टीया की जोरदार चुदाई

हेलो फ्रेंड्स वेलकम बॅक तो थे नेक्स्ट पार्ट. तो खाना ख़तम करने के बाद सब अपने अपने कमरे के तरफ बढ़ने लगे. तभी अर्पिता मेरे पास आई और मेरे कन में बोली: आज अपनी रंडी की पानी निकल कर सोना. और मेरा लंड टच करके चली गयी.

तो में उसके बाट्टों से और टच से काफ़ी ज़्यादा एग्ज़ाइटेड हो गया और सोने से पहले मूठ मार के सोने के लिए चला गया. अगली सुबा उठ कर सब रेडी हो रहे थे जाने के लिए. सब ने अपनी अपनी बाग पॅक करली सिर्फ़ रिया और अजय को छोड़ कर.

सो ह्युमेन उनका डोर बेल बजाया. तो अजय उठ कर आया और बोला की 10 मीं में ह्यूम नीचे मिलेगा. हम सब नीचे चले गये. फिर जब रिया आई तो अर्पिता उसे छिड़ने लगी की तेरी तो भूक प्यास सब मिट गयी है… एब्ब हम खाने के लिए चलें? तो रिया हासणे लगी और हम भी सब हासणे लगे. फिर हम रास्ते में लंच करके घर वापस आगाए.

घर आके मैं अगले दिन पूरा रेस्ट किया. और ईव्निंग को दोस्तो से मिलने गया. फिर रात को टीया से पीयेच पे बात की आस यूषुयल नॉर्मल बात थी फिर उसने कहा की वो कल घर आएगी और में सो गया.

सुबा उठा तो फ्रेश होके में ने ऑफीस छूटी लेली. फिर लंच के बाद पापा और मम्मी कहीं चले गये रिस्त्ेदारों के यहाँ. और अभी तक टीया भी आ चुकी थी.

टीया के बारे में बता डू हुमारे ग्रूप में सबसे क्यूट लड़की थी. हाइट 5फीट6इंचस, बूब्स 32क हैं और गांद एकदम गोल और स्लिम बॉडी थी. रंग भी गोरा था रिया जितना गोरा नहीं पर उसे कम भी नई. तो उस दिन जब मम्मी पापा चले गये तो में टीया को बोला मुझे तुझे आज डिन्निंग हॉल में छोड़ना है.

उसने कहा मैने कब माना किया है… तुम्हारा घर है जहाँ चाहे छोड़ो. तो में उसे बाहों में भर लिया और किस करने लगा. फिर में उसे उठा कर टेबल पर बैठा दिया और उसकी टॉप्स निकल दी अओ ब्रा के उपर से उसकी छूसीयों को ज़ोर्से मसलने लगा.

वो बोली: क्या बात है आज बहुत एग्ज़ाइटेड हो.

अब में उसे कैसे बतौन की अर्पिता ने मेरे साथ क्या किया था. तो में उसे और किस करने लगा और उसकी ब्रा उतार के फेंक दी. फिर में तोड़ा नीचे आगे उसकी चुचियों को बार बरी से खाने लगा. जैसे कोई बचा कई दीनो से अपना मा का दूध ना पीया हो. वो भी मेरे सर पकड़ कर अपने चुचियों में दबा रही थी.

फिर मैने उसको खड़ा किया और खड़ा कर के उसकी चुचियाँ कहा रहा था और एक हाथ से उसकी गांद दबा सहा था और दूसरी निपल मो मसल रहा था. उसने मेरा लंड पंत के उपर से मसलना शुरू कर दिया था.

फिर मैने एक हाथ उसके पंत के अंदर घुसा कर उसकी छूट के दाने को मसालने लगा… वो पागल सी होरही थी. और मुझ से रहम की भीक माँग रही थी की रुक जाओ बब्बा.

