दोस्त की धंधेबाज बीवी की चूत मे बड़ा लंड डाला

हेल्लो दोस्तों Kamukta मैं किशोर आप सभी का नॉनवेज स्टोरी डॉट कॉम में बहुत बहुत स्वागत करता हूँ। मैं पिछले कई सालों से इसका नियमित पाठक रहा हूँ और ऐसी कोई रात नही जाती जब मैं इसकी रसीली चुदाई कहानियाँ नही पढ़ता हूँ। आज मैं आपको अपनी स्टोरी सूना रहा हूँ। मैं उम्मीद करता हूँ कि यह कहानी सभी लोगों को जरुर पसंद आएगी। ये मेरी जिन्दगी की सच्ची घटना है।

मैं बरेली में एक फाइनेंस कम्पनी में जॉब कर रहा था। मेरे साथ में कई लड़के थे जो साथ नौकरी कर रहे थे। हम लोगों का काम था की जादा से जादा लोगो को लोन देना और मुनाफा कमाना। कुछ दिनों बाद मेरी सूरज नाम के लड़के से अच्छी दोस्ती हो गयी। मैं उसके घर भी आने जाने लगा। सूरज शादीशुदा था और एक बस्ती में किराए पर कमरा लेकर रहता था। उसका पुस्तैनी घर तो गाँव में था। पर जिस तरह से सूरज की सिर्फ 12 हजार की सैलरी थी मुझे उसकी बीबी पर शक होता था। जिस तरह से वो महीने में 4 5 बार दिन शौपिंग पर जाती थी मुझे उसकी बीबी शारदा पर शक होता था। आये दिन शारदा कोई न कोई समान खरीदती रहती थी। पिछले महीने उसके बड़ा सा led टीवी लिया था और इस महीने उसके 30 हजार का फुल साइज फ्रिज ख़रीदा।

“यार सूरज!! इतना माल आ कहाँ से रहा है?? हर महीने तेरी बीवी कोई न कोई समान लेती रहती है। राज क्या है??” मैंने उससे एक दिन पूछा

सूरज मेरा सवाल सुनकर थोडा घबरा गया।

“नही यार! ऐसी कोई बात नही है। उसके पापा अक्सर पैसे भेजते रहते है। कस्टम में है इसलिए घूस भी खूब मिलती है” सूरज बोला

यह कहानी भी पड़े  शेरू की मामी की सेक्स कहानी

पर दोस्तों मुझे बार बार सूरज की बीवी पर शक होता था की ये कोई ऐसा वैसा काम जरुर करती है। एक दिन मैं सूरज के घर पर गया था। एक जवान आदमी शारदा से बैठे कर बात कर रहा था। शारदा ने मुझे बाहर ही कुर्सी दे दी और अंदर चली गयी। पुरे 1 घंटे बाद वो आदमी निकला। फिर शारदा मुझे अंदर घर में ले गयी और मीठी मीठी बाते करने लगी। उसके हाथ में 500 के 2 नोट थे।

“किशोर भैया !! आप तो कुवारे है पर चुदाई करने का दिल तो करता ही होगा आपका????” शारदा बोली

उसकी बात सुनकर मैं हैरान था। मेरे समझ में नही आ रहा था की क्या कहूँ। शारदा देखने में काफी गोरी चिट्टी और खूबसूरत औरत थी। हमेशा फैशन में रहती थी और हमेशा नए कपड़े पहनती थी। फिर मैं भी उससे खुल गया।

“भाभी चुदाई का मन तो बहुत करता है पर कहाँ कोई लड़की है जिसे चोद सकूं” मैंने कहा और मुंह बना लिया

सूरज की धंधेबाज बीवी हँसने लगी।

“बस इतनी सी बात है। किशोर भैया! पैसा फेंको और तमाशा देखो!” शारदा किसी धंधेबाज रंडी की तरह बोली। जिस तरह से वो पटर पटर बोल रही थी मुझे हल्का हल्का शक होने लगा की ये जरुर धंधा करती होगी। पर मैं मासूम और अनजान बना रहा।

“भाभी!! फिर तो दिलाओ मुझे किसी खूबसूरत लड़की की चूत” मैंने सूरज की बीवी शारदा से कहा

“अच्छा कडक माल चाहिए तो हजार लगेंगे और घिसा पिटा माल चाहिए तो 500 में हो जाएगा” शारदा कंधे और आँखें एक साथ मटकाकर बोली

मैंने उसे हजार रुपये पर्स से निकालकर दे दिया।

“भाभी कल मैं दोपहर 2 बजे तुम्हारे घर आऊंगा। तुम माल तैयार रखना” मैंने कहा

यह कहानी भी पड़े  चाची की सफाचत चूत लंड की प्यासी

अगले दिन मैं वक्त पर पहुच गया था। सूरज ऑफिस में था। मैं उससे बहाना बनाकर उसके घर पर आ गया था। मैंने उसके घर के दरवाजे पर दस्तक दी तो शारदा पूरी तरह मेकअप में थी। उसके एक नई साड़ी पहनी थी। ओठो पर लाली और आँखों में काजल लगा रखा था। वो पान चबा रही थी।

“आओ आओ किशोर भैया!” शारदा हंसकर बोली और हँसने लगी। उसने दरवाजा अंदर से बंद कर दिया। कुण्डी लगा दी।

“भाभी मेरा माल नजर नही आ रहा है” मैंने कहा। मैं अच्छी तरह से जानता था की शारदा ही आज रंडी बनकर मुझसे चुदवाएगी। मुझे पता था।

“ये तुम्हारे सामने कैसी माल है??? बोलो पसंद आया की नही???” शारदा आँखें नचाकर बोली

“ओह्ह बेटीचोद!! भाभी तू धंधा करती है???” मैंने कहा और मुंह पर हाथ लगा दिया। मैं हैरान था।

“हाँ करना ही पड़ता है। क्यूंकि तेरा गांडू दोस्त है ना सूरज। वो इतना कम कमाता है की मेरी बिंदी तक नही खरीद सकता। इसलिए मुझे धंधा करना पड़ता है” शारदा बोली

“ठीक है भाभी आ जाओ बिस्तर पर। आओ गर्म करो आकर मेरा बिस्तर” मैंने कहा

शारदा मेरे पास आ गयी। दोस्तों मेरा शक अब यकीन में बदल गया था। मेरे दोस्त सूरज की बीबी शारदा धंधा करती थी। अब मुझे सब मालुम पड़ गया था। उसे हजार रुँपये तो मैं पहले ही दे चूका था। मैंने शारदा को बाहों में कस लिया और उसके होठ चूसने लगा। क्या कातिला माल थी वो। साड़ी ब्लाउस में वो एक सम्पूर्ण नारी लग रही थी। शारदा का चेहरा गोल था। रंग गोरा था और फिगर झक्कास था।

Pages: 1 2 3

Dont Post any No. in Comments Section

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!