छिनाल बन कर बॉस से चूड़ने की कहानी

और फिर हम दोनो तैयार हो कर अपने-अपने काम के लिए घर से निकल रहे थे. तभी मामी और राजू घर आ गये. फिर कुछ देर हम साथ बैठे और फिर मैं और मामा अपने काम के लिए निकल गये घर से.

मैं जैसे शॉप पर पहुँची तो सभी स्टाफ वाले मुझे देख कर मुस्कुरा रहे थे. तो मैने भी उनको एक अची सी स्माइल दी, और अपनी जगह आ कर बैठ गयी. थोड़ी देर बाद एक लड़का आया, और मुझसे कहा-

लड़क: आपको सिर ने बुलाया है, चलो.

मैं खड़ी हुई फिरसे. मैने देखा स्टाफ वाले सब मेरी तरफ देख कर स्माइल कर रहे थे. मुझे ऐसा लग रहा था, की आज कुछ हुआ था, या होने वाला था. और वैसे भी मुझे सिर नही दिख रहे थे.

फिर मैने भी सब को स्माइल दी, और उस लड़के के साथ बिके पर निकल गयी शॉप से. 30 मिनिट की ड्राइविंग के बाद एक बड़ी सी होटेल आई.

उस लड़के ने कहा: तुम इस होटेल के रूम नंबर 7 में चली जाओ. सिर वाहा बैठे है.

उस लड़के ने मुझसे इतना कहा और वो चला गया. मैं भी होटेल में आ गयी, और जैसे ही मैं रूम नंबर 7 की तरफ आई, तो डोर खुला था पहले से.

सिर: मिस पिंकी, अंदर आ जाओ?

मैं अंदर गयी तो सिर सोफे पर बैठे थे, और आयेज टेबल पर शराब की बॉटल पड़ी थी. कुछ खाने की चीज़े भी पड़ी थी.

ये सब देख कर मुझे कुछ अजीब सा लग रहा था, जैसे कुछ या हुआ था, या होने वाला था. मुझे इतना मालूम हो गया था, अगर हुआ था तो ठीक था. और अगर होने वाला था, तो वो मेरे साथ होगा.

सिर: तो मिस पिंकी क्या तुम तैयार हो?

पिंकी: हा सिर, मैं तैयार हू.

वैसे मुझे मालूम नही था सिर क्या बोल रहे थे, और किस चीज़ के लिए बोल रहे थे. फिर सिर ने टेबल हटाया तो मैने देखा टेबल के नीचे वो नंगे बैठे थे. मतलब उनकी पंत निकली हुई थी. उनका लंबा मोटा लंड मेरे सामने खड़ा था. करीब 7 इंच का होगा.

सिर: चलो पिंकी, अब मेरे पास आ कर मेरा लंड अपने मूह में लेकर चूसो.

पिंकी: लेकिन सिर आपका लंड तो बहुत बड़ा है.

सिर: पिंकी बड़े लंड से ही मज़ा आता है, और तुम्हे चूसने में बहुत मज़ा आएगा. अब चलो जल्दी करो.

अब मैं क्या करती? और वैसे भी मैने मामू का लंड चूसा था. तो अब बॉस का लंड चूसने में कैसी शरम.

पिंकी: ठीक है सिर, मैं कोशिश करती हू आपका लंड अपने मूह में लेकर चूसने की.

और मैं सिर का लंड अपने मूह में लेकर कुलफी की तरह चूसने लगी. वैसे मुझे उसका लंड चूसने में मज़ा आ रहा था. थोड़ी देर में बॉस का लंड गरम हो गया. मुझे मेरे होंठो पर महसूस हो रहा था. फिर सिर सर ने अपना लंड मेरे मूह से निकाला, और मुझसे कहा-

सिर: मिस पिंकी, अब तुम अपनी सलवार उतरो, और मेरे लंड के उपर बैठ कर अपनी छूट में लो.

फिर मैने अपने सलवार का नाडा खोला, और सलवार उतार दी, और साथ में ब्लॅक पनटी भी उतार दी. अब सिर मेरी छूट को बड़े गौर से देख रहे थे.

