयी? बिल्कुल सही टाइम पे उठी है. अब रेडी हो जेया नाश्ते के लिए.

फिर इमरान से लंड गांद से निकाला, और मूह में घुसा दिया. उसने अपना पानी निकाला, और मुझे सारा पीना पड़ा.

इमरान: अब उठ के नहा धो ले, आज बहुत लोग आएँगे तेरे लिए.

मे: नही ये तुम ग़लत कर रहे हो.

इमरान ने एक थप्पड़ मारा

इमरान: आबे रंडी, तू अब मेरी है. तेरी चुदाई की बहुत वीडियो बनाई है मैने. अब अगर मेरी बात ना मानी तो सबको दिखा दूँगा. फिर तेरी क्या इज़्ज़त रह जाएगी? चल अब उठ कर नहा धो ले. थोड़ी देर में लोग आ रहे है.

मैं चुप-छाप उठ कर नहाने चला गया. फिर वापस आके मैं नंगा बेड पे वेट कर रहा था. उस दिन कोई 10 लोगो ने मुझे छोड़ा रात के 1 बजे तक. एक-एक करके भी आ रहे थे वो, और ग्रूप में भी.

मुझे तो सब अपने एरिया के लोग लग रहे थे. सबकी शकल जानी पहचानी लग रही थी. एक तो मेरे पड़ोसी अंकल ही थे. उस दिन से लेकर अगले 10 दिन मेरी खूब चुदाई हुई. इमरान ने बहुत पैसे कमाए मेरी गांद से. जब घर वाले वापस आ गये, तो बस इमरान आता था रात को. फिर वो चुपके से छोड़ कर चला जाता था.

या किसी ने अगर ज़्यादा पैसे दिए, तो वो मुझे उसके घर ले जाता था. जब भी घर वाले मुल्क से बाहर जाते, इमरान मुझे बेच देता उन दीनो के लिए.

मेरी एरिया में ऐसी रेप्युटेशन बन गयी थी, के गली के लोग कभी-कभी मुझे बाहर ही पकड़ के ले-जाते थे, और कोने मैं छोड़ देते थे. ये सब कुछ अगले 5-6 तक चला. उसके बाद मुझे भी चुदाई के बगैर मज़ा नही आता.

मैं एंड में वाहा से शिफ्ट हो गया, और मुझे दूसरे शहर में जॉब मिल गयी. वो भी बॉस का लंड चूसा तब जाके मिली. दूसरे शहर में अपनी मर्ज़ी से लोगो से मिलता था. और आज तक मरवाता हू.

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