मा और बेटे की चुदाई की हॉट सेक्सी कहानी

हेलो फ्रेंड्स, क्या हाल है आप सब के? मैं एक बार फिर हाज़िर हू अपनी रियल स्टोरी के अगले पार्ट के साथ. अगर किसी ने इस स्टोरी के पहले पार्ट्स नही रेड किए है, तो उन्हे ज़रूर रेड करिए. उनमे मैने बताया है की कैसे पहले मेरा बेटा स्टडी कंप्लीट करके घर वापस आया, और हम दोनो कैसे बाहर घूमने गये.

फिर हमने मोविए देखी, शॉपिंग की, और फिर मेरे बेटे ने मुझे प्रपोज़ कर दिया. उसके बाद कैसे हमारे बीच लीप किस हुई, और फिर घर जेया कर मैने उसका लंड सक किया और उसने मेरी छूट छाती. लेकिन तभी मेरी बेटी आ गयी थी, तो हमे रुकना पड़ा था. अब आयेज.

हा तो दोस्तों मैने अपनी बेटी को हग करके जाने लगी. वो सब पहले तो मैने नोटीस किया. लेकिन फिर मैने इग्नोर कर दिया, बिकॉज़ उस टाइम तो बस मुझे मेरे बेटे का लंड दिख रहा था. तो मैं जाती हू अपने रूम में.

वाहा राज मेरी वेट कर रहा होता है. मैं अंदर जाती हू गाते ओपन करके, साथ ही ये बोल के “राज मैं आ गयी”. तो वो मुझे देख के खुश हो जाता है. मैं डोर लॉक कर देती हू, और हम दोनो झट से गले लग जाते है. जैसे पता नही कितने सालों बाद मिले हो. क्यूंकी हम दोनो से ही नही रहा जेया रहा था.

हमने ज़ोर से एक-दूसरे को हग किया, और हग करते टाइम ही उसने मेरी नेक पर किस किया, जिससे मैं पूरी हिल गयी, और फिर मैने उसको और ज़ोर से पकड़ लिया और बोला-

मे: राज मेरे बेटे. मी बाय्फ्रेंड. ई लोवे योउ सो मच. अब मत तड़पाव मुझे.

वो बोला: ई लोवे योउ सो मच मी मों. मी ब्यूटिफुल गर्लफ्रेंड. मुझसे भी नही रहा जेया रहा.

और हग करते टाइम उसका मोटा लंड मुझे अपनी जांघों में महसूस हो रहा था. फिर उसने मुझे उठाया और बेड पर पटक दिया. उसके बाद वो मेरे उपर आया, और पहले तो मुझे एक लीप किस दिया ज़ोरदार वाला जिसमे मैने भी उसका पूरा साथ दिया.

हम दोनो बहुत ही पॅशनेट किस कर रहे थे. और वाइल्ड भी, जिसके साथ ही साथ वो मेरे बूब्स और छूट को फिरसे सहलाने लगा. इससे मैं फिर गरम हो रही थी, और सेक्स के लिए और पागल हो रही थी. फिर उसने मेरी निघट्य फाड़ डाली. वो वाइल्ड सेक्स कर रहा था जोश वाला. जो मुझे भी अछा लगा रहा था.

उसने एक हाथ से मेरा एक बूब दबाया, और दूसरा अपने मूह में ले लिया, और सक करने लगा मेरे बूब्स और निपल. कभी वो एक रिघ्त वाले बूब को चूस्टा, कभी लेफ्ट वाले बूब को चूस्टा, और फिर ऐसे ही करते-करते मेरी नाभि पर आ गया, और सक करके लगा.

मैं तो पागल हुए जेया रही थी, और अपने बेटे के सर पर ज़ोर-ज़ोर से हाथ फिरा रही थी. मैं साथ ही साथ उसको “कम ओं बेबी आहह, और चूस मेरे बेटे, अहहा आह” की ज़ोर-ज़ोर से आवाज़े निकालने लगी.

वो बोला: मम्मी तोड़ा धीरे, रूपाली सुन लेगी.

तो मैं बोली: नही सुनेगी, वो अब सो गयी होगी. और मुझे करने दे. मैं बहुत सालों से प्यासी हू. मैं खुल के चूड़ना चाहती हू, और जो आवाज़ निकल रही है, उन्हे निकालने देना चाहती हू. निकालने दो इन्हे. तू बस मेरी चुदाई कर ज़ोरदार वाली आ आ.

उसके बाद उसने एक बार अपनी जीभ मेरी छूट पर लगा दी. इससे मैं पूरी हिल गयी, और उसके सर को अपनी छूट में दबाने लगी. अब वो मेरी छूट छाते जेया रहा था, और यहा मैं पागल हो रही थी.

मैने एक हाथ उसके सर पर रखा हुआ था, और एक हाथ से कभी बेड शीट पकड़ लेती, और कभी अपने एक बूब को पकड़ लेती और उसे ज़ोर-ज़ोर से दबाने लगती. वो भी अपनी जीभ और फिंगर से मेरी छूट में अंदर-बाहर कर रहा था, जिससे मैं बहुत ज़्यादा गरम हो गयी थी. मैं पूरी हिल रही थी.

फिर 15-20 मिनिट्स तक उसने मेरी छूट छाती, और फिर मैं झड़ने की कगार पर आ गयी थी एक बार फिर. क्यूंकी दोस्तों मुझे बीच में ही जाना पड़ड़ गया था, तो मैं थोड़ी ठंडी तो हो गयी थी, तो फिरसे गरम होना ज़रूरी था. हा तो मैं झड़ने की कगार पर थी, और मैने बोला अपने बेटे से-

मे: और ज़ोर से चूस मेरे बेटे. प्लीज़, प्लीज़ डॉन’त स्टॉप. मैं झड़ने वाली हू.

वो भी नही रुका, और ज़ोर से चूसने लगा मेरी छूट को. स्लर्प-स्लर्प की आवाज़ आ रही थी चूसने की. फिर आहह अया करते-करते मैं उसके मूह में झाड़ गयी. अब मेरी साँसे बहुत तेज़ चल रही थी.

मैने उसके सिर को पकड़ा और उसको उपर किया, और खींचा, और हम दोनो एक-दूसरे की आँखों में देख रहे थे, और हम दोनो खो गये थे बस एक-दूसरे में.

वो मेरा सारा छूट का रस्स पी गया और मैने उसको ज़ोरदार लीप किस दिया. मैने उसके होंठ को तोड़ा काट भी लिया (लोवे बीते दे दी थी) बिकॉज़ मैं आज बहुत खुश थी उससे. उसने मुझे बिना छोड़े ही 2 बार झाड़ दिया. अभी तो उसका मोटा और लंबा लंड लेना बाकी था.

तो मैने उसे किस किया और बोला: ई लोवे योउ बेटा. मैं तेरी दीवानी हो गयी हू, और छोड़ दे मुझे इस मोटे लंड से. अब रहा नही जेया रहा.

उसने भी मुझे किस किया और अपना मोटा लंड पहले तो मेरे मूह में दिया जिसे मैने आचे से चूसा और गीला कर दिया. फिर उसने पहले तो अपना लंड मेरी छूट के उपर रख के फिराया सिर्फ़ उपर से.

वाह, क्या एहसास था वो. एक जवान लड़के का लंड मेरी छूट के उपर था वाह. फिर तोड़ा सिड्यूस करके जब मुझसे बिल्कुल रहा नही जेया रहा था, तो मैने बोला-

मे: प्लीज़ बेटा मत तडपा मुझे. अब डाल दे ना अपना लंड अंदर मेरी छूट में.

फिर उसने मेरी टांगे चौड़ी की. मेरी छूट तो पहले ही मेरे नमकीन रस्स से गीली थी, और उसका लंड भी गीला था. तो उसने मेरी छूट पर लंड रखा और अंदर डाला. आआहह, मेरे मूह से चीख निकल गयी ज़ोर से.

उसने बोला: क्या हुआ मों? अभी तो हाफ लंड ही गया है अंदर. आपकी छूट बहुत टाइट है मों एक दूं यंग लड़की की तरह. मुझसे रहा नही जेया रहा था, और तोड़ा दर्द भी हुआ जैसे मैं पहली बार चुड रही थी. शायद ये इसीलिए क्यूंकी बहुत सालों से मैने कोई लंड नही लिया था. और अब मिला भी तो इतना मोटा और लंबा.

फिर मैं तोड़ा नॉर्मल हुई, और उसे बोला : की अभी हाफ ही गया है. वाह बेटा, कितना बड़ा है तेरा लंड. मुझे तो आज जन्नत मिल जाएगी. डाल दे बच्चा हुआ लंड भी अंदर और फाड़ दे अपनी मा की छूट.

सोन: सच मा. चलो फिर तोड़ा और दर्द होगा. सॉरी मों.

मों: इट’स ओक बेटा, इस दर्द के लिए मैं कब से तड़प रही थी. कोई नही डाल दे अब अपना लंड.

फिर उसने अपना बचा हुआ लंड भी एक झटके में अंदर डाल दिया. आअहह, मेरी और ज़ोर से चीख निकल गयी, और आइज़ से आँसू भी निकल रहे थे. शायद ये खुशी के आँसू थे.

मेरा बेटा बोला: मों आप ठीक हो ना? बोलो तो मैं रुक जाता हू. आपको दर्द हो रहा है.

मैं बोली: पागल ये दर्द के लिए तो मैं तड़प रही थी. तू ब्स छोड़ अपनी मा को. रुक मत, छोड़ता रह. धीरे-धीरे दर्द कम हो जाएगा. तेरा है भी तो इतना बड़ा और मोटा.

फिर वो उसने अंदर-बाहर करना स्टार्ट कर दिया और मैं यहा सातवे आसमान में थी.

मे: आहह आ फक मे बॉय, आहह.

उसने अपने धक्के तेज़ कर दिए, और बीच-बीच में हम दोनो लीप किस करते रहे.

मे: क्या छोड़ता है मेरा बेटा.

पहले तो मैं नीचे थी, और मेरा बेटा उपर से लंड डाल रहा था. फिर उसने पोज़िशन चेंज करी. उसने मेरी एक टाँग अपने शोल्डर पर रख दी, और मुझे छोड़ने लगा.

मे: आहह श, क्या लंड है मेरे बेटे का.

सीधा मेरी छूट के आखरी हिस्से में टकरा रहा था. ऐसे करते-करते करीब 25 मिनिट की घमासान चुदाई के बाद मैं बोली-

मे: मैं झड़ने वाली हू बेटा.

उसने भी बोला: मैं भी मा. बताओ अपना माल कहा छ्चोढना है. तुम्हारी छूट में ही डाल डू अपना सारा माल.

मैं बोली: अभी नही, जब डलवाना होगा तुम्हारा माल, तब बता दूँगी.

अभी जब आने वाला हो तो मेरे मूह में डाल देना. मैं इस रस्स को पीना चाहती हू. उसने अपने धक्को की स्पीड और तेज़ कर दी. इधर मैं भी उसका फुल सपोर्ट कर रही थी. ऐसे करते-करते पहले मैं झाड़ गयी.

फिर उसने जल्दी से अपना लंड निकाला और सीधा मेरे मूह में दे दिया, और मेरे मूह को छोड़ने लगा ज़ोर-ज़ोर से.

फिर अपना बहुत सारा माल मेरे मूह में भर दिया गरम-गरम. वाह क्या माल था मेरे बेटे का, एक-दूं गाढ़ा और नमकीन. और मेरा तो पूरा मूह ही भर गया था, जिसे मैं सारा गतक गयी. फिर वो मेरे उपर ही लेट गया, उर मैं उसको बोली-

मे: वाह बेटा, तू क्या तरीके से सेक्स करता है. बहुत दीनो बाद चूड़ी हू मैं ऐसे. और ऐसे तो तेरे पापा मुझे कभी नही छोड़ पाते थे. अब तू मेरा ही है हमेशा के लिए, और मैं तेरी.

और फिर उसने मुझे लीप किस किया और बोला: ई लोवे योउ मी ब्यूटिफुल मों, मी गर्लफ्रेंड. हम दोनो हमेशा ऐसे ही चुदाई करेंगे, और अभी तो देखो मैं आपको कैसे-कैसे छोड़ता हू, और कहा-कहा छोड़ता हू.

मैने बोला: अछा बेटा? चल फिर तो इंतेज़ार रहेगा. वैसे भी मैं तेरे लंड की दीवानी हो गयी हू. मुझसे कभी डोर मत जाना, मैं तेरे बिना नही रह पौँगी. ई लोवे योउ मी जान, मेरे बेटे.

और फिर उसने मुझे दोबारा लीप किस किया, और मैं उसका साथ देने लगी.

इसके आयेज की कहानी, अगले पार्ट में. मेरी मैल ईद पर मैल करके अपनी फीडबॅक ज़रूर दे.

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