मेरा पहला अनुभव अपनी कज़िन सिस्टर से

हेलो फ्रेंड्स मेरा नाम अयान है, नोट रियल नाम. मे कराची से हू और एक परही लिखी फॅमिली से बिलॉंग करता हू. मेरी हाइट 5.9 है. मे देखने मे आवेरांगे हू, लंड का साइज़ 7 इंच है तक़रीबन. मे लॉ का स्टूडेंट हू और मे तक़रीबन 2 साल से ड्के पर स्टोरीस रेड कर रहा हू बोहोट मज़ा आता है स्टोरीस पढ़ने में.

ये मेरे फेली स्टोरी है जो बिल्कुल सूची है वर्ड तो वर्ड जो मे आपको बताने जेया रहा हू. लिहाज़ा इसमे अगर कोई करेक्षन्स हू या कोई ग़लती तो मुझे फीड बॅक ज़रूर देना, मे नेक्स्ट स्टोरी मे ख़याल रखूँगा.

टाइम वेस्ट ना करते हुए कहानी की तरफ बर्हता हू. ये कहानी मेरे और मेरी खाला की बेटी की है जिसका का नाम अलीज़ा है. ये 2017 की बात है तब अलीज़ा की उमर 18 साल थी.

अलीज़ा के बारे मे बतौ, वो बिल्कुल वाइट गोरी चित्ति है बिल्कुल अपनी मा यानी मेरे खाला की तरह. हाइट 5 फ़्तस, गोलडेन हेर, बरी बरी आँखेन्म छोटा क्यूट सा फेस बोहोट प्यारी थी. उसका फिगर 32-26-34 था, उसकी बॅक मुझे बोहोट पसंद थी, मे शुरू से बॅक (गांद) का आशिक़ हू.

मे अस्कर अपनी नानी के घर जया करता वित फॅमिली. मेरे नानी वेल रिच है, मामा वगेरा सब वेल सेट्ल है. सब आस पास रहते है एक ही लाइन मे सबके घर है तो अलीज़ा भी वहाँ आती जाती रहती है.

ये कहानी शुरू हुई तब जब मे एक दिन अपनी फॅमिली के साथ अपनी नानी के घर पर था. सब कज़िन्स जमा थाइ अलीज़ा भी वहाँ थी तो अपस मे हसी मज़ाक चल रहा था.

उस रात मैने अलीज़ा को देखा वो मोबाइल पर मुसलसल किसी को ंषगस कर रही थी. मैने उसे मज़ाक मे पूछा कों है जिससे इतना शिदत से बाटीएन कर रही. तो उसने हस्स के बहाना बना दिया स्कूल की दोस्त है. मुझे शक हुआ तो मैने उसपे नज़र रखना शुरू करदी.

मे 5 दिन मज़ीद वहीं रुकने वाला था तो मैने इन्वेस्टिगेशन करना स्टार्ट करदी. वैसे मे बता दूं जैसा स्टोरीस मे होता है इतना आसान नही होता किसी को सेक्स के लिए राज़ी करना ख़ास टॉर पर बहें या कज़िन को. तो मैने इन्वेस्टिगेशन करना स्टार्ट की तो मुझे पता चला अलीज़ा का अफेर वहीं किसी लार्की से चल रहा है उसका नाम उस्मान था.

उस्मान एक हॅंडसम लरका था जब मैने उसे देखा तब पता चला. 5 दिन गुज़र गये, मे अपने घर वापिस आ गया, मामोल के मुताबिक लाइफ चल रही थी. मेरे पास अलीज़ा का नंबर था तो मैने उससे कासुआली बात स्टार्ट की ंषगस पर.

में: ही!

अलीज़ा: हेलो.

में: कैसी हो? और घर मे सब कैसी है?

अलीज़ा: मे थेक और थेक है सब आप सुनाए?

में: ऑल गुड.

अलीज़ा: म्स्ग क्यू किया कोई काम था पहली तो कभी म्स्ग नही किया आप ने.

में: नही कोई काम नही था बस ऐसे ही म्स्ग कार्डिया.

अलीज़ा: अछा मे समझी कोई काम होगा आपको और बताए कैसी चल रही है जॉब.

में: पर्फेक्ट बस ढाका लगा रही है.

अलीज़ा: अछा!

में: एक बात पूचु?

अलीज़ा: जी पूचु ब्रो.

