हेलो दोस्तों, मेरा नाम सें है. मैं 20 साल का गोरा चिकना लड़का हू जिसका बदन बिल्कुल स्मूद है, ना ही ज़्यादा मोटा ना ही ज़्यादा पतला, फिट बदन है. 5’7″ हाइट है.
ये कहानी मेरी पहली चुदाई की है, जब मैं 19 साल का हुआ ही था. मेरी जॉइंट फॅमिली है. मेरे घर वालो की हमारे मोहल्ले में सबसे अची बात-चीत होती है.
बचपन से ही हमारे घर के पास एक फोटो स्टूडियो है, जिसके मालिक (प्रकाश भैया) मेरी बचपन से ही नये-नये कपड़ों में पिक लेते रहते थे. वो हमेशा मेरी फोटो को अपनी शॉप पर लगाया करते थे क्यूंकी मैं बचपन से ही बहुत क्यूट था, और आज भी कुछ कम नही हू.
घर का सबसे छ्होटा लड़का होने से सब का लाड़ला भी रहा हू. इसलिए जब मैं 19 साल का हुआ, तब मेरे घर वालो ने एक होटेल में पार्टी रखी थी, जहाँ हमारे सभी रिश्तेदार और पड़ोसी भी आए थे.
पार्टी बहुत आचे से पूरी हो गयी. बहुत से गिफ्ट आए थे. मैं प्रकाश भैया को ज़्यादातर यार या दोस्त ही बोलता था. अगले दिन प्रकाश भैया आए.
मैं: आपका गिफ्ट कहाँ है यार?
प्रकाश: सॉरी सें यार, मुझे कुछ दिन से टाइम ही नही मिला तेरे लिए कुछ खरीदने का. चल तेरा गिफ्ट मेरे पास उदार रहा, जल्द ही दूँगा. अब तो कुश है?
हम दोनो गले मिल कर अपने घर चले गये. 15 दिन बाद प्रकाश मेरे घर आया. उस दिन मेरी कॉलेज की छुट्टी भी थी, इसलिए मैं पुर दिन के लिए फ्री था.
प्रकाश भैया 35 साल के सावले और तोड़े मोटे मर्द है. बदन पर बहुत हल्के-हल्के बाल और 5’9″ हाइट. बहुत मज़किया नेचर के साथ स्मार्ट भी बहुत है.
प्रकाश: सें जल्दी से रेडी हो जेया. आज तेरी छुट्टी भी है, तो हम दोनो मोविए देखने चलते है. फिर बाहर मार्केट में घूम कर तेरे लिए कुछ गिफ्ट भी लेते है, और बाहर ही खाना खाएँगे.
मैं: बस-बस, और क्या-क्या है लिस्ट में?
भैया: बस तू देखता जेया, तेरे पापा और मम्मी को मैने रात में ही बोल दिया था, बस अब तू रेडी हो जेया जल्दी.
मैं जल्दी से रेडी हो कर भैया के साथ उनकी बिके पर पूरा दिन एंजाय करने के लिए चला गया. हमने बाहर बहुत मज़े किए. शाम के 5 बजे भैया मुझे अपने स्टूडियो ले गये.
प्रकाश: और कैसा लगा आज का सर्प्राइज़?
मैं खुशी से भैया के गले लग गया.
मैं: बहुत अछा लगा यार. ये सर्प्राइज़ मेरा अभी तक का सबसे अछा सर्प्राइज़ है. थॅंक योउ यार.
प्रकाश: अभी थॅंक्स मत बोल, अभी एक और सर्प्राइज़ है.
मैं ( खुश होते हुए): एक और, वो क्या है?
प्रकाश: यार तुझे तो पता है मैं कब से किसी मॅगज़ीन या कॅलंडर शॉट के लिए ट्राइ कर रहा था. आज मेरे पास वो मौका मिला है. लेकिन मेरे पास कोई माले और फीमेल मॉडेल नही है. क्या तू अपना शॉट कराएगा? प्लीज़ माना मत करियो.
मैं: लेकिन मैं कैसे?
