पति का चक्कर दूसरी औरत के साथ

दोस्तों मेरा नाम अंजलि है. मैं आज अपनी चुदाई कहानी आपके सामने लेके आई हू. उमीद है आपको कहानी पढ़ कर मज़ा आएगा.

मेरी उमर 30 साल है, और मैं शादी-शुदा हू. मेरे पति एक इंडस्ट्रियलिस्ट है, और काम में बहुत बिज़ी रहते है. मेरा रंग गोरा है, और फिगर 34-30-36 है. मैं हर तरह के कपड़े पहन लेती हू, पर ज़्यादातर मैं जीन्स और शर्ट पहनती हू.

मेरी शादी 2 साल पहले हुई थी, जिससे मुझे एक बेटा भी हुआ. बेटा होने के बाद मुझे नही याद की मेरे पति ने मेरे साथ कभी सेक्स किया हो. जब भी मैं उनके साथ कुछ करने की कोशिश करती, तो वो कोई ना कोई बहाना बना देते. मुझे अब लगने लगा था की शायद मुझमे कोई कमी थी, या अब मेरे पति मुझे पसंद नही करते थे. लेकिन फिर एक दिन मैं उनके ऑफीस के एंप्लायी से चुड गयी. चलिए बताती हू सब कैसे हुआ.

एक दिन मेरे पति घर आए, और मुझे बोले: अंजलि, कल ऑफीस की आन्यूयल पार्टी है. तुम्हे भी मेरे साथ चलना है.

पार्टी सुन कर मैं खुश हो गयी, क्यूंकी बहुत देर बाद मैं उनके साथ कहीं जाने वाली थी. मैने उनको हा कहा, और उसी वक़्त प्लान करने लगी की मुझे कों सी ड्रेस पहँनी थी.

फिर मैने लाल रंग की सारी सेलेक्ट की, और उसको पहन कर चेक किया. मैं उसमे पटाखा लग रही थी. उसके बाद मैने मेकप का समान भी निकाल के रख लिया. फिर रात हो गयी, और हम डिन्नर करके सो गये.

अगली सुबा मैं बहुत एग्ज़ाइटेड थी. पति मुझे ऑफीस जाते हुए बोले की मैं शाम को 6 बजे रेडी राहु. मैने हा में सिर हिलाया.

देखते-देखते 5 बाज गये, और मैने रेडी होना शुरू किया. मैने रेड ब्रा, रेड पनटी, रेड ब्लाउस आंड पेटिकोट पहना. और इनके उपर रेड सारी पहन ली. फिर मैने मेकप किया और खुद को शीशे में देखा. मैं ऐसी लग रही थी, की मुझे देख कर कोई भी मर्द पागल हो जाए.

6 बाज चुके थे, और मेरे हज़्बेंड का फोन आया की वो मेरी बाहर वेट कर रहे थे. मैं बेबी को नानी को देके बाहर चली गयी. मुझे लग रहा था की जब मैं गाड़ी में बैठूँगी, तो हज़्बेंड मेरी तारीफ करेंगे, लेकिन उन्होने तो मेरी तरफ ठीक से देखा भी नही.

ये देख कर मैं उदास हो गयी. आधे घंटे में हम पार्टी पर पहुँच गये. वहाँ बहुत सारे लोग थे. उनमे से आधे से ज़्यादा तो हमारे एंप्लायीस थे. हज़्बेंड ने मुझे सब से मिलाया. सब मुझे मेडम-मेडम कह कर बुला रहे थे.

वहाँ सब लोग मुझे ऐसे देख रहे थे, जैसे कोई पारी देख ली हो. उनका अटेन्षन मुझे अछा लगा. तभी मेरी नज़र मेरे पति के ऑफीस मॅनेजर पर गयी. उसका नाम रजत था, और वो शादी-शुदा मर्द था. वो मेरी ही तरफ देखे जेया रहा था.

जब मैने उसको इशारे से पूछा की वो क्या देख रहा था, तो उसने मुझे आँख मार दी, और किस करने का इशारा किया. ये देख कर मुझे बहुत गुस्सा आया, की वो ऐसे-कैसे मुझे गंदे इशारे कर रहा था.