में: तुम्हरा कोई ब्फ है.

अलीज़ा: नही ये कैसी बाटीएन कर रही है आप आपको मे ऐसी लगती हो. आपसे ये उमीद नही थी.

में: अरे सॉरी मैने ऐसे ही पूछा था तुम बुरा मान गये.

अलीज़ा: बुरा मानने वाली बात है, कोई छोटी बहें से ऐसे बोलता है.

में: अछा सॉरी मी मिस्टेक और बाइ कह कर मोबाइल रख दिया.

मैने सोचा क्या किया जाए कैसी लाइन पर लाओ इसको. ये ऐसे कुछ नही बताएगी. कुछ वक़्त यौंही गुज़र गया गर्मियों के दिन थाइ तो सब कज़िन्स ने मिल कर पिक्निक का प्रोग्राम बनाया जिसको मैने सूपरवाइज़ किया.

सनडे का प्रोग्राम था सब नानी के घर जमा हो अलीज़ा भी थी वो मुझसे थोरी खफा लग रही थी मैने उसको अगेन सॉरी कहा वो मान गये और नाराज़गी ख़तम करदी.

सॅटर्डे नाइट सब जमा थाइ जाग जिसमे सब बारे घर के सोने चली गये अलीज़ा मोबाइल मे लगी थी मे उसे नोट कर रहा था वो मुझे देखती स्माइल कर देती मे भी स्माइल कर देता.

अचानक वो मेरे दूसरी कज़िन को कान मे कुछ बोलने लगी मे सुन नही पाया. पर मेरी कज़िन अलीशा उसकी साथ वो बहाना बना के साथ वाली स्टोर से चीज़ें लेनी गयी. मेरा दिमाग़ मे आया जेया कर देखु. मे चुपके से उसकी पेची गया. दोनो स्टोर पर गये और चीज़ें लेने लगी मे दूर चुप के उन्ही देख रहा था.

अलीज़ा को कॉल आए उसने कॉल पर किसी से बात की शायद वो उस्मान था. मे उसको रेंजी हाथों पाकरना चटा था. 5 मिंट बाद एक लरका बिके पर आया और उस्नी अलीज़ा को एक शोपेर दी हाथ मिलाया और चला गया मे दूर खड़ा था. मैने उसकी शकल देख ली थी, वो साथ वाली गली मे रहता था.

वो लोग वापिस आए तो मे वापिस से भाग के घर मे आ गया और अलीज़ा आंड अलीशा के आती ही उस्नी वो शोपेर छुपा दिया जो मे देख चुका था. मुझे पता नही था के आज की रात ही मे अलीज़ा के साथ सेक्स करलूंगा.

अलीज़ा सब के बीच आकर बेत गये मैने उसको म्स्ग किया.

में: ही कज़िन.

अलीज़ा: सामने बेत के म्स्ग क्यू कर रही हो?

में: तुम तो बरी छुपी रस्टों निकली.

अलीज़ा: मीन्स?

में: चीज़ लेनी ही गये थी या…

अलीज़ा: चीज़ लेनी ही गयी या से आपका क्या मतलब है??

में: ज़्यादा बनो मत मैने तुम दोनो को स्टोर पर किसी लार्की के साथ देखा है उस लार्की को मे जानता हू मैने पिक्चर लेली है हाथ मिलती हो और वो शोपेर भी देख लिया है.

अलीज़ा का रंग उडद गया और सोच मे पारह गयी, मे दूर बेता मुस्कुरा रहा था.

अलीज़ा: प्लीज़ ब्रो किसी को बताना नही ई बेग ऑफ योउ.

में: मे तो बतौँगा खाला खलो को के इनकी इक्लोटी बेटी क्या गुल खिला रही है कबस्ी चल रहा है ये सब.

अलीज़ा: प्लीज़ ब्रो आप किसी को मत बताएगा, मेरा सब जगह आना जाना बंद हो जाएगा, मे उस लार्की से प्यार करती हू, 1 साल हो गया.

में: शरम नही आती तुम्हे अपनी साथ अपनी मा बाप की इज़त का जनाज़ा निकलॉगी और कितनी बार मिली हो ऐसे चुप के?

अलीज़ा: 5-6 बार मिली हू.

में: कुछ किया है तुम दोनो ने सच बताना वरना…

अलीज़ा: आप प्रॉमिस करो किसी से कुछ नही कहोगी.