प्रकाश: यार तेरी पिक मैं बचपन से ले रहा हू. मैने आयेज कंपनी को सेंड करी थी, तो वो बहुत खुश हुए तुझे देख कर.
मैं बहुत खुश था, ये सोच कर की मेरी फोटो मॅगज़ीन में आएगी. इसलिए मैने बिना सोचे हा बोल दिया. भैया ने मुझे माले ड्रेस दी और मैं अलग-अलग पोज़ में शूट करवाने लगा.
30 मिनिट के बाद भैया ने बोला-
भैया: चलो माले पार्ट तो हो गया, अब कोई लड़की मिल जाए जो शूट करवा ले.
मैं: कब तक देनी है पिक आपको?
भैया: कल शाम को देनी है यार. इतनी जल्दी कोई लड़की कहाँ से मिलेगी? कब मैं शूट करूँगा और कब ये पिक्स एडिट करके सेंड करूँगा? इतना बड़ा मौका हाथ से निकल ना जाए यार.
भैया बहुत टेन्षन मैं थे. मैं कुछ बोलता उससे पहले ही वो बोले: यार तू करवा ले, किसी को पता नही चलेगा, तेरा बदन तो लड़कियों से भी ज़्यादा गोरा और चिकना है.
मैं: यार क्या बोल रहे हो? मेरा फेस अगर किसी ने देख लिया तो पंगा हो जाएगा.
भैया: तू टेन्षन मत ले, मैं जब एडिट करूँगा, तब फेस हटा दूँगा और अभी तू फेस पर नकाब पहन ले. अब तो ठीक है, माना मत कर यार.
मैने कुछ देर सोचा और फिर हा कर दिया. भैया एक सलवार सूट, नकली बाल, बूब्स, फिट वाली ब्रा, और हील की सॅंडल लेकर आए. मैं रूम में जल्दी से रेडी हो कर भैया के सामने आया (भैया के स्टूडियो में एक चेंजिंग रूम भी है).
भैया: बहनचोड़, सला कसम से कोई नही बोल सकता तू लड़का है.
मैं बहुत ज़्यादा शामरा रहा था. भैया मेरे पास आए और मुझे पोज़ बता कर फोटो लेने लगे.
भैया: ये ले अगले पोज़ की ड्रेस.
उन्होने मुझे एक जाली वाली ड्रेस और एक ब्रा और पनटी देकर उसमे शूट के लिए बोलने लगे.
मैं: लड़के वाला शूट तो एक ही ड्रेस का था, फिर इसमे ऐसा क्यूँ?
भैया: यार तुझे तो पता है जब तक लड़की का बदन ना दिखे, फोटो लोग पसंद नही करते.
मैं चेंज करके आया, लेकिन मैने जाली वाली पंत के नीचे मेरी ही अंडरवेर ही पहने रखा. मेरे उपर का बदन एक जाली वाली शर्ट में ब्रा के अंदर क्या मस्त लग रहा था.
भैया: आबे क्या यार तू भी. अंडरवेर क्यूँ डाल रखी है? पनटी पहन ले ना.
मैं: पनटी में तो आयेज-पीछे का सब नज़र आ जाएगा.
भैया: उसकी टेन्षन तू मत ले, वो मैं पोज़ ही ऐसे कार्ओौनगा की किसी को कुछ नही पता चलेगा.
अब फिर से मैं चेंज करके आ गया. मैं बहुत शर्मा रहा था. मैं अपने हाथो से गांद और लंड को च्छूपा रहा था. मैने डार्क लाल ब्रा और पनटी के उपर वाइट जाली वाली शर्ट और पंत पहनी हुई थी, जिसमे मेरा बदन गांद जाँघ सब नज़र आ रहा था.
भैया मुझे घूर-घूर के देखे ही जेया रहे थे. जैसे कक्चा ही खा जाएँगे.
भैया: क्यूँ शर्मा रहा है. तुझे तो मैने बचपन में कितनी बार नंगा देखा हुआ है.
ये बोल कर भैया ने मेरे हाथ डोर कर दिए. मुझे बहुत शरम आ रही थी. भैया ने मुझे उल्टा घूम कर भैया की और देखने का बोला, जिसमे मेरी गोरी-गोरी गांद ड्रेस में सॉफ दिख रही थी.
