राजकोट के मेले मे मिली लॉयर भाभी को जाम के चोदा-2

फिर मे खड़ा हुवा और उसका हाथ पकड़ के उसके बेडरूम की तरफ जाने लगा. तो उसने मेरा हाथ खिछा और मेरे सिने से लग गयी. फिर हम एक दूसरे की बहो मे बहे डाले कुछ पल के लिए खड़े रहे. मैने उसे तोड़ा ज़ोर से दबाया जिस से उसकी चुचिया मेरे सिने से दबने लगी और उसकी साँसे गरम और तेज़ होने लगी.

हम अलग हुवे और उसने मेरा हाथ पकड़ा और बेडरूम की तरफ ले गयी.. अंदर जाते ही मे तो उसका रूम देखता ही रह गया. ओह मी गोद जेसे हम किसी फाइव स्तर होटेल के रूम मे पह्ोछ गये हो एसा लग रहा था. उसका बेड शायद 8×8 का गोल बेड था और उसपे भी स्प्रिंग वाला गद्दा जेसे फॉरिन मे होता हे चारो और हल्की रोशनी और एसी की ठंडी हवा चल रही थी.

फिर रानी मेरी तरफ घूम गयी और मेरे सिर के पीछे हाथ डालके मेरे बाल पकड़ कर अपनी तरफ खींच के सीधा मेरे होंठो पे टूट पड़ी और ज़ोर ज़ोर से मेरे होंठ चूसने लगी. अपनी ज़ुबान मेरे मूह मे दल के अपने हाथो पे ज़ोर दे के मेरा मूह अपनी और दबाने लगी.

एसा लग रहा था जेसे वो मेरा पूरा मूह उसके मूह मे समा लेगी. बहोट ज़ोर ज़ोर से मेरे होंठ चूसे उसने एक दो बार तोड़ा हल्का सा काट भी लिया मेरे होंठो को.

करीब 4-5 मिनिट लगातार किस करने के बाद उसने मूज़े अलग किया और मेरी तरफ देखने लगी. फिर मैने उसके बँधे बाल खोल दिए और मेरे दोनो हाथ आयेज कर के उसके दोनो गाल पकड़े, जो बहोट ही मुलायम थे.

फिर मैने उसके गले मे अपनी ज़ुबान घूमना चालू किया. जिस से उसके मूह से हल्की सी आहह निकली. फिर उसने मूज़े अपनी बहो मे ले लिया और मेरे बालो पे हाथ घूमने लगी.

अब मे मेरी ज़ुबान धीरे धीरे नीचे ले जाने लगा उसके बूब्स के उपर. फिर मैने मेरा एक हाथ उसके लेफ्ट वाले बूब्स पे रखा और हल्के से दबाया. क्या सॉफ्ट बूब्स थे उसके यार.. फिर मुजसे रहा नही गया तो मैने दोनो हाथो से एक एक बूब्स पकड़ के ज़ोर ज़ोर से रग़ाद ने लगा. जिससे उसको बहोट मज़ा आने लगा और उसकी सिसकारिया बढ़ने लगी.

वो अपनी आँखे बंद करके सस्शह आअहह आअहह ऊऊहह म्‍म्मम्मूऊऊउऊहह… किए जा रही थी. उसकी हाइट मेरे जितनी ही थी तो अब मैने उसके शोल्डर पे अटकी उसकी निघट्य की स्ट्रीप पकड़ के साइड करदी ताकि निघटि उतार जाए.. जेसे ही मैने उसकी निघट्य उतेरी वो मेरे सामने सिर्फ़ ब्रा पेंटी मे आ गयी.

ऊहह मी गोद क्या बतौ यारो क्या कमाल की लग रही थी. वो पिंक जाली वाली ब्राा और उसपे भी नेट वाली पेंटी… ऊओह मेरा तो उसे देख के बुरा हाल हो गया.

पेंटी मे से उसकी गुलाबी छूट देख के मूह मे पानी आ गया. मे सीधा उसकी ब्रा को पकड़ के खींच दिया तो ब्रा फट गयी और उसके वाइट वाइट बूब्स मेरे सामने आ गये. जिसे मैने सीधा अपने मूह मे ले लिया और ज़ोर ज़ोर से उसके गुलाबी निपल चूसने लगा.