में:. प्रॉमिस किसी को कुछ नही कहूँगा, बताओ.

अलीज़ा: 3 बार किस्सिंग की है बस उससे आयेज वो बोलता है लेकिन मे माना कर देती हू.

में: है किस्सिंग वैसे तुम हो ही इतनी प्यारी दिल तो करेगा जो देखेगा.

अलीज़ा: मतलब क्या है आपका?

में: मतलब मुझे भी किस चाहिए अभी

अलीज़ा: आप पागल हो मे आपकी सिस हू!

में: कज़िन सिस्टर हो रियल वाली नही.

अलीज़ा: नही मे ऐसा नही कर सकती.

में: थेक है मे फिर सुबको अभी बता देता हो और वो शोपेर भी देखा देता हू और पिक भी हॅंड शेक वाली.

अलीज़ा: प्लीज़ भाई नही किसी को मत बताना थेक है पर कैसी करेंगी.

में: मे छत पेट जेया रहा हू सिग्रते पेनी के बहाने तुम भी कोई बहाना करके उपर आ जाओ.

अलीज़ा: कोशिश करती हो.

में: ओक.

बोल कर छत पर चला गया 15 मिंट गुज़र गये अलीज़ा छत पर आई और कहा पहली वो पिक डेलीट कर दे और मुझसे प्रॉमिस करें की किसी से कुछ नही कहूँगा.

में: पहली किस दो फिर सब कुछ.

उस्नी नज़री झुका के कहा आप खुद कार्लो.

मे उसकी पास गया, उसकी हाइट मुझे थोरी छोटी है. मैने उसका फेस दोनो हाथों से पाकारा उसकी जिस्म मे खुश्बू मुझे देवना कर रही थी. मे उसकी करीब हुआ उस्नी आँखें बंद करली .मैने अपनी होन्ट उसकी गुलाबी होंतों पर रखी और उन्ही चूमनी लगा.

क्या बताओ दोस्तों उसके होन्ट शहेड जैसी मेथी थाइ. मे वो तोरा हिल जुल रही थी पर थोरी देर मे वो रिलॅक्स हो गयी. मे उसकी होन्ट चूमे जेया रहा था अपनी ज़ुबान उसकी मूह मे घुसने को कोशिश कर रहा था पर उसने मूह बंद किया हुआ था.

15 मिंट बाद उस्नी अपना मूह खोला और मेरा साथ डिनाइ लगी. मे अपनी दोनो हाथों से उसकी कमर सहला रहा था. क्या बतौ चिकनी कमर थी उसकी. मे पागल हो रहा था, मेरा लंड बिल्कुल सख़्त हो गया था. जो उसको महसूस होने लगा वो एकद्ूम से पेची हट गयी.

मैने उसे कहा क्या हुआ?

उस्नी कहा कुछ नही आपकी किस हो गयी मे जेया रही हू, वो पिक डेलीट करदें.

मैने उसको कहा कोई पिक नही ली थी तुम्हे किसी और के साथ देख के बर्दस्त नही हुआ तो झूट बोला. वो गुस्सा हो कर वहाँ से चली गयो.

मैने उसको म्स्ग किया के अलीज़ा किस के बाद से मुझे तुमसे प्यार हो गया है. तुम्हरे जिस्म की खुश्बू ने मुझे पागल कर दिया है, ई रियली लोवे योउ. उसका रिप्लाइ नही आया, मे चाट पर बेता उसके ख़यालों मे खोया था की उसका म्स्ग आया-

अलीज़ा: अची तो आप भी है मुझे इतना मज़ा किस करने मे अभी तक नही आया जैसा आपकी साथ आया.

में: तो उपर आओ ना फिर से करती है प्लीज़.

अलीज़ा: थोरी देर रुकी, सब सो जाए तब मे उपर आती हू.

1 घंटा गुज़र गया, 4 बजे गये तब वो उपर आई, मैने उसको कहा एक बात कहो बुरा तो नही मनोगी?

अलीज़ा: बोलें क्या बात है?

मैने उसको अपनी पास खेंचा, वो मेरे करीब आए. मैने उसकी आँखों मे देख के कहा ई रियली लोवे योउ. उस्नी नज़री झुका के कहा पर मे… और चुप हो गयी.

