वो खाली दुकान और चार चार मीठे पकवान –2

वो खाली दुकान और चार चार मीठे पकवान –1 मेरा तारा और किट्टी के साथ का हमबिस्तर होना अब दोनों ( किट्टी और तारा ) को पता चल गया था. दोनों ने मुझे ये हिदायत दी कि मैं पूनम और वीरा को इस बात की बिलकुल भी भनक ना लगने दूँ. तारा ने कहा कि वीरा और पूनम दोनों लेस्बियन हैं. दोनों एक साथ मुझसे सेक्स करने को कहेगी. मैंने तारा और किट्टी को विश्वास दिलाया कि मैं उन दोनों को बिलकुल पता नहीं चलने दूंगा. मैं रात को सोचने लगा कि आखिर एक साथ दो दो औरतों से सेक्स कैसे होता होगा? कितना मजा आता होगा? ये लेस्बियन क्या होता है? इन सब सवालों ने मुझे रोमांचित कर दिया. मैंने उन दोनों को एक साथ मिलने का फैसला किया.
अगले दिन वीरा मेरे शो रूम से कुछ टी शर्ट लेकर अपने पार्लर में ट्राई करने गई. उसने दो टी शर्ट पसंद किये और मुझसे पूछा ” मुझे कुछ डिस्काऊंट मिलेगा? ” मैं मुस्कुराया और बोला ” बिलकुल मिलेगा. पूनम को कुछ नहीं चाहिये क्या? नया स्टॉक आया हुआ है. वैसे नीला रंग तुम पर बहुत खिलता है और तुम इसमें बहुत ही खुबसूरत लग रही हो.” वीरा अपनी तारीफ सुनकर खुश हो गई. उसने पूनम को भेज दिया. पूनम ने भी टी शर्ट लिए. मैंने उसे भी थोडा डिस्काऊंट दिया और उसे भी यही कहा कि गुलाबी रंग के टी शर्ट में वो गज़ब ढा रही है. जब रात को वे दोनों एक साथ घर के लिए निकली तो मझे देखकर मुस्कुरा रही थी. मैं भी मुस्कुराया और अपना हाथ हिला दिया. मुझे लगा तीर थोडा निशाने पर लगा है. अगले दो तीन दिनों तक मेरा उन दोनों के साथ यह सिलसिला पूरे दिन चलता रहता.
उस दिन तारा नहीं आनेवाली थी. किट्टी कुछ देर के लिए कहीं बाहर गई. मैं पार्लर के सामने से युहीं गुजरा. दरवाजा खुला हुआ था. पूनम और वीरा आपस में बातें कर रही थी. मुझे देखते ही वे दोनों मुस्कुराने लगी. मैंने पूछा ” आज कोई कस्टमर नहीं है क्या?” दोनों ने ना में सर हिला दिया. मैं उनके सामने रखी स्टूल पर बैठ गया. दोनों ने मुझे अपनी तारीफ करने के लिए शुक्रिया कहा. मैंने कहा ” इसमें शुक्रिया कैसा. जो अच्छा दिखता है उसे कहना ही चाहिये कि वो अच्छा दिखता है. अच्छा एक बात बताओ तुम दोनों एक साथ ही रहती हो?” पूनम ने कहा ” हाँ. हम दोनों ने एक रूम किराये पर लिया हुआ है.” मैंने फिर पूछा ” एक ही साथ रहते हुए कैसा लगता है?” वीरा बोली ” अच्छा लगता है.” मैंने फिर आगे बात बढाई ” एक ही कमरा है तो फिर तकलीफ होती होगी?”
पूनम – ” खाना तो हम बाहर से लाकर खाते हैं. घर में सिर्फ चाय बनाते हैं. ”
मैं – ” सोते कैसे हो? एक ही बेड होगा. डबल बेड है?”
पूनम – ” कमरा बहुत छोटा है. एक सिंगल बेड ही है.”
मैं – ” सिंगल बेड पर कैसे सोती होंगी?””
वीरा – ” एक दम आराम से”
अब मैंने थोडा शरारत भरा सवाल पूछा ” कभी कभी आपस में नींद में गले भी मिल लेटी होंगी” मेरी इस बात पर दोनों ने एक दूसरे को देखा और हंसने लगी. मैंने अब सीधा सवाल पूछा ” अच्छा बताओ जब दो लडकीयाँ आपस में गले मिलती हैं और उन दोनों के सीने भी टच हो जाते हैं तब कैसा लगता होगा? मुझे ये सवाल बहुत सताता है. तुम दोनों एक साथ रहती हो इसलिए पूछ रहा हूँ. ”
वीरा ने अपनी आँखें पूनम की तरफ घुमाई और बोली ” इतना ही पता करना है या फिर कोई और बात है? आज तुम हमसे इतना क्यूँ घुलमिल रहे हो?” अब पूनम ने एक टेढ़ी मुस्कान मेरी तरफ डाली और बोली ” अगर तुम सीधी बात करो तो ज्यादा अच्छा रहेगा. हम तीनों आपस में दोस्त हैं. कोई बात नहीं छुपायेंगे.” मैंने उन्हें फिर कहा ” मैंने एक बार कहीं ऐसा ही कुछ पढ़ा था. दो लडकीयाँ साथ साथ रहती हैं. आपस में प्यार करती हैं. मुझे कुछ समझ में नहीं आया. उन्हें लेस्बियन कहा जाता है.” वीरा बोली ” हम दोनों भी लेस्बियन है. ये बात सिर्फ तारा और किट्टी को पता है. इस गुरूवार को बाजार बंद रहेगा. तुम चाहो तो सवेरे हमारे घर आ सकते हो.” पूनम ने कहा ” नहीं; तुम अगर आ सको तो बुधवार की रात ही आ जाना. वहीँ सो जाना. जैसे हम सोते हैं तुम भी वैसे ही .” मैं खुश होकर बुधवार का इंतज़ार करने लगा.
