अनजानी भूल में चूत चुदवा बैठी

हैल्लो दोस्तों, में आज आप सभी के चाहने वालों को अपने जीवन की एक सच्ची घटना सुनाने जा रही हूँ जिसमे मुझे एक अंजान लड़के ने मेरे घर में मुझे जमकर चोदा। दोस्तों वो रविवार की सुबह थी और सवेरे 6 बजे उठकर में जल्दी जल्दी घर का सारा काम खत्म कर रही थी और आज में मन ही मन बहुत ही खुश थी, क्योंकि पूरे दो साल के बाद मेरे पति दुबई से पूरे एक महीने की छुट्टियाँ लेकर मेरे पास आने वाले थे और वो बुधवार के दिन आने वाले थे, इसलिए उसके पहले ही मुझे पूरे घर को सजाना सवांरना था।

फिर मेरा सुबह का सारा काम ख़त्म होते ही में सीधा बाथरूम में नहाने चली गयी और फिर गाना गुनगुनाते हुए में बड़ी खुश होकर नहा रही थी कि तभी अचानक से मुझे याद आ गया कि मेरे पति को शावर लेना बहुत ही पसंद है और इसलिए में शावर को चालू करने लगी, लेकिन शायद ज़्यादा दिनों से बंद रहने की वजह से वो शुरू नहीं हो पाया। फिर में जल्दि से नहाकर बाहर आ गई और उसके बाद मैंने अंकल को फोन किया। हमारी कॉलोनी में मेरे घर में अकेली ही रहा करती थी, मेरे पति दुबई में एक स्पेयरपार्ट्स के शोरुम में मैनेजर की नौकरी करते थे। हमारी शादी को करीब सवा दो साल हो चुके थे, लेकिन फॅमिली प्लॅनिंग की वजह से हम दोनों की अभी तक कोई संतान नहीं थी, हमारे घर वाले दूसरे शहर में रहते है और यहाँ पर मेरे पति के चले जाने के बाद उनके दूर के रिश्तेदार मतलब एक अंकल मेरा हमेशा ध्यान रखते थे। वो दिन में एक बार तो ज़रूर मुझे फोन करते थे। फिर हैल्लो की आवाज़ सुनते ही में होश में आ गई और मैंने तब उन्हे बताया कि बाथरूम का शावर खराब हो गया है प्लीज़ जल्दी से आप किसी को भेज दो जो इसको ठीक कर दे।

फिर उन्होंने कहा कि अरे आज तो रविवार है, फिर भी में एक बार कोशिश करता हूँ अगर कोई मिलता है तो में वो काम करवा दूंगा। तो मैंने कहा कि ठीक है धन्यवाद और मैंने फोन रख दिया, उसके बाद में अपना काम करने के लिए किचन में चली गयी। आज मुझे गरमी कुछ ज़्यादा ही लग रही थी इसलिए में वापस अपने बेडरूम में चली गयी और वहां पर जाकर मैंने अपनी सलवार कमीज़ को उतार दिया उसके बाद अपनी ब्रा भी उतारकर फेंक दी और अब मैंने एक कॉटन की हल्के गुलाबी रंग की मेक्सी को निकालकर पहन लिया। उसके बाद ऐसे ही कांच में अपने आप को देखा में उस मेक्सी में बहुत ही मादक और मनमोहक लग रही थी। मेरे गदराए हुए बदन का हर एक अंग उससे नजर आ रहा था, जिसकी वजह से में दिखने में बड़ी ही सेक्सी नजर आ रही थी। फिर में अपने को निहारकर रसोई की तरफ चल पड़ी और तभी इतने में दरवाजे पर लगी घंटी बजी, उसकी आवाज सुनकर मैंने जाकर दरवाजा खोल दिया।