अलीज़ा देखो जिस लार्की के साथ तुम्हरा रीलेशन है उसे तुम कभी शादी नही कर सकती, खाला खलो नही मानेंगी. मे तुम्हे खुश रखुगा ई लोवे योउ सो मच.

उस्नी कहा पर अभी किसी को कुछ नही बताएँगे, ई लीके योउ आंड उसका ये कहना था.

मैने अचानक उसकी होंतों पर अपना होन्ट रख दिए और उसको पागलों की किस करने लगा. वो भी मेरा साथ दे रही थी. मे अपनी ज़ुबान उसकी मूह मे डाल के घूमता और वो भी अपनी ज़ुबान मेरे मूह मे डालती.

मैने उसकी दोनो टाँगे खोल के उसको अपनी गौड़ मे बेता लिया और 30 मिंट तक उसको किस करता रहा. मेरे हाथ कभी उसकी कमर को सहलाती कभी उसकी 34 गांद पर सहलाता. वो आहिस्ता आहिस्ता गरम हो रही थी.

मे उसको किस कर रहा था और दोनो हाथों से उसकी गांद दबा रहा था. क्या सॉफ्ट गांद थी उसकी!!

फिर मैने अपना एक हाथ उसकी रिघ्त बूब पर रखा और कमीज़ से उपर से दबाया. क्या बूब्स थाइ एकद्ूम नरम! उस्नी फोम वाली ब्रा पहनी थी, बूब्स को दबाती ही उसकी आअहह निकल गयी.

मे उसको कभी गर्दन पर चूमता कभी उसकी कान को मूह मे लेके चूस्टा और एक हाथ से उसका बूब्स को रब करता. वो मचल रही थी और सिसकारियाँ ले रही थी आअहह… अयान प्लेआसीए आराम से करो दर्द होता है वहाँ.

मे उसकी बात को इग्नोर करती हुए उसकी दोनो बूब्स को दबाने मसल रहा था. वो मेज़ी मे सिसकारियाँ ले रही थी आआहह आराम से करो प्लीज़…

वहाँ एक चारपाई पारी थी, मैने उसको उठा के वहाँ ले कर लेता दिया और उसकी उपर आ कर उसको किस स्टार्ट करदी और लंड उसकी लेग्स के बीच रब करने लगा.

फिर मे अपनी शर्ट उतरी और उसकी शर्ट उतरने लगा. उस्नी थोरे नखरे करे फिर मान गयी. जब उसकी शर्ट उतरी तो उसका जिस्म चाँद की रोहसनि मे चमक रहा था. उपर से पिंक कलर की ब्रा उफफफ्फ़… क्या लग रही थाइ उसके बूब्स बिल्कुल टाइट ब्रा मे.

मे तो जैसी भूकी शेर के तरह टूट परा और ब्रा के उपर से उसकी बूब्स को चाटने लगा और ज़ोर ज़ोर से दबाने लगा. उसकी सिसकियाँ तेज़ होने लगी और वो मचलनी लगी.

मैने उसकी ब्रा का हुक खोल दिया और ब्रा को हटा दिया. क्या बतौ उसकी वाइट बूब्स गोल बिल्कुल उसपे पिंक कलर के निपल्स! मैने एक एक करके उसकी निपल्स को मूह मे भार के चूसनी लगा. कभी एक बूब चूस्टा और दूसरा हाथ मे लेके दबाता. वो ज़ोर ज़ोर से छीलनी ल्गी आअहह प्लेआस्ीई आराम से मुझे कुछ हो रहा, गुदगुदी हो रही है आआअहह… अयान प्लीज़ ऐसे करो…

मे उसकी बूब्स को कभी चाट’ता कभी मूह मे लेकी चूस्टा. वो मेरा सर पाकर के बूब्स पर दबाने लगी.

थोरी देर मे उसको करेंट सा लगा और वो कापनी लगी आआहह… मुझे कुछ हो रहा है नेची आअहह… कुछ निकलनी वाला है बोहोट अछा लग रहा है करती रहो ऐस्यी आआहह आअहह… अयान आअहह आहह ज़ूऊऊर से चूसो मेरे दूध मे गयी आआहह आहह…. आय्ाआअँ और वो झार गयी और बुरी तरह कापनी लगी, ये उसका फेला डिसचार्ज था.

आयेज मैनी कैसे अपनी कज़िन को चोदा ये नेक्स्ट पार्ट मे बतौँगा.

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