घर की दीदी का बाय्फ्रेंड बन के चुदाई करी

हेलो दोस्तो ये कहानी नही हक़ीकत है, बाकी आप की मर्ज़ी. मई राजस्थान, जोधपुर मे था जब मुझा ये मौका मिला. मेरे मम्मी पापा रेलवे मे नौकरी करते है इसलिए उनका ट्रान्स्फर होता रहता है.

मेरे 1 बड़ी हरामी बेहन है जो मुझे मरने का काम हे करती है. जब देखो तब मम्मी पापा से मेरे शिकायत और तंग करती रहती है. साली चुड़ाल है, बस धोस्स जमती रहती है.

उस वक़्त मई 12त मे था और मेरे भें कॉलेज मे थी. वाहा उसका एक फ्रेंड था जो रोज़ उसके लेने आता और चोर्दने आता था. मुझा पूरा शक था की ये उसका बाय्फ्रेंड है. पर वो हमएसा माना करती थी की नही बस दोस्त है.

हद तो तब हो गयी जब रक्षाबन्धन पे उसने मेरे साथ साथ उस लड़के को भी रखी बँधी ताकि मम्मी पापा को शक ना हो. मुझा पता तो सब था लेकिन मई कुछ कर नही सकता था. क्या करू कोई सबूत नही था मेरे पास.

आप सोच रहे होंगे की मई इतना कॉन्फिडेंट कैसे था की उसका उस लड़के के साथ चाकर है. तो ऐसा है भाइयो जब मेरे दीदी सुबा घर से निकलती थी तब उसने ब्रा फेने होती थी. लेकिन जब वो वापिस आती थे तब नही. और उसके वो बड़े बड़े निपल्स मुझा सॉफ दिखते थे.

मुझा पता था की घर की मुर्गी के मज़े कोई और ही ले रहा था. लेकिन जैसा मैने कहा मेरे पास कोई सबूत नही था.

दिन पे दिन ऐसे हे निकलते गये मई मौके की तलस मई बैठा रहा. लेकिन ऐसा कोई मौका नही मिला. बस कभी कभी दीदी झुकती या नाचती तो कुछ देखने का मौका मिल जाता और मई हिला के सू जाता.

कुछ दीनो से दीदी उदास लग रही थे और रोज शाम को ब्रा पहन के घर आने लगी थी. और उनका मु बोला भाई या फ्रेंड भी नही दिख रहा था. मुझे डाल मे काला तो लग ही रहा था.

तभी एक दिन मेरे दीदी का फ्रेंड या मु बोला भाई मुझा रास्ते मे मिला और अपने साथ दारू पन के लिया बोला. मुझा भी फ्री दारू मे कोई प्राब्लम नही थी. मई भी चल दिया, वैसे भी वो तो मेरे बड़े भाई जैसा था अकॉरडिंग तो मी दीदी. सो मई चल दिया.

दारू और सिगरेट पीते पीते भाई ने मुझा दीदी की सारी पॉल पट्टी बताई की आक्च्युयली मे हुआ क्या है.

आक्च्युयली मे राज और मेरे दीदी दोनो गर्लफ्रेंड बाय्फ्रेंड ही थे. लेकिन कुछ दिन पहले जब दीदी ने राज को किसे और लड़की के साथ देखा तो दोनो मे झगड़े शुरू हो गये. दीदी ने राज कोई बहोट भला बुरा कहा और कॉलेज मे सब के सामने उउस्को बहोट ज़लील किया.

राज ने दीदी को मानने की बहोट कोसिस की लेकिन दीदी ने उसके घर पे सब बता दिया. जिसके बाद राज के अपने पेरेंट्स के साथ आन-बन शुरू हो गयी.

अब राज ने दीदी को धमकना शुरू किया की मई तेरे को देख लूँगा. उसके पास दीदी और उसके प्राइवेट पिक्स और वीडियोस थे जो वो विराल करना चटा था.

लेकिन दीदी ने उससे सॉफ कह दिया था की अगर उसने ऐसा कुछ किया तो वो पोलीस मे कंप्लेन कर देगी. अब राज के पास कोई ऑप्षन नही था और फ्रस्ट्रेशन मे वो मेरे पास आया था.

उसकी सारी बात सुनने के बाद मैने उससे पूछा की मई तुम्हारी मदद कैसे कर सकता हू?

तब उसने मुझे मेरी दीदी और उसके सारे प्राइवेट पिक्स और वीडियोस दे दी और बोला जो करना है कर. ये सुनके पहले तो मई घबरा गया. मैने राज को सॉफ बोला की आज के बाद मेरे दीदी से डोर रहना. और सब पिक्स और वीडियोस लेके घर आ गया.

पहले तो मेरा दिल किया की ये सब पिक्स और वीडियोस बिना देखे के डेलीट कर डू हमेशा के लिए. लेकिन फिर मॅन किया एक बार देख के डेलीट कर दूँगा.