में उसकी एक ना सुनी… में और तेज़ी से उसकी दाने को मसलने लगा… 5 मीं के बाद उसकी छूट ने पानी छोड़ दिया. वो संत पद गयी. तो मैने उसे टेबल के उपर बैठा कर उसको पूरा नंगा करने लगा. उसकी पनटी को उतार दिया जो की उसकी छूट की पानी के बजे से पूरी गिल्ली हो चुकी थी.

मैने उसकी पनटी को उसके सामने चाटने लगा. तो वो भी मुझसे मिल कर चाटने लगी. हम अभी किस कर रते और उसकी होंठ और मेरे होंठों के बीच में उसकी पनटी थी.

फिर में उसे अलग हुआ और उसको टेबल पर लिटा दिया और खुद चेर पर बैठ गया. ऐसा लग रहा था जैसे किसीने मेरे सामने छूट सर्व करी है खाने के लिए.

तो पहले मैने उसकी छूट पे तोड़ा सा ठुका. और अपने हाथ से थूक पूरी छूट पे फैला दिया. और उसकी छूट की लिप्स को साइड करके छूट की दाने(क्लिट) को अपने मूह मे लेके चूसने लगा.

वो फिर से पागल हो रही थी. उसने मेरा सर दोनो पैरों से जाकड़ लिया… मैने अभी और ज़ोर ज़ोर से चूसने लगा. ऐसे ही 5 मीं के बाद वो फिर झाड़ गयी. उसकी छूट से पानी निकल कर गांद की छेड़ की तरफ जा रहा था.

तो मैने अपने जीभ से उसकी सारी पानी छत के साफ कर दी. तो वो फ़ौरन उठ के बैठ गयी और मुझे किस करने लगी. ह्युमेन मिल कर उसकी छूट का पानी पिया. फिर वो मुझे टेबल पर बैठने को बोली. तो में शॉर्ट्स उतार के बैठ गया. मेरा लंड पूरी तरह खड़ा नहीं था.

उसने चेर पकड़ कर मेरे सामने बैठ कर मेरे लंड पर किस दिया और अपना जीभ मेरे लंड के छेड़ मे डालने लगी. अओ मेरे लंड से सो थोड़ी सी प्रेकुं निकली थी उसने अपने मूह में भर लिया और मुझे किस करेनए आई. उसे स्पर्म शेर करना बहुत अछा लगता था.

फिर वो वापस नीचे बैठ गयी अओ मेरे लंड के स्किन को नीचे कीच दिया और सूंघ ने लगी. हमेशा की तरह सूंघ ने के बढ़ छत छत के लंड को पूरा गीला कर दिया. और मूह मे लेके चूसने लगी. मेरा पूरा लंड तो उसकी मूह में नही जर रहा था पर लगभग 80% चला जाता था. और उसे मेरी तरह रफ सेक्स पसंद था. तो में उसकी बाल को पकड़ के अपने लंड में दबा दिया.

उसकी आँखों में अंशु आगाय आज तोड़ा ज़्यादा टाइम तक रख दिया तो में ने फ़ौरन लंड निकल दिया. तो उसने कहा मदारचोड़ निकल क्यूँ दिया. मैने कहा मुझे लगा तुम्हे दर्द होगा. छोड़ने के टाइम रंडियों की परवा नही की जाती भड़वाए.

तो में खड़ा हो गया और उसकी मूह में फिर से अपना लंड दल दिया और वो भी मेरी गांद को पकड़ कर अपनी और किंच रही थी. में छीलाने लगा. ले साली.. ले मेरा लंड. आज छोड़ छोड़ के तेरी मूह का भोशड़ा बना दूँगा. रंडी कहीं की छीनाल साली और खाएगी ले खा… पूरी तरह खा जा मेरा लंड.

वो फिर अपने हाथ से मेरे गांद पर मार ने लगी वो बोलना छातिथि की निकल लंड. पर मैने कुछ देर और वेट किया और फिर निकाला.