बुधवार की रात में अपनी दुकान बंद कर पूनम और वीरा के साथ उनके घर चला गया. उनका कमरा ग्राउंड फ्लोर पर था. कमरे के पीछे एक छोटी से बालकनी थी जो समन्दर के ठीक सामने खुलती थी. कमरा था तो छोटा लेकिन उन दोनों ने एकदम साफ़ सुथरा रखा हुआ था. वीरा ने मुझे शरबत पीने के लिए दिया. पूनम मेरे सामने ही आलमारी से कपडे निकालकर बदलने लगी. मैंने पूनम को केवल ब्रा और पैंटी में देखा. मेरे मुंह में पानी आ गया. पूनम ने हॉट शोर्ट पहना और ऊपर स्पोर्ट्स ब्रा. अब वीरा ने भी अपने कपडे बदले. उसने एक ट्यूब टॉप पहन लिया और नीचे पूनम के जैसा ही हॉट शोर्ट. अब दोनों मेरे सामने पलंग पर टांग पर टांग रखकर बैठ गई. उन दोनों की इस अदा ने मेरे शरीर में एक सुरसुराहट पैदा कर दी. वीरा ने मुझसे कहा ” तुम भी अपन एकपदे क्यूँ नहीं बदल लेटे.” मैंने भी अब बोक्स़र शोर्ट पहन लिया और ऊपर का हिस्सा खुला ही छोड़ दिया. पूनम ने कहा ” तुम्हारा बॉडी बहुत सेक्सी और गरम है.” वीरा ने कहा ” तुम्हारा सीना तो लाजवाब है.” पूनम ने वीरा के सीने पर हाथ रखा और कहा ” तुम लेस्बियन सेक्स के बारे में जानना चाहते थे ना?” वीरा ने पूनम के गले के नीचे चूम लिया. जवाब में पूनम ने वीरा के गले के नीचे चूम लिया. अब दोनों ने एक दूसरे की टांगों में अपनी टांगें ऐसी फंसाई कि मेरे मुंह से एक हलकी सी आह निकल गई.
वीरा और पूनम दोनों ने अगले आधे घंटे तक ऐसी ही कितनी अदाएं की और मुझे लगभग घायल कर दिया. वीरा ने मुझसे कहा ” दूर से देखने से मजा नहीं आयेगा. तुम भी हमारे साथ आ जाओ. हम दोनों ने इसे पहले तारा के बॉय फ्रेंड से भी हमारे साथ आकर सेक्स करने के लिए कहा था लेकिन वो नहीं माना. ” पूनम बोली ” एक बार हमने हमारे एक कस्टमर को भी इनवाईट किया लेकिन वो तो हमारे रिश्ते से घबरा गया. क्या तुम भी मना करोगे?” मैंने कोई जवाब नहीं दिया और पलंग के पास जाकर उन दोनों के बीच में जगह बनाकर बैठ गया. मैंने पहले वीरा और बाद में पूनम को चूमा. इसके बाद उन दोनों ने भी मुझे बारी बारी से चूमा. हम तीनों काफी देर तक युहीं करते रहे.
तभी पूनम ने फ्रिज में से आइसक्रीम निकल ली. उसने एक चमच्च से वीरा को आइसक्रीम खिलाई वीरा ने अपना मुंह खुला ही रखा. पूनम ने अपना मुंह वीरा के मुंह से मिला लिया. पूनम ने अपनी जीभ से वीरा के मुंह से आइसक्रीम ली और खाना शुरू किया. फिर वीरा ने भी पूनम के साथ ऐसा ही किया. यह देख मैं भी उन दोनों के साथ इस में शामिल हो गया. वीरा ने इसके बाद यही खेल अंगूर और आम रस के साथ दोहराया. आम रस से यह खेल खेलते समय आम रस हम तीनों के जिस्म पर कई जगह गिर गया. हम तीनों ने हर जगह गिरे आम रस को जीभ से लेकर खाया.
हम तीनों धीरे धीरे उत्तेजित होने लग गए. वीरा उठी और अपने पर्स में से कंडोम ले आई. पूनम ने मेरे होंठों को च्मते हुए कहा ” तुम मना मत कर देना. हम दोनों पिछले एक साल से कोशिश कर रहे हैं लेकिन कोई मर्द हमारे साथ नहीं आया है. ” वीरा ने अब मेरे होंठ चूमे और बोली ” बस अब तुम तैयार हो जाओ.” मैंने वीरा और पूनम के सभी कपडे उतार दिए. उन दोनों ने मेरा अंडर वेअर उतार दिया. वीरा ने मेरे गुप्तांग को अपने हाथों से सहलाