राहुल की बीवी सेक्स कहानी

Hi friends im jeetu looking handsome great personilty guy from indore. मेन आप को एक कहनि सुनने जा रहा हून ।मेरा एक दोसत था रहुल । रहुल और मेन साथ साथ पदे लिखे, मगर रहुल कि शदि मुझसे पेहले हो गयि ।रहुल एक पोइलोत था।। उसकि शादि शिमला कि निधि नाम कि लरकि से हुवि थि। वहो जब भि बहर जता मुझे हुमेशा केह कर जता कि निधि का खयल रखना ,लेकिन किसमात को कुच और हि मजूर था।

एक दिन मेन भभि कले घर गया ,दूर बनद था मेन ने बेल्ल बजयि मगर कुच देर तक कोइ नहि आया, कुच देर बाद रहुल कि 3 साल कि बेति ने दूर खोला। मेन ने उस्से पुचा कि मुम्मी कहन है तु वहो बोलि मुम्मी अपने रूम मेन काम कर रहि है, मेन रूम कि तरफ़ गया मुझे वहन कोइ नहि दिखयि दिया मेन वपस आ रहा था कि इतने मेन मुझे बथरूम से कुच आवज़ आआआआआआ__—ऊऊऊऊम्मम्मम्मम्मम्म । मुझे आवज़ अजीब सि लगि और मेन बहर चलया। कुच देर बाद भभि बथरूम से बहर निकलि बिना कपदो के पुरि नगि । उनको नगा देख कर मेरा लुनद जो कि 8 इनच का है खदा हो गया। भभि जलदि से बथरूम कि तरफ़ भग गयि और तवोल लप्पेत कर बहर आयि। मुझे कफ़ि दार लग रहा था कि भभि मुझे चिल्लयेगि। मगर भभि मेरे पस्स आयि और मुझसे केहने लगि कि जीतु तुम कब आये । मेन उनकि बातेन समझ नहि पा रहा था । मेन ने भभि से कहा मेन चलता हून वपस आऊनगा।

मेन घर पहुचा मुझे कुच समझ नहि आ रहा था । मुझे हुमेशा सरा दिन सरि रात भभि का वहो नगा बदन याद आ रहा था बार बार मेरा लौनद खदा हो जा रहा था। मेन ने उस्से बुरा सपना समझकर भूल ने कि कफ़ि कोशिश कि मगर भूल नहि पा रहा था। लेकिन एक दिन अचनक भभि का मेरे सेल्ल पे सल्ल आया और उनहोने मुझे घर आने को कहा, मुझे लगा कि शयद भभि को कोइ काम होगा इस्सलिये बुलया है। मेन घर पहुचा मेन ने दूर बेल्ल बजयि और भभि ने गते खोला और मुझे आनदर आने को कहा । मेन ने भभि से पुचा कि शवेता कहन है तु वहो बोलि अपनि फ़रिएनद के घार गयि है। उनहोने ने मुझे अपने रूम मेन आने को कहा और मेन उनके पिचे चला गया।

यह कहानी भी पड़े  लैंडलेडी भाभी ने चूत की आग मुझसे बुझवाई

मेन ने वहन एक 18 साल कि लरकि को देखा मेन ने भभि से पुचा कि ये कून है तु भभि बोलि ये मेरे ममा कि लरकि है कल हि शिमला से आयि है। उसका नाम रनि था। मेन ने भभि से पुचा कि भभि कुच काम था जो आप ने मुझे याद किया तु भभि बोलि कया काम होगा तभि बुला सकति हून कया , मेन कुस समझ नहि पा रहा था कि भभि कया चहति हैन मुझसे । फिर मेन रनि से बातेन करने लगा और धिरे धिरे वहो मेरे करीब आने लगि । उसने मेरे लौनद पे हाथ रखा मेरा लुनद खदा हो गया , मेन बेक्कबु हो गया मेन ने उस्से पकद लिया और उसके लिपस पे किस्स करने लगा। मुझे कुच खयल नहि था कि मेन कहन और किस के घर मेन हून । मुझमेन और जोश आने लगा मीइन उसके बूबस जो कि कफ़ि चोते और नरम थे जूर जूर से दबने लगा वहो मुझे से केहने लगि धिरे करो जीतु , मुझसे रहा नहि जा रहा था मेरा लौनद बहुत तदप रहा था मेन ने उसके कपदे उतार ने शुरु किया और सरे कपदे उतर दिये उसने भि मेरे सरे कपदे उतर दिये , बुस उनदेरवेअर उतरना बकि था । उसमेन भि कफ़ि जोश आ चुक्का था वहो केहने लगि शोव मे उरस अनिमल जीतु शोव मे, उसने मेरा उनदेरवेअर फ़ाद दिया ,और केहने लगि जलदि दलो जीतु जलदि दलू मुझसे रहा नहि जा रहा , मेन ने उसकि चोति से चुत मेन अपना लौनद दला वहो जूर से चिलायि जीतु आआआआआआआआअह्हह्हह्हह्हह्हह्हह्हह्हह बहर निकलो इतने मेन भभि आ गयि और उनहोने ने हुम दोनो को नग्गा देखा तु उनमेन भि जोश आ गया और वहो भि अपने कपदे उतार ने लगि मेन कुच समझ नहि पा रहा था कि कया हो रहा है फिर उनहोने मुझे अपने बेद पे धकेल दिया और मेरे उपर रनि को और केहने लगि अपना लौनद इसकि चुत मेन दलो मेन ने अपना लौनद उसकि चुत मेन दला फिर वहो जूर से चिलायि आआआआआआआ…………।।ह्हह्हह्हह्हह्ह…।।जीतु धिरे मुझसे आब नहि रहा जा रहा था मेन ने जूर जूर से शूत मरना शुरु कर दिया वहो चिल्ला ने लगि

यह कहानी भी पड़े  डेरे वाले बाबा जी और सन्तान सुख की लालसा-4

Pages: 1 2

error: Content is protected !!