सिर: मिस पिंकी, तुम्हारी छूट तो बहुत गरम है. लगता है तुमने पहले चुदाई की हुई है. वैसे मुझे तुम्हारी छूट बहुत पसंद आई. मुझे ऐसी ही छूट पसंद है, जिसे देख कर लंड खड़ा हो जाए. तुम्हारी छूट वैसी ही है. जो भी आदमी तुम्हारी छूट दिखेगा, उसका लंड अपने आप खड़ा हो जाएगा.

सिर: चलो पिंकी अब तुम सोफे पर लेट जाओ. तुम्हारी छूट देख कर मेरा इरादा बदल गया है. अब मैं पहले तुम्हारी छूट चाटूंगा. उसके बाद तुम्हारी छूट में लंड डालूँगा.

फिर मैं सोफे पर लेट गयी, और अपनी टांगे फैला दी. सिर मेरी टाँगो के बीच में आ कर मेरी छूट के लिप्स को अपने हाथ से खोल कर अपनी जीभ से मेरी छूट को चाटने लगे. मेरे मूह से हल्की सी आवाज़ में ह ह ह ह निकालने लगा. नीचे सिर ने मेरी छूट को चाट-चाट कर गीली कर दिया, और मेरी छूट भी अब अपना पानी छ्चोढ़ रही थी.

सिर: मिस पिंकी, अब तुम्हारी छूट गीली हो चुकी है. मतलब अब तैयार है मेरा लंड अपने अंदर लेने के लिए. तो मिस पिंकी, अब तुम तैयार हो जाओ. मैं तुम्हे अब ऐसे छोड़ने वाला हू, की तुम ज़िंदगी भर नही भूलॉगी.

और फिर सिर घुटनो के बाल आ गये, और मेरी टांगे अपने कंधे पर रख ली, और अपने हाथ से अपना लंड पकड़ कर मेरी छूट में डालने लगे. फिर सिर ने अपना लंड मेरी छूट में घुसा दिया, और घपा-घाप अंदर-बाहर करने लगे. मेरे मूह से आहह ह आह ऑश उफ़फ्फ़ अहह की सिसकारियाँ निकालने लगी.

सिर: मिस पिंकी, मुझे पता है तुम्हे दर्द हो रहा है. लेकिन थोड़ी देर बाद तुम्हे मज़ा आने लगेगा. और वैसे भी तुम मुझसे अपनी नौकरी के लिए छुड़वा रही हो. तो तोड़ा दर्द बर्दाश्त करना पड़ेगा.

पिंकी: एस सिर, मुझे पता है मैं आपसे अपनी नौकरी के लिए छुड़वा रही हू. और रही दर्द की बात, तो आपका लंड मोटा है. इसलिए मुझे मेरी छूट में दर्द हो रहा है. लेकिन मुझे ये भी पता है की थोड़ी देर के बाद इस लंड से मुझे मज़ा आने वाला है.

सिर: चलो ठीक है. अब मुझे तुम्हारी छूट छोड़ने दो.

और फिर सिर ज़ोर-ज़ोर से झटके मारने लगे. वैसे भी मेरी छूट गीली थी, तो पूरा का पूरा लंड मेरी छूट के अंदर जेया रहा था.

सिर: मिस पिंकी, तुम्हे छोड़ने में मुझे बहुत मज़ा आ रहा है. लगता है अगर ऐसे ही रहा तो तुम बहुत जल्दी ही प्रमोशन पा लॉगी.

पिंकी: एस सिर, मैं प्रमोशन के लिए कुछ भी कर सकती हू. और करीब 15 मिनिट के बाद सिर ने मेरी छूट के अंदर अपने लंड की गरम-गरम माल की पिचकारी छ्चोढ़ दी.

मैने सोचा चुदाई हो गयी. लेकिन मुझे क्या पता था की ये तो बस ट्रेलर था. चुदाई तो आयेज होने वाली थी. क्यूंकी अब तक मैने सिर्फ़ अपनी सलवार ही उतरी थी.

सिर: चलो मिस पिंकी, तुम जल्दी से अपनी सलवार पहन लो. क्यूंकी हमे कही जाना है. जल्दी करो, देर ना हो जाए.

पिंकी: ठीक है.