टीया: मदारचोड़ मरने का इरादा था क्या? किसी और रंडी को पता लिया है क्या?

मे: तेरी जैसी रंडी के होते हुए किसी और का मुझे ज़रूरत नहीं. वेसए भी तू अकेली ही मेरी लंड को काफ़ी पद जाती है.

टीया: ठीक है ज़्यादा ज्ञान मत छोड़ मेरी छूट को छोड़. और मेरा लंड पकड़ कर मुझे नीचे बिता दिया और खुद लेट गयी.में ने जैसे ही उसकी छूट में लंड घुआसया तो वो छीलाने लगी. तो मैने लंड बाहर निकल दिया.टीया: बहेनचोड़ दल फिर से लंड.

मे: भीक माँग रंडी.

टीया: मलिक मेरे छूट को और मत तड़पाव दल दो अपना लंड मेरे छूट मे. मेरी छूट आपकी लंड की दीवानी है. जब आप नहीं होते हो तो साली छूट आपकी याद में गीली होती रहती और मुझे उंगली डालके संत करनी पड़ती है.

मे: तो ले रंडी मेरा लंड ले.

टीया: हन मलिक छोड़ो अपनी रंडी गर्लफ्रेंड को. में तो आपसे रोड पर भी चुड जौन. मुझे सस्ती रंडी की तरह छोड़ो मेरे राजा.

फिर मैने लंड उसकी छूट में डाला और ढके मरने लगा… वो मेरे गांद पकड़ कर अपनी छूट में दबा रही थी. फिर उसने मुझे रुकने को बोला तो में रुक गया.

तो उसने अपने दोनो हाथों से मेरी गांद को फाड़ कर फैला दिया और अपनी एक उंगली मेरे गांद में दल दिया. और फिर बोली अब छोड़ मुझे कूटे. में और भी एग्ज़ाइटेड हो गया और ज़ोर ज़ोर से छोड़ने लगा.

फिर मैने उसे डॉगी स्टाइल मे घुमाया और उसकी छूट में लंडा पेल दिया और उसकी गांद की छेड़ में उंगली दल दी और एक हाथ से उसकी बाल को पकड़ कर ढके मरने लगे.

टीया: ओह एस बेबी छोड़ो मुझे गली की कुटिया जैसे चुड्ती है वेसए छोड़ मुझे. छोड़ छोड़ के मेरी जान निकल दे. ऐसे छोड़ के में चल भी ना पौन. भोसड़ा बना दे मेरी छूट का.

मे: चुप कर रंडी तू मुझे सिखाएगी कैसे छोड़ते है और मैने उसकी गांद पर एक तपद मारा.

टीया: ग़लती हो गयी, माफ़ करदो मेरे मलिक.

मे: चुप कर भोसदीवाली!

और मैने उसकी गांद में इस बार दो उंगली डालने की कोषीह की तो नहीं जा रही थी… वो रोने लगी और में ज़ोर्से दल दिया उसकी गांद में.

टीया: हाए राम में मार गयी…

मे: चुप कर भाडवी, छीनाल कहीं की..!

टीया: प्लीज़ रुक जाओ जान और नहीं ले सकती.

मे: चुप कर कुटिया!

फिर में उसे और कुछ देर ऐसे ही छोड़ता रहा और उसने अपना पानी छोड़ दिया. और कुछ देर बाद मैने अपना पानी उसकी मूह मे छोड़ दिया. वो मेरे उपर आके लेट गयी और मेरे मूह में मेरा पानी अपने मूह से डालने लगी और में भी उसकी मूह में डालने लगा.. और फिर वो पी गयी.

फिर हम रेडी हुए अओ वो अपने घर के और चल दी.उसके जाने के बाद में सो गया.जब उठा तो मैने देखा की मेरे फोन पर एका म्स्ग था. अर्पिता ने म्स्ग किया था वो क्या था अगले पार्ट में पढ़िए.

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