क्या बतौ दोस्तो काफ़ी टाइम से चूड़ी ना होने की वजह से उसके बूब्स बहोट टाइट हो गये थे. थोड़ी देर एक एक कर के उसके बूब्स दबाए चूसे और निपल पिंच कर कर के दोनो बूब्स लाल कर दिए. और साथ मे नीचे उसकी पेंटी के उपर से उसकी छूट पे भी हाथ घुमा रहा था. जो पूरी पेंटी को गीला कर रही थी..

अब उसे रहा नही जेया रहा था उसकी सिसकारिया और साँसे दोनो बहोट तेज़ तेज़ चल रहे थे. फिर उसने मूज़े धक्का दिया तब उसका एक निपल मेरे मूह मे था तो पूछ की आवाज़ के साथ मेरे मूह से उसका निपल निकल गया. और उसने मेरा टशहिर्त निकल दिया. साथ मे पेंट भी खोल दी अब मे सिर्फ़ उंदर्वेरे मे था और वो सिर्फ़ पेंटी मे थी.

फिर रानी ने मेरे उंदर्वेरे के उपर से ही मेरे लंड पे हाथ घूमना चालू किया और प्यार से सहलाने लगी. मेरे लंड का कड़क पं महसूस कर के वो काफ़ी खुश लग रही थी.

अब वो बेड पे बेत गयी और मूज़े अपने पास खड़ा कर लिया और मेरा उंदर्वेरे उतार कर नीचे गिरा दिया. जिसके साथ ही मेरा लंड जो की 6×2 का हे उसके सामने सीधे पीपे की तरहा आ गया.

मेरे लंड की थोड़ी टॅरिफ कर डू दोस्तो क्यो की उसकी वजह से ही मैने आज तक बहोर लॅडीस को खुश कर पाया हू.. मेरे लंड का टोपा बिल्कुल गुलाबी हे और लंड से तोड़ा बड़ा हे उसकी साइज़ 6×2 हे. और उसका स्टॅमिना करीब करीब 30 से 45 मिनिट तक का हे.. दरअसल सेक्स का एक्स्प. इतना हो गया हे की स्टॅमिना अपने आप इतना हो गया हे.

अब आयेज बढ़ते हे.

फिर वो बेड पे बेत गयी और मेरे लंड को अपने मुलायम हाथो मे लेके आयेज पीछे करने लगी. और मेरे लंड को सूंघने लगी फिर धीरे से अपने होंठ मेरे लंड पे रखे और एक हल्की सी पापी करी. उसे मज़ा आया तो उसने अपना मूह खोला और सीधा मेरा पूरा लंड गतक गयी एक ही बार मे पूरा लंड अपने गले तक ले गयी. मेरी तरफ देख के एक आँख मारी और छापा छाप चूसने लगी.

उसकी ये अदा देख के मे तो घायल हो गया यार.. ये तो पूरी की पूरी चुड़क्कड़ निकली.. अब वो मेर लंड पे ज़ोर ज़ोर से अपना मूह घूमने लगी. साथ मे मेरे गोते भी सहला रही थी. जिससे मूज़े बहोट आनंद मिल रहा था.

कुछ 5-7 मिनिट लंड चूसा होगा उसने. फिर मैने उसके बाल पकड़े और उसके मूह को घापघाप छोड़ने लगा. वो आराम से मेरा पूरा लंड अपने गले तक उतार लेती थी बहोट मज़ा आ रहा था.

हमारे इंडिया मे बहोट कम लॅडीस होती हे जो पूरा लंड निगल जाए और आराम से ब्लोवजोब दे. लेकिन इसने कर लिया था तो मूज़े मज़ा आया. कुछ देर उसका मूह छोड़ने के बाद मैने लंड उसके मूह से बाहर निकाला. तो पूरा उसकी थूक से लबालब भरा मेरा लंड बाहर आया.

फिर मैने उसे धक्का दिया और बेड पे गिरा दिया. अब बरी थी मेरी. फिर मैने उसका एक पेर पकड़ा और खींच कर मेरे मूह ले पास लाया और उसका अंगूठा मे चूसने लगा. इससे वो उछाल पड़ी फिर धीरे धीरे करके मे अपनी ज़ुबान से उसका पैर चाटने लगा.

