मजबूर हो कर चोदना पड़ा मॅनेजर को

ही, मेरा नामे संजय ख़ान है. मैं कोलकाता का रहने वाला हू. आगे 27, हाइट 5.8 फीट है. मैं मस्क्युलर हू, आंड डेली जिम जाना मेरी रुटीन में है. ये कहानी तब की है जब मैं ग्रॅजुयेशन ( उस वक़्त की आगे थी मेरी 22) कंप्लीट करके इंडस्ट्री में नया-नया आया था.

दरअसल बहुत जगह इंटरव्यू देने का बावजूद भी सभी जगह से रिजेक्ट किया जेया रहा था. वैसे दिखने में मैं काफ़ी हॅंडसम आंड गुड लुकिंग हू. बॉडी लॅंग्वेज आंड कम्यूनिकेशन भी अछा है. बुत फिर भी ना-जाने क्यूँ सारी कंपनीज़ के हाइरिंग मॅनेजर्स क्यूँ मुझे रिजेक्ट करते थे. अब ज़्यादा बकवास नही करते हुए आते है हम स्टोरी पे.

हर रोज़ की तरह आज भी मेरा एक जगह इंटरव्यू फिक्स्ड था. मैं काफ़ी खुश था क्यूंकी इस बार मैने पूरी तैयारी के साथ गया था. इंटरव्यू पर जेया कर मैं 1स्ट्रीट रौंद में सेलेक्ट भी हो गया था. लेकिन बाकी था ह्र रोऊँ.

यहा ह्र मॅनेजर कुछ फर्दर क्वेस्चन्स करती (इस कंपनी का ह्र मॅनेजर लॅडीस थी), और उसके बाद जॉब कन्फर्म था. ह्र मॅनेजर का रौंद दोपहर को आफ्टर लंच ब्रेक को होना था. मैं बाहर जेया कर लंच करके आया. फिर सारे लोगों का ह्र रौंद हो गया था. जब मेरी बारी आई तो एक स्टाफ आके बोले-

स्टाफ: माँ तुम्हे बुलाई है.

जब मैं गया तब थोड़ी शाम हो गयी थी. ह्र मॅनेजर को तोड़ा काम था, तो उन्होने अपने कॅबिन के बाहर मुझे 2 घंटे तक बिताए रखा. करीबन 6 बजे मुझे अपना कॅबिन के अंदर बुलाई. फिर कुछ क्वेस्चन्स किए, और वो बातें कुछ मैं नॉर्मल बातों के जैसे लिख रहा हू नीचे-

मे: गुड ईव्निंग माँ.

ह्र मॅनेजर: गुड ईव्निंग, टेल मे अबौट युवरसेल्फ.

मैने अपना इंट्रोडक्षन दिया. फिर उन्होने कहा-

ह्र मॅनेजर: अछा एक ऐसे बात बताओ जिसकी वजह से मैं तुम्हे इस कंपनी के लिए हीरे करू?

मे: क्यूंकी मैं काबिल हू, आंड हारद्वोर्क भी करता हू, आंड स्किल्स भी है काफ़ी मेरी पास.

ह्र मॅनेजर: आपको हीरे करने के लिए मुझे कुछ ऐसा नही दिख रहा, की जिसके आधार में आपको मैं हीरे करू.

मे: सॉरी माँ मैं समझा नही.

ह्र मॅनेजर: तुम्हे क्यूँ हीरे करू, और कैसे विश्वास करू, की तुम स्किल्ड पर्सन हो?

मे: माँ आप मुझे जिस तरह का टेस्ट हो ले सकती हो. मैं देने को तैयार हू. अगर कुछ टास्क हो तो मैं वो फ्री में भी करने को तैयार हू. माँ बस एक बार आज़मा कर तो देखिए.

मेरे ये कहने की देर थी की उसने कहा-

ह्र मॅनेजर: कुछ भी करने को तैयार हो?

मे: हा माँ, आप जो भी करवाना चाहती हो मैं करूँगा ये जॉब पाने के लिए.

ह्र मॅनेजर: क्या मजबूरी है तुम्हे. इतने हॅंडसम हो, आंड काफ़ी अट्रॅक्टिव दिखते हो. फिर भी क्यूँ इतनी भीख माँग रहे हो जॉब के लिए?

मे: माँ मेरे घर में कुछ मजबूरी है, आंड मुझे अपनी स्टडी आयेज भी करनी है. लेकिन घर से नही ले सकता पैसे. तट’स वाइ मुझे काम चाहिए.

उसने ये बात सुन कर तोड़ा सोचा. फिर मुझे अपना एक कार्ड दिया, जिसमे उसका अड्रेस, नामे, आंड मोबाइल नो. था. और देने के बाद उसने कहा-

ह्र मॅनेजर: मेरा नामे इसरा ख़ानम है, और ये रहा मेरा अड्रेस. तुम इस अड्रेस में कल आ जाना दोपहर को. आने के बाद मैं कुछ काम दूँगी तुम्हे करने को. उसके बाद ही डिसाइड करूँगी तुम काम के लायक हो या नही. तुम अगर मुझे खुश कर दिए, तब तो ये जॉब तुम्हारा पक्का.