मैं कभी उल्टा खड़े-खड़े कमर पर हाथ रख कर तो कभी साइड मूड कर अलग-अलग पोज़ बना रहा था. और बार-बार भैया “वेरी गुड यार वेरी गुड” बोल-बोल कर नये-नये पोज़ बनवा रहे थे.
भैया: . . है, तू उपर की शर्ट खोल, मैं पिक . हू.
मैने भी शर्ट धीरे-धीरे खोलते हुए पोज़ बना-बना कर फोटो लेने दी. शर्ट खोलते हुए जान-बूझ कर मज़े लेते हुए ब्रा में बूब्स दबा कर पोज़ देने लगा.
भैया: ये हुई ना बात. अब लास्ट पेंट भी खोल. लेकिन उल्टा हो कर. मॅगज़ीन में जान आ जाएगी.
मैं तोड़ा झुक कर पंत निकालते हुए अपनी गांद को देखते हुए पोज़ दे रहा था. भैया ने मुझे सोफे पर दीवार की तरफ फेस करके बैठने को बोला. मैं कुछ ऐसे बैठा था जिससे मेरी गांद सोफे से बाहर लटक रही थी, और दोनो लेग्स घुटने से मोड़ कर फैली हुई थी.
तभी भैया कॅमरा साइड रख कर अपनी शर्ट खोलने लगे.
भैया: बहनचोड़, तेरे पोज़ देख-देख कर बदन में गर्मी चढ़ गयी.
मैने बहुत बार भैया को अंडरवेर में भी देखा था. लेकिन कभी इतना ध्यान नही दिया की भैया है तो बहुत स्मार्ट, हेरी मस्क्युलर बॉडी है भैया की.
भैया मेरे पास आए और पीछे से मेरी ब्रा का हुक खोल कर पनटी को मेरी गांद की दरार में फ़ससन्ड़िया. फिर एक ज़ोर से गांद पर छाँटा मार कर मसल दिया.
मैं: ये करना ज़रूरी है क्या?
भैया: बहँचोड़, लड़की का भी जिस्म नही होता ऐसा. बस तू करने दे जो मैं कर रहा हू, चुप रह बस.
मेरा लंड अब बिल्कुल खड़ा हो चुका था, जिससे पनटी में च्छुपाना मुश्किल था. इसलिए अब मैं उल्टा खड़ा हो गया. फिर ब्रा निकाल कर साइड में रखने लगा, और मेरे कपड़े पहनने के लिए रूम में जाने लगा.
तभी पीछे से भैया आ गये और मुझे सीधा करके गले मिलने लगे. भैया ने मेरे फेस का नक़ाब निकाल कर साइड कर दिया. फिर मेरे गाल पर किस करते हुए बोले-
भैया: सें मेरी जान, तूने तो कमाल कर दिया कसम से. किसी लड़की को लाता उसकी भी ऐसी गांद नही होती जैसी तेरी है.
भैया ये बोलते-बोलते मेरी गांद मसल रहे थे दोनो हाथो से. बहुत ज़ोर-ज़ोर से मसल-मसल कर मुझे कस्स कर गले मिल रहे थे. भैया की इस हरकत से मेरा लंड बहुत टाइट हो गया था, जो पनटी से बाहर निकालने लगा था.
भैया का लोड्ा भी एक-दूं खड़ा था, जो मेरे लोड से टकरा रहा था. उन्होने मुझे सीधा किया और मेरे खड़े लंड को हाथ में पकड़ कर बोले-
भैया: श बेटे की जान, पुर मज़े ले रहा था पोज़ देते हुए. क्या बात है?
मैं भी उनके खड़े लंड की और इशारा करते हुए बोला: आप तो ये बात मत ही बोलो.
भैया: देखेगा क्या तेरे यार का लोड्ा?
मैने कुछ नही बोला तो भैया ने खुद ही पंत निकाल कर अपना लोड्ा मेरे हाथ में रख दिया.
भैया का लोड्ा 6 इंच लंबा, एक-दूं काला, बालों से भरा हुआ था. भैया बिल्कुल नंगे मेरे सामने खड़े थे. मैं बस उनका लोड्ा हाथ में लिए हुए खड़ा था.