लेकिन जब मैने वो सब देखा तो मॅन किया रख लेता हू कभी बुरे वक़्त मे काम आएगी.

उसके बाद कुछ दिन ऐसे ही गुज़र गये. एक दिन मेरा भें ने मुझे रात को घर की च्चत पे सिगरेट पीते पकड़ लिया और मुझा डाँटने लगी. लेकिन पता नही क्यू मुझा कोई फराक नही पद रहा था, ना कोई दार लग रहा था उसकी डाट का.

मैने उसे जब उल्टे जवाब दिया तो वो बोली रुक अभी मम्मी पापा को बताई हू. तब मैने भी बोला बता बता फिर मैने भी कुछ बतौँगा.

ये सुन के वो रुक गयी और वापिस आई और बोली क्या बताएगा?

मैने फोन निकाला और एक वीडियो चला दी जिसमे वो राज का लंड चूस रही थी. वो देखते ही वो गहबरा गयी और मुझसे पूछने लगी ये तेरे पास कैसे आए कहा से आए??

लेकिन मैने पूछा की आपने राज का सारा पानी पीया था क्या? दीदी का मूह देखने वाला था.

वो मुझसे रिक्वेस्ट करने लगी – सुन किसी को मत बताना और ये सब डेलीट कर दे भाई, प्लीज़ मई तेरे भें हू ना.

वो मेरे सामने हाट जोड़ के खड़ी थे. लेकिन अब उसे देख के मेरा लंड खड़ा हो चुका था. मैने बिना कुछ कहे उसका एक बूब पकड़ लिया. दीदी ने मेरा हाथ झटक दिया.

मैने दीदी से सॉफ कहा की आज तो मेरा हाथ झटक दिया आयेज से ऐसा मत करना. नही तो तुम जानती हो मई सच मे मम्मी पापा को बता दूँगा. और फिर तुम्हारी अची बची वाली इमेज खराब हो जाएगी.

दीदी रूणे लगी मेरे से रिक्वेस्ट करने लगी. लेकिन मई एक हाथ से सिगरेट और एक से मेरे दीदी का बूब दबाता रहा. मेरे दीदी वैसे बहोट सेक्सी थी. मस्त फिगर था, बिल्कुल एलिया लगती थी.

उस रात तो मैने उसे जाने दिया लेकिन उसके बाद मेरे अंदर की हवस और जागने लगी. अब मुझे जब और जहा मौका मिलता मई दीदी के बूब्स पकड़ लेता और किस कर लेता.

फिर एक रात मेरे से रहा नही गया. मैने अपनी दीदी के रूम मे गया और गाते बंद कर के नंगा खड़ा हो गया. और बोला आज मुझे छोड़ना है.

दीदी रोने लगी रिक्वेस्ट करने लगी प्लीज़ भाई छोड़ मत. मूह मे दे दे पर छोड़ मत. दीदी की बहोट रिक्वेस्ट करने पे मैने छोड़ा तो नही लेकिन मूह मे दिया, हाथ से हॅंजब लिया. और सारा पानी उसके बूब्स पे झाड़ के आ गया.

अब रोज रात को मई मम्मी पापा के सोने के बाद दीदी के रूम मे जाता और फुल मज़ा लेके आता. धीरे धीरे दीदी को भी आदत पद गयी और अब वो बिना मूह बनाए ही सब करने लगी.

फिर अगले साल उसकी शादी तय हो गयी. लेकिन मैने सोच लिया था की घर की मुर्गी को तो पहले मई ही ख़ौगा. इसलिए मैने शादी से 1 हाफ्ते पहले से दीदी को फुल छोड़ना शुरू कर दिया.

जब जहा मौका मिलता तब छोड़ता. और फिर दिन शागना दा आ गया और दीदी मुझा कॉर्ड के अपने पति के साथ चली गयी. लेकिन शादी के कुछ दिन बाद ही खबर आई की दीदी प्रेग्नेंट है.

सब को लग रहा था की हनिमून सक्सेस्फुल रहा. लेकिन मुझे और दीदी को पता था की वो किसका बचा था. आज भी मुझा जब भी मौका मिलता है मई दीदी को छोड़ता हू.

अब तो दुनिया के लिए मेरे दीदी है. हक़ीकत मई तो वो मेरे बीवी है. और मई उसे बहोट प्यार करता हू और करता रहूँगा.

ये सीक्रेट हमेशा हमारे बीच मे ही रहेगा, ऐसा मुझा लगा था. लेकिन एक दिन मेरी मम्मी ने मुझे ये बोल के सर्प्राइज़ कर दिया की अपनी दीदी से दूर रह. कम से कम दूसरा बचा तो उसके पति से होने दे.

अब ये अगली स्टोरी मई बतौँगा फिर क्या हुवा.

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