और मैने भी जल्दी से अपनी सलवार पहन ली, और फिर सिर के साथ गाड़ी में बैठ कर शॉप से निकल गयी, जहा सिर बोल रहे थे जाने के लिए. करीब 30 मिनिट की ड्राइविंग के बाद हम पहुँच गये.

सिर: पिंकी गाड़ी से जल्दी उठो, बॉस हमारा इंतेज़ार कर रहे है.

और फिर हम गाड़ी से उतरे, और जैसे ही दरवाज़े को नॉक-नॉक किया, तो अंदर से आवाज़ आई.

बॉस: दरवाज़ा खुला है, अंदर आ जाओ.

पिंकी: तो फिर हम दरवाज़ा खोल कर अंदर चले गये. सामने ही बॉस कुर्सी पर बैठे थे. वो मुझे देख कर ही बोले.

बॉस ( वाउ, हॉट गर्ल ): तो आप है पिंकी. जिसने शॉप पर सब का दिल जीटा है.

सिर: बॉस मिस पिंकी दिल की बहुत ही अची है. इसलिए सब का दिल जीत लिया है.

बॉस: ये तो और अची बात है. और मुझे दिल की अची लड़कियाँ ही पसंद आती है. जैसे तुम मुझे पसंद आई मिस पिंकी. अब वाहा खड़ी रह कर क्या सोच रही हो? मेरे पास आओ पिंकी.

पिंकी: बॉस आप बहुत होशियार हो. आप किसी भी लड़की को देख कर पहचान लेते हो की लड़की आपके काम की है की नही.

बॉस: वो तो है मिस पिंकी.

और फिर बॉस ने मुझे गले लगाया, और फिर मेरा हाथ पकड़ कर अंदर रूम में ले गये.

रूम अंदर से काफ़ी खूबसूरत था. फिर मैं बेड की तरफ बढ़ी, और पीछे से बॉस ने रूम का दरवाज़ा अंदर से लॉक कर दिया.

वो जल्दी से मेरे पास आ गये, और मुझे अपनी बाहों में भर लिया. फिर वो मुझे चूमने चाटने लगे, मतलब मुझे किसिंग करने लगे.

बॉस: पिंकी तुम फिकर मत करो, मैं तुम्हारा पूरा ख़याल रखूँगा. तुम बस मेरा साथ दो.

और फिर मैं भी पुर जोश के साथ बॉस को किस करने लगी लीप तो लीप. फिर करीब 2 मिनिट की किस्सिंग के बाद बॉस ने मेरे कपड़े उतार दिए. अब मैं सिर्फ़ ब्रा पनटी में खड़ी थी बॉस के सामने. फिर बॉस ने मेरी ब्रा पनटी भी उतार दी.

मुझे पूरी नंगी कर दिया, और फिर खुद अपने कपड़े उतार कर खुद भी नंगे हो गये. अब हम दोनो पुर नंगे थे एक-दूसरे के सामने.

बॉस: जब कोई लड़की पूरी नंगी होती है मेरे सामने, तो मुझे बहुत मज़ा आता है, और मेरा लंड भी उसे देख कर खड़ा हो जाता है. और वैसे भी, चुदाई का मज़ा तब आता है जब लड़की पूरी नंगी हो जाए.

मैं चुप-छाप खड़ी थी, और फिर बॉस ने मुझसे कहा: देखो मेरा लंड अपने मूह में लेकर चूसो.

मैं भी बड़े मज़े से बॉस का लंड अपने मूह में लेकर कुलफी की तरह चूसने लगी. मेरे लंड चूसने में बॉस को बहुत मज़ा आ रहा था. वो अपने मूह से आह आह आ कर रहे थे. एक लड़की की चूत में जब लंड जाता है, तब वो आहह आह आ करती है.

बॉस: तुम बहुत सेक्सी हो, और तुम बहुत अची तरह से लंड चूस रही हो. मैने कभी नही सोचा था की तुम मुझे इतनी जल्दी से मिल जाओगी छोड़ने के लिए. मैं पहले दिन से तुम्हे छोड़ना चाहता था. और तुम्हारे ये बड़े-बड़े बूब्स को देख कर मेरा लंड हमेशा खड़ा हो जाता था.