भैया ने मुझे धीरे-धीरे नीचे बिताते हुए बोला: पास से देख ले इतना पसंद है तो.
मुझे तो पता नही क्या हो गया था. उनका लोड्ा देख कर पागल सा हो गया था. भैया अपने लोड को मेरे हाथ से हिलवाने लगे.
भैया: मज़े करेगा सें?
मैं: हा, वो कैसे?
भैया: मैं जो बोलू बस वो करते जा.
भैया ने मेरा मूह खोल कर अपना लोड्ा मेरे मूह में दे दिया. मैं बहुत प्यार-प्यार से लॉलिपोप समझ कर चूसने लगा. भैया ज़ोर लगा कर लोड्ा मेरे गले तक डाल रहे थे. चूस्टे-चूस्टे उनके बाल बार-बार मूह में आ रहे थे.
मुझे सोफे पर डॉगी पोज़िशन में करके भैया मेरी गांद को किस करते-करते चाटने लेगे. मैं भी ह्म्म्म्मम आआआ वाह भैया और करो ही बोले जेया रहा था.
भैय साइड खड़े हुए और ड्रॉयर से कॉंडम निकाल कर लोड पर लगाने लगे. उन्होने आयिल लिया और मेरी गांद के च्छेद पर लगाया. फिर अपने लोड पर लगा कर मेरे च्छेद पर लोड का सूपड़ा सेट करते हुए बोले-
भैया: सें दर्द होगा, सहन कर लियो.
फिर उन्होने धीरे-धीरे धक्का देना शुरू करा. सूपड़ा जैसे ही अंदर गया, मेरी गांद फटत कर चार हो गयी. मैं ज़ोर से चिल्लाने लगा. तभी भैया ने मेरा मूह पकड़ लिया और फिर से ज़ोर का झटका दिया और पूरा लोड्ा अंदर कर दिया.
भैया अब बिल्कुल रुक गये थे. जैसे ही मेरा दर्द कम हुआ, वो फिर से धीरे-धीरे झटके देने लगे. वो मुझे सोफे पर मिशनरी पोज़िशन में करके धीरे-धीरे लोड्ा फिर से अंदर डालते हुए धक्के देने लगे. मेरी गांद दर्द तो बहुत कर रही थी. लेकिन मज़े भी बहुत आ रहे थे.
भैया: मेरा लोड्ा मज़ा तो पुर दे रहा है ना दोस्त?
मैं: दर्द है, लेकिन मज़े के सामने कुछ भी नही.
भैया धीरे-धीरे झटके देते-देते मेरी गांद छोड़ रहे थे. 15 मिनिट की चुदाई के बाद भैया मेरी गांद में झाड़ गये. फिर लोड पर से कॉंडम निकाला. पूरा कॉंडम मेरे खून से लाल हो गया था.
भैया: बर्तडे गिफ्ट कैसा रहा दोस्त?
मैने गले लगते हुए बोला: सबसे बढ़िया.
कुछ दिन बाद एक मॅगज़ीन में मेरी माले वाली पिक्स आई. तब मैं भैया के पास गया.
मैने भैया के स्टूडियो जेया कर उनके लॅपटॉप पर देखा की उन्होने मेरी सिर्फ़ माले वाली फोटोस ही ली थी, लड़की वाली नही. अब मुझे समझ आया, मेरी गांद के लिए ये सब किया गया था. लेकिन मज़े तो मुझे भी आए थे.
मैं: अबकी बार लड़की के कपड़ों की ज़रूरत है, या फिर ऐसे ही कर सकते है?
हम दोनो ही हासणे लगे और फिर से रूम लॉक करके चुदाई करने लगे. अबकी बार भैया बहुत हार्ड चुदाई कर रहे थे. इसके बाद कुछ महीनो तक भैया और मेरा जब मूड होता है, चुदाई करते है. फिर भैया शादी करके मुंबई चले गये अपने करियर के लिए.
आयेज मेरी गांद किस-किस ने मारी, और कैसे, ये जानने के लिए अपना फीडबॅक ज़रूर दे.