यह कहानी भी पड़े  बीबी मायके गयी तो कामवाली को चोदकर काम चलाया

अब मैंने देखा कि मेरे सामने दरवाजे पर एक 25-26 साल का हट्टाकट्टा युवक अपने एक हाथ में बेग लेकर खड़ा हुआ था, दोस्तों उसकी शक्ल सूरत से तो वो मुझे प्लमबर नहीं लग रहा था और मेरे उससे पूछने से पहले ही उसने मुझसे कहा कि मेडम मेरा नाम संजय है और मुझे आपके अंकल ने बाथरूम से शावर को बदलने के लिए यहाँ पर भेजा है। अब मैंने उसकी पूरा बात को सुनकर उससे अंदर आने के लिए कहा और फिर उसके अंदर आते ही दरवाजे को वापस बंद कर दिया और फिर वो मेरे पीछे पीछे बाथरूम में आ गया। तब मैंने उसको शावर दिखाया और उसने शावर को चालू करके देखा और बोला कि मेडम यह खराब हो चुका है इसलिए इसको बदलना पड़ेगा। फिर मैंने उससे कहा कि हाँ ठीक है आप ऐसा ही करो तो वो मुझसे कहने लगा कि मेडम वैसे में आपके अंकल के पास काम करता हूँ और आज कोई भी प्लमबर नहीं आया इसलिए साहब ने मुझे आपके घर बेग लेकर भेज दिया और वैसे में इस काम में नया हूँ और इस समय मेरे साथ में कोई हेल्पर भी नहीं है, इसलिए प्लीज़ आप मेरी थोड़ी सी मदद करना।

फिर मैंने उससे कहा कि हाँ ठीक है आप बता दो मुझे क्या करना पड़ेगा? तब उसने कहा कि में वक्त आने पर बता दूंगा और उसने अपना बेग खोला और उसमें से पाना निकाला और शावर को खोल लिया देखकर पता चला कि वो तो ठीक ही था, वो मुझसे बोला कि मेडम शायद इसका वाल्व खराब हुआ होगा? मैंने कहा कि मुझे क्या पता खोलकर देख लो और फिर वो वाल्व निकालने लगा, लेकिन इतने में वाल्व निकलकर नीचे गिर गया और तेज गती से बाहर आता हुआ पानी हम दोनों पर गिरने लगा। अब में चिल्लाई अरे यह क्या किया तुमने देखो मेरे ऊपर पानी गिर रहा है? जल्दी से इसको बंद करो और तब संजय मुझसे बोला कि मेडम आप उसके मुहं पर हाथ रख दो नहीं तो ऐसे ही पूरा पानी बहकर हमें गीला करता रहेगा। फिर मैंने तुंरत अपने एक हाथ को रखकर पानी का बहना बंद किया, लेकिन मैंने देखा कि में अब तक पूरी तरह से भीग चुकी थी और वो उस समय मेरे पीछे खड़े होकर वाल्व को ठीक करने की कोशिश करता रहा। उसकी तरफ मेरी पीठ थी और मेरे कूल्हे ठीक उसके सामने थे। फिर मैंने जब पीछे मुड़कर देखा तो वो मेरे कूल्हों को ही ज्यादा देख रहा था। में पूरी तरह से भीग चुकी थी इसलिए मेरे कपड़े मेरे गोरे बदन से एकदम चिपक चुके थे और अंदर का सब कुछ साफ साफ नजर आ रहा था। फिर कुछ देर बाद मैंने अपना एक हाथ वहां से हटा लिया और देखा कि उसकी पेंट में उभार आ रहा था। थोड़ा सा मुड़ने के बाद उसको मेरे बूब्स भी दिखने लगे थे जो कि पानी में भीगे हुए थे, मैंने उससे कहा कि प्लीज थोड़ा जल्दी करो ना, तो वो घबराकर बोला जी मेडम में नया हूँ ना इसलिए इतना समय लग रहा है।

यह कहानी भी पड़े  प्यास बुझाई बगल वाली भाभी की

Pages: 1 2 3 4 5

error: Content is protected !!