बॉस: और देखो पिंकी, जैसे तुम मेरा लंड चूस रही हो, वैसे मेरा लंड गरम हो रहा है.

पिंकी: हा बॉस, मुझे मेरे होंठो पर महसूस हो रहा है. और वैसे मुझे आपका लंड बहुत पसंद आया. इधर आपका लंड गरम हो रहा है. नीचे मेरी छूट गीली हो रही है.

बॉस: अछा तो अब तुम्हारी छूट को मेरा लंड चाहिए. लेकिन पहले मैं तुम्हारी छूट को अपनी जीभ दूँगा. उसके बाद मैं लंड दूँगा.

और फिर बॉस ने मेरे मूह से अपना लंड निकाला, और मुझे सीधी खड़ी किया, और खुद मेरे पीछे की तरफ आ गये. अब वो मेरी पीठ को चूमते-चूमते नीचे मेरी गांद पर पहुँच गये. वो अपने दोनो हाथों से मेरी गांद खोल कर अपनी जीभ से चाटने लगे.

फिर लास्ट में मेरी छूट को चाटने लगे. मेरी छूट बहुत गीली हो चुकी थी, और अपना पानी छ्चोढ़ रही थी, जो बॉस अपनी जीभ की मदद से चाट गये.

बॉस: चलो पिंकी, अब सामने बेड पर अपने पावं खोल कर लेट जाओ. अब मैं तुम्हारी छूट में अपना लंबा मोटा लंड डाल कर तुम्हे छोड़ने वाला हू.

और फिर मैं बेड पर सीधी लेट गयी अपने पावं फैला कर. बॉस मेरे उपर चढ़ गये.

बॉस: पिंकी अब तुम मेरा लंड अपने हाथ में पकड़ कर अपनी छूट में सेट करो.

मैने भी वैसे ही किया. बॉस का लंड अपने हाथ में पकड़ कर अपनी छूट पर सेट किया, और बॉस आहिस्ते-आहिस्ते धक्के देने लगे. मतलब लंड का टोपा ही मेरी छूट के अंदर जेया रहा था.

ऐसे मुझे बहुत मज़ा आ रहा था. क्यूंकी मेरी छूट बहुत गीली थी, और लंड का टोपा आराम से अंदर घुस रहा था. मज़े-मज़े में मेरे मूह से निकल गया-

मैं: बॉस मुझे और मत तड़पाव, छोड़ दो मुझे.

मेरे इतना बोलने के बाद बॉस ने एक ही झटके में पूरा का पूरा लंड मेरी छूट के अंदर घुसा दिया, और मेरे मूह से आह की चीख निकल गयी. फिर अंदर-बाहर घपा-घाप करने लगे. मतलब बॉस अपना लंड पूरा का पूरा मेरी छूट में घुसते और पूरा निकालते. टोपे तक फिर अंदर घुसते, और फिर निकालते. फिर पूरा घुसते, और फिर पूरा निकालते.

इस तरह करने से मुझे और ज़्यादा मज़ा आ रहा था. क्यूंकी इस तरह मुझे पहली बार कोई मर्द छोड़ रहा था, जो पूरा लंड डालता और फिर निकालता.

बॉस: पिंकी मेरा छोड़ने का स्टाइल ऐसा है, और मुझे पता है पूरा लंड अंदर डालने और निकालने से लड़की को ज़्यादा मज़ा आता है. जैसे अभी तुमको मज़ा आ रहा है.

बॉस ने ऐसे मुझे 4 मिनिट तक छोड़ा, और फिर अपने लंड की गरम-गरम पिचकारी मेरी छूट के अंदर छ्चोढ़ दी. फिर जैसे ही बॉस मेरे उपर से उतरे, तो सामने दरवाज़ा खोला, और अंदर से बॉस का एक दोस्त आया और बोला (ठिंकू).

इससे आयेज क्या हुआ, वो नेक्स्ट पार्ट में बतौँगी, और नेक्स्ट पार्ट में एक साथ 2 लंड लेने वाली हू. प्लीज़ मेरी कहानी पर कॉमेंट करो, अगर आप सब को पसंद आती है तो.

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