विक्रम और काव्या की चुदाई की मस्त कहानी

विक्रम ने स्माइल दी, काव्या ने भी. मैने डोरबेल बजा दी. विक्रम ने आके गाते खोला. मेरी नज़र भी उसके टेंट पे पड़ी.

मैं: विक्रम, काव्या कहा है?

विक्रम: भाई किचन में.

विक्रम लिविंग रूम में बैठ गया, और मैं अंदर आ गया. 8 बाज गये थे. मैने काव्या के पास आके उससे पूछा-

मैं: कुछ बात बनी?

तो काव्या ने सब बता दिया, जो मैने आपको पीछे बताया है.

मैने काव्या को बोला: कोई नही, खाना बनाओ, फिर देखते है.

मैं विक्रम के पास आके बैठ गया और बोला: भाई बोर तो नही हुए?

विक्रम: अर्रे नही भाई, बस भाभी से ही बात चल रही थी आप जब तक आ गये. भाभी बहुत अची है.

ये सब ही बात हुई. फिर डिन्नर बन गया. हम तीनो ने डिन्नर करा. मेरे को लगा अब मुझे बोल देना छाईए डाइरेक्ट विक्रम से. फिर मैं रुक गया की देखते है इसके मॅन में कुछ हो तो शायद. हमने जान के उसको वो रूम दिया जिसमे लिविंग रूम से कामन वॉशरूम था. विक्रम अपने रूम में चला गया, और हम अपने में आ गये.

थोड़ी देर में मैं लिविंग रूम के वॉशरूम के पास गया की यहा से रूम में च्छूप के देखता हू एक बार क्या कर रहा था विक्रम.

बुत यहा तो उल्टा सीन हो गया. विक्रम वॉशरूम में था. वो शायद से मूठ मार रहा था. हल्की-हल्की मोनिंग की आवाज़ आ रही थी. मेरे दिमाग़ में जल्दी से आइडिया आया.

मैने काव्या को बुला के बोला: इस तरफ से वॉशरूम ओपन करके अंदर चली जाओ, फ्रेश होने के बहाने से. और उसको देख कर चौंक जाना.

फिर काव्या ने एक-दूं से गाते दूसरी तरफ से ओपन कर दिया. विक्रम का लंड उसके हाथ में था, और वो हिला रहा था. दोनो एक-दूसरे को देख के चौंक गये.

विक्रम: भाभी आप यहा कैसे?

काव्या: मैं तो लिविंग रूम सेट कर रही थी, फ्रेश होने के लिए आ गयी थी. बुत तुम ये क्या कर रहे हो?

विक्रम च्छूपने की कोशिश कर रहा था.

विक्रम: भाभी ग़लती हो गयी. आप राहुल भाई से मत बोलना. वो पता नही क्या समझेंगे.

काव्या: वो तो कब के सो गये विक्रम, बुत ये क्या था?

विक्रम सॉरी बोलने लगा और हाथ जोड़ने लगा. फिर काव्या से रहा नही गया, और उसके फेस पे स्माइल आ गयी, और वो हस्स पड़ी.

काव्या: इट’स ओक विक्रम. होता है. मुझे बाहर मोन करने की आवाज़ आई तो मैं अंदर आई.

विक्रम: मतलब भाभी आपको पता था की मैं अंदर हू, और ये कर रहा हू?

काव्या: मैने आपका टेंट किचन में ही देख लिया था. किचन में तो मैने आपको दहका था मेरे को देखते हुए, और इसको अड्जस्ट करते हुए.

दोनो हासणे लगे.

विक्रम: भाभी आप इतने हॉट हो, क्या करू कंट्रोल नही हुआ.

काव्या: तो बता देते मैं हेल्प कर देती.

विक्रम को फुल ग्रीन सिग्नल था. उसने देर ने करते हुए काव्या का हाथ अपने लंड पे रख दिया. काव्या भी अपने हाथ से पकड़ के सहलाने लगी. काफ़ी गरम था विक्रम का लंड. विक्रम ने देर नही करी, और काव्या को अपनी तरफ करके किस करने लगा. काव्या भी फुल सपोर्ट कर रही थी. दोनो मज़े से किस कर रहे थे.

फिर काव्या पीछे होके बोली: सब यही, या रूम में भी चले?

विक्रम ने उसे गोद में उठा लिया, और अंदर बेडरूम में आ गया लेके. अंदर आते ही विक्रम और काव्या फिरसे किस करने लगे. विक्रम का लंड बाहर ही था. काव्या उसे पकड़ कर सहला रही थी, और दबा रही थी.