मैने हा में सर हिला दिया, और खुशी-खुशी घर वापस आ गया. अगले दिन दोपहर 12 बजे इसरा ख़ानम (ह्र मॅनेजर) के बताए हुए अड्रेस में पहुँच कर उनको फोन किया, तो उन्होने दरबान को बताया “इन्हे आने दीजिए”.

अपार्टमेंट का अंदर ब्लॉक द में था इसरा का घर. मैने उसके फ्लॅट के पास जेया कर बेल बजाई. वो गाते खोली, और फिर मैं अंदर गया. अब आयेज-

ह्र मॅनेजर: जो टाइम बताई थी मैं, ठीक उसी टाइम पर तुम पहुँच गये. मुझे अछा लगा.

मे: माँ क्या काम था बताइए, मैं कर देता हू .

अब आयेज मैं ह्र मॅनेजर को उनके नामे से लिखूंगा.

इसरा: ओके, छाई या कॉफी?

मे: कॉफी.

इसरा: ओके, मैं लेकर आई.

कॉफी ला कर उसने ऐसे मेरी पैंट पर फेंक दी, जैसे के उसने ये जान-बूझ कर किया हो. लेकिन मैने खुद को समझाया, की नही ग़लती हुई होगी उनसे.

इसरा: ई आम वेरी-वेरी सॉरी.

बोल कर वो एक कपड़ा भिगो कर मेरी पंत पोंछने लगी. फिर पोंछते-पोंछते उसने मेरा 8 इंच लंबे आंड 2.5 इंच मोटे लंड को पंत के उपर से ही दबा दिया. मैं आअहह करके चीख दिया.

इसरा: क्या हुआ, अन्य प्राब्लम?

मे: कुछ नही, वो गरम कॉफी गिरने की वजह से शायद थोड़ी तकलीफ़ हो रही है, और पंत गीली भी हो गयी है. क्यूँ ना मैं घर जेया कर चेंज करके आ जौ?

इसरा: अर्रे मेरे पास एक बॉक्सर है. दरअसल मेरा छ्होटा भाई और बेहन आए हुए थे, तो मेरा भाई अपने 3-4 बॉक्सर्स छ्चोढ़ के चला गया. इफ़ योउ डॉन’त माइंड, तुम एक लेकर पहन लो.

मे: बुत वो वर्क?

इसरा: वो तो तुम वैसे भी कर सकते हो .

मे: ओके दीजिए.

मैं वॉशरूम गया चेंज करने को, और ग़लती से वॉशरूम लॉक करना भूल गया था. उनका टवल भी गीला था, तो मैं बिना टवल के ही चेंज कर रहा था. तभी वो ग़लती से अंदर आ गयी, और मेरा पूरा नंगा लंड देख लिया. वो मूह खोल करके देखती रही, और करीबन 6 मिनिट्स देखने के बाद उसने कहा-

इसरा: संजय कितना बड़ा है तुम्हारा. आज तक कितनो को छोड़े हो, सच बताना?

उसके मूह से चुदाई का बात सुन के मैं तो हैरान हो गया था, और फ्रीज़ हो कर खड़ा रहा 30 सेकेंड्स तक. फिर उसने वापस से पूछा, तो मैने कहा-

मे: 1 को भी नही. कोई लड़की भाव देती ही नही.

इसरा: झूठे, इतने हॅंडसम हो, फिर भी.

मे: सब सोचती है मेरी ऑलरेडी गर्लफ्रेंड है. तो कोई पूछती ही नही. तो चुदाई करने की तो डोर का बात है .

मेरे ये कहने की देर थी की इसरा ने आ कर मेरे लंड को कस्स कर पकड़ लिया. जैसे की वो कोई खिलोना हो, और खेलने लगी. ऐसे करने लगी जैसे की कोई छ्होटे से बच्चे को उसका फॅवुरेट खिलोना दे दिया हो, और उसे सहलाने लगी. फिर कस्स के पकड़ के मेरा लंड आयेज-पीछे करने लगी, और कहने लगी-

इसरा: आज तो मुझे मिल गया. मेरा आ बुझाने वाला. मेरी हवस की आग को शांत करने वाला. क्या तुम मुझे छोड़ कर खुश कर सकते हो?

मे: बुत माँ ये तो ग़लत है ना, ये गुनाह है.

इसरा: जब आग लगी हो ना पेट में, तब क्या सही क्या ग़लत नही देखना चाहिए. वैसे लगता है तुम्हे जॉब की कोई ख़ास ज़रूरत नही है.

और वो ज़ोर से मेरा लंड दबा दी.

मे: आहह आहह दर्द हो रहा है माँ, आहिस्ते कीजिए.

इसरा: तुमने कहा नही? लगता है तुम्हे जॉब का ज़रूरत नही है.