आयेज आयेज बढ़ता हुवा मे उसकी भारी हुवी जाँघो तक पह्ोछ गया. फिर उसकी जाँघो को काफ़ी देर तक चटा. अब बरी थी उसकी मखमली छूट की. फिर मैने पेंटी के उपर से ही उसकी छूट पे ज़ुबान लगाई.

अब उसे इतना मज़ा आया की उसने चदडार को बहोट टाइट पकड़ लिया और अपनी छूट थोड़ी उपर उठाई. मैने दो तीन बार पेंटी के उपर से ही छूट छाती फिर उसकी पेंटी एक ही झटके मे उतार कर सदी मे फेंक दी आअहहाअ… दोस्तो क्या बतौ उसकी छूट की सिकनाहट और उपर से छूट मे से निकलता हुवा उसका रस एक दूं क्लीन शेव छूट.

गुलाबी गुलाबी पंखुड़िया उसकी और फूली हुई छूट देख कर मेरे मूह मे पानी आ गया. अब मैने मेरी पूरी ज़ुबान बाहर निकली और जेसे कुत्ता हड्डी चट्टा हे. एसए ही उसकी आँखो मे देख के गंद के छेड़ पे ज़ुबान लगा के उपर की तरफ बाद रहा था. एक दूं स्लो मोशन मे, मे उसकी दाने तक पोहच्ा. उसे पता नही क्या मज़ा आया की उसकी छूट ने पानी छोड़ दिया वो ज़ोर ज़ोर से हाँफ ने लगी हासणे लगी .

लेकिन मैने तो अभी चालू भी नही किया था छूट चाटना.. (कुत्ते को मतन भारी हुई हड्डी और मौलिक को चिकनी छूट चाटने को मिल जाए तो उसके लिए जन्नत होती हे).

मैने अब उसकी दोनो टाँगे फेलाई और अब उसकी छूट को अकचे से कुत्ते की तारझा चाटने लगा. उसके दाने को मूह मे भर के हल्के हल्के दाँत से काटने लगा. उसे बहोट ही ज़्यादा मज़ा आ रहा था तो वो आहह आहह स्शह ऊओ म्‍मम्मूऊऊउऊहह… कर रा ही थी और साथ मे मेरे बालो पे हाथ घुमा रही थी.

मे कभी कभी पूरी छूट अपने मूह मे भरता तो कभी ठूकता छूट पे. तो कभी कभी गंद का छेड़ भी आचे से चट्टा. जिसस से वो उछाल उछाल कर छूट और गंद चटवाने का मज़ा लेने लगी.

कुछ 10-12 मिनिट की छूट चटाई मे अब फिर से उसका बदन अकड़ ने लगा. और उसने मेरे बाल पकड़ के अपनी छूट की और दबाया. मैने भी अपना पूरा मूह खोला और उसकी छूट को पूरा मूह मे समा लिया साथ मे मेरी ज़ुबान भी उसकी छूट मे घुसा दी. और एक उंगली उसकी गंद के छेड़ के आजू बाजू प्यार से घूमने लगा.

जिस से वो उछाल पड़ी और आअहह आआहह ऊऊहह कर के फिर से पानी छोड़ दिया.

अब वो पूरी ढीली पद गयी और मूज़े छोड़ के लंबी लंबी साँसे लेने लगी. मैने उसकी छूट से मूह हटाया और उसके बाजू मे जा के लाते गया और उसके बूब्स को सहला ने लगा.

तब उसने अपनी आँखे खोली और मूज़े पास मे सोता देख हेस्ट हुवे मेरे उपर चाड गयी और लीप तो लीप किस करने लगी. उसकी किस करने की अदा इतनी कातिल थी दोस्तो क्या बतौ जेसे मे उसकी छूट पूरा मूह मे ले लेता था.

वेसए ही वो पूरा मूह खोल के मेरे दोनो होंठ अपने मूह मे भर के उसकी ज़ुबान घूमती. मे खुद भी हेरन था की वो कितनी मस्त किस करती हे और चुदाई मे सपोर्ट करती हे.

आयेज की कहानी अगले पर मे.

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