विक्रम भी किस करते-करते काव्या के बूब्स त-शर्ट के उपर से दबा रहा था. दोनो की किस ऑलमोस्ट 15 मिनिट चली होगी. विक्रम ने फिर काव्या की त-शर्ट उतार दी, और ब्रा के उपर से बूब्स दबाने लगा. वो नेक पे और बॉडी पे किस करता हुआ बूब्स के पास आ गया, और ब्रा के हुक खोल दिए. काव्या उपर से पूरी नंगी हो चुकी थी. विक्रम बूब्स को पागलों की तरह चूस रहा था और पी रहा था.

काव्या: आराम से करो, हार्ड नही. मुझे हार्ड पसंद नही.

विक्रम: ओक.

फिर विक्रम काव्या की छूट सहलाने लगा, जिससे वो और गरम होने लगी. काव्या फिर विक्रम के लंड को ज़ोर-ज़ोर से हिला रही थी, और दबा रही थी.

विक्रम: भाभी सक करोगी.

काव्या: नही विक्रम, मैं नही करती पसंद.

विक्रम: भाभी ट्राइ करके देखो, मज़ा आएगा.

काव्या: विक्रम फोर्स नही करो.

विक्रम: ओक भाभी, बुत मुझे सब पसंद है, और मैं सब करूँगा.

काव्या: वो आपके उपर है.

विक्रम तोड़ा और नीचे आते हुए नाभि में जीभ डाल के चाटने लगा, और पेट पे किस करने लगा. फिर दोनो हाथ से काव्या का लोवर निकाल दिया, और पनटी भी उतार दी. काव्या फुल न्यूड हो गयी थी, और छूट भी गीली हो रही थी.

काव्या: विक्रम मेरे तो सारे कपड़े उतार दिए, और खुद के कों उतारेगा?

विक्रम: भाभी ये काम तो आपको ही करना होगा.

काव्या ने भी जल्दी से जो लोवर नीचे था उसे पूरा उतार दिया अंडरवेर के साथ. त-शर्ट पहले से उतरी हुई थी. अब दोनो नंगे हो चुके थे पूरी तरह से. विक्रम ने काव्या को उल्टा घुमा के अपनी तरफ कर लिया, और बॅक से उसके शोल्डर्स चूमने लगा. फिर हाथ आयेज करके एक हाथ से बूब्स दबा रहा था. पीछे से अपने लंड को काव्या की गांद में रब कर रहा था.

काव्या और विक्रम दोनो फुल मूड में आ चुके थे. विक्रम ने काव्या को बेड पे उठा के लिटा दिया, और काव्या की छूट पे आके चाटने लगा. काव्या ऑलरेडी गरम थी पहले से. जैसे ही विक्रम ने जीभ लगाई, काव्या के मूह से एक धीमी सी आवाज़ निकली. काफ़ी देर तक विक्रम ने सक करा. साथ में कभी बूब्स डाबता, और कभी पेट पे हाथ फेर रहा था.

मेरी वाइफ को छूट सक करवाना बहुत पसंद है. काव्या मज़े से एंजाय कर रही थी. फिर विक्रम उपर आया, और काव्या के बूब्स सक करने लगा. नीचे से अपना डिक काव्या की छूट में सेट करने लगा.

काव्या ने उसे रोका की सेफ्टी लगा लो. फिर काव्या ने उसे रूम में से ही सेफ्टी निकाल के दी, जो पहले से ही काव्या ने वाहा रखी थी. विक्रम ने जल्दी से कॉंडम लगा के काव्या को बेड के कोने में खींच लिया, और अपना लंड सेट करके फोर्स लगाया. छूट पहले से ही गीली थी, तो लंड आराम से अंदर चला गया.

विक्रम ने धीरे-धीरे अंदर-बाहर करना स्टार्ट कर दिया. कभी झुक के बूब्स सक करता, कभी लिप्स किस करता. दोनो मज़े से सेक्स कर रहे थे. फिर विक्रम ने काव्या को बोला की उपर आ जाओ, और खुद नीचे लेट गया. काव्या भी देर ना करते हुए उपर आ गयी, और लंड अपने हाथ से पकड़ के सेट करके बैठ गयी और उपर-नीचे होने लगी.

विक्रम उसके बूब्स दबा रहा था. थोड़ी देर ऐसा करने के बाद विक्रम ने उसे अपनी तरफ करा, और लिप्स पे किस करने लगा. वो नीचे से धक्के लगाने लगा. फिर विक्रम ने एक-दूं से काव्या को उठा लिया, और खड़ा हो गया. काव्या विक्रम की गोद में थी, और नीचे से विक्रम फुल स्पीड से शॉट लगा रहा था.

मेरी वाइफ के ये फर्स्ट एक्सपीरियेन्स था, जो कोई उठा के सेक्स कर रहा हो. थोड़ी देर बाद विक्रम ने काव्या को बेड पे लिटा दिया, और उपर से आके धक्का लगाने लगा. ऑलमोस्ट 5-7 मिनिट बाद विक्रम लूज़ हो गया, और काव्या के उपर ही लेट गया.

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