मैने कुछ देर सोचा. फिर उससे कहा-

मे: माँ आप जिसको छोड़ने बोलॉगी मैं छोड़ूँगा. चाहे आपको, या फिर अपनी मा को, जिस किसी की भी छूट में मेरा लंड डालने बोलॉगी मैं डालूँगा. बुत माँ आप मुझे काम में रख लेना इसके बदले में.

इसरा: वो तो डिपेंड करता है तुम कितना आचे से छोड़ पाओगे मुझे. जितना खुश करोगे मुझे, मैं उतनी ही अची पोस्ट दूँगी तुम्हे.

( दरअसल इसरा हमारी ब्रांच की ह्र थी, आंड कंपनी के सेयो की एक लौटी बेटी थी).

मैने हा कह दिया, और हा कहने के ही देरी थी की वो टूट पड़ी मेरे लंड के उपर. फिर एक झटके में मेरे 8 इंच लंबे, और 2.5 इंच मोटे लंड को आधा अपने मूह में ले लिया, और छ्होटी बच्ची जैसे आइस क्रीम चूस्टी है, वैसे चूसने लगी.

वो अपने दिल में कहने लगी, “ओह मी गोद, आज तो मेरी किस्मत अची है, की पहली बार किसी लड़के का लंड देखने को मिला, और चूसने को भी. काफ़ी दीनो से वाइब्रटर और डिल्डो से काम चलना पड़ता था. अब से मैं इसकी चाँदी ही चूसूंगई, और अपनी कोमल सी छूट में इसी को लूँगी, जब भी मेरा मॅन करे.

और वो चूस्टे हुए कितनी अची लग रही थी यार. मानो उसने मुझे दुनिया का सबसे हसीन सुख दिया उस वक्त, वो भी मेरी जॉब के बदले में. 10 मिनिट लंड चूसने के बाद वो अपने पूरा कपड़े उतार के नंगी हो गयी. उसने मेरा भी उपर का आउटफिट उतार दिया. मैं भी पूरा नंगा उसके सामने खड़ा था.

फिर वो अपने कोमल से होंठ मेरे रफ होंठो पर रख कर चूसने लगी. मेरी तो खुशी की कोई सीमा ही नही थी उस वक़्त. फिर 15 मिनिट किस करने के बाद वो मुझे खींच कर अपने बेडरूम ले गयी, आंड अपने बेड पर पैर फैला कर लेट गयी और कहने लगी-

इसरा: छातो मेरी इस कोमल सी छूट को संजय. आंड चाट-चाट कर मेरे को भी खुश करो, जैसे मैने तुम्हारा चूस-चूस कर तुम्हे खुश किया है.

मैं भी काफ़ी गरम हो गया था उसका लंड चूसने की कारण से. तो मैं बिना कुछ सोचे-समझे उसकी छूट के लिप्स पर अपने लिप्स रख कर चूसने लगा. यार उसकी छूट का टेस्ट तो नमकीन था, लेकिन चाटने के वक़्त ऐसा लग रहा था, जैसे की मैं कोई आम को चूस-चूस कर खा रहा था. उसकी सेक्सी आवाज़े तो मुझे और भी ज़्यादा उत्तेजित कर रही थी.

इसरा: आअहह आआहह आअहह कैसे चाट रहा है बे सेयेल बहनचोड़. कभी अपनी बेहन का छूट नही छाता बहनचोड़. सही से चाट, भड़वा सला.

मैने गुस्से में आ कर उसकी छूट के लिप्स को दाँत से दबा दिया, और वो ज़ोर से चीख पड़ी.

इसरा: आ मम्मी मार दिया रे.

उसे ऐसे सिसकी लेते हुए देख कर मुझे और भी जोश आ गया, तो मैं अपनी जीभ के साथ-साथ एक हाथ से उंगली करने लगा, और दूसरे हाथ से उसकी मुलायम चूची को दबाने लगा.

क्या बतौ यार कितने मुलायम थे उसका बूब्स. दिल कर रहा था मैं उसकी छूट ऐसे ही चाट-ता राहु, और दूसरे हाथ से ऐसे ही बूब्स दबाता राहु. और वो पानी के बिना मछली जैसे तड़पति हुई कहने लगी-

इसरा: अया अया अया ऐसे ही चाट मेरी छूट को छूतिए. चाट कुत्ते.

और फिर उसका बदन अकड़ सा गया. उसके बाद उसने ढेर सारा पानी मेरे मूह में फेंक दिया, और वो अधमरी सी लेती रही. उसका आधा पानी मेरे मूह के अंदर जाने की वजह से मुझे उसका टेस्ट पता चला. पानी टेस्टी होने की वजह से बाकी के बचे हुए पानी को मैने उसकी छूट और जांघों को चाट-चाट कर सॉफ कर दिया.

अभी के लिए इतना ही. आयेज के पार्ट में मैं बतौँगा की कैसे इसरा ने पहली बार किसी असली लंड को अपनी छूट में लिया, और खुश हो कर उसने मुझे अपनी ब्रांच के जनरल मॅनेजर की पोस्ट दिलवाई. उसके बाद उसने अपनी छ्होटी बेहन को भी मुझसे चुडवाया.

तब तक के लिए बाइ.

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