रजत वैसे दिखने में स्मार्ट था. उसकी हाइट तकरीबन 5’11” होगी, और वो फिट भी था. लेकिन हरकतें उसकी लोफरो जैसी थी. उसकी हरकत के बारे में मैं अपने पति को बताने गयी, लेकिन उन्होने मेरी बात पर ध्यान नही दिया, और अपने फ्रेंड्स के साथ बातें करते रहे.

फिर मैं साइड में जाके बैठ गयी. कुछ देर बाद मैने देखा, की मेरी पति एक लड़की के साथ बातें कर रहे थे. वो दिखने में खूबसूरत थी, और उसने ब्लॅक कलर की ओनेपीएसए ड्रेस पहनी थी. उसकी ड्रेस काफ़ी शॉर्ट और टाइट थी, और उसमे उसकी बॉडी की पूरी शेप नज़र आ रही थी.

उसका गला इतना डीप था की बहुत लंबी क्लीवेज नज़र आ रही थी. ऐसा लग रहा था उसके बूब्स ड्रेस फाड़ कर बाहर आ जाएँगे. अपने पति को उसके साथ हस्स-हस्स कर बातें करते देख के मुझे जलन सी होने लगी. वो बात-बात पर हस्स रही थी, और मेरे पति की चेस्ट पर शरारत से हाथ मार रही थी.

फिर कुछ देर ऐसा ही चलता रहा. तभी मेरे पास कोई आके बैठ गया. मैने देखा तो वो रजत था. रजत मेरी तरफ देख के मुस्कुराया और बोला-

रजत: मेडम आप बहुत खूबसूरत लग रही हो.

मेरा दिल तो उसको थप्पड़ मारने का कर रहा था, लेकिन फिर भी मैने उसको स्माइल करके थॅंक योउ कहा. फिर मैने मूह दोबारा अपने पति की तरफ कर लिया. लेकिन अब मेरे पति वहाँ नही थे.

मैं उनको इधर-उधर देखने लगी, लेकिन वो कहीं नज़र नही आ रहे थे. फिर मैं वहाँ से खड़ी हो गयी, और चारों तरफ देखने लगी. लेकिन मुझे वो नही दिखे. तभी रजत खड़ा होके मेरे पास आया और बोला-

रजत: क्या हुआ मेडम, किसको ढूँढ रही हो आप?

मैं उसके साथ बात तो नही करना चाहती थी. लेकिन मुझे लगा की शायद वो मेरी हेल्प कर सके. इसलिए मैने बोला-

मैं: वो मेरे हज़्बेंड अभी यहाँ थे, लेकिन पता नही कहाँ चले गये.

रजत मुस्कुराया और बोला: वो तो लीना मेडम के साथ गये होंगे.

मैं: लीना मेडम?

रजत: हा, लीना मेडम. हमारी क्लाइंट है. सिर अक्सर उनके साथ…

ये कह कर वो रुक गया. उसके चेहरे की स्माइल देख कर मुझे कुछ उलट-सुलट लग रहा था. फिर मैने उससे पूछा-

मैं: उनके साथ क्या?

रजत कुछ नही बोला.

मैं: उनके साथ क्या? बताओ मुझे.

रजत: बस ऐसे ही थोड़ी मौज-मस्ती, घूमना-फिरना. अब भी वो अपने प्राइवेट रूम में गये होंगे उसके साथ.

मैं: क्या बकवास है.

रजत: सच में, आप देखना चाहोगी?

मेरे पास उसको हा बोलने के अलावा कोई चारा नही था, तो मैं उसके पीछे-पीछे चल दी. वो मुझे पार्टी से बाहर एक जगह ले गया, जहाँ कुछ रूम्स बने हुए थे. वहाँ पर एक रूम के बाहर रुक कर उसने मुझे चुप रहने का इशारा किया.

फिर उसने कमरे के दरवाज़े को हल्का सा धक्का दिया. दरवाज़ा खुल गया, और अंदर का नज़ारा दिखने लगा. अंदर का नज़ारा देख कर मेरे पैरों के नीचे से ज़मीन खिसक गयी.

अंदर मैने क्या देखा, और आयेज क्या हुआ, वो आपको अगले पार्ट में पता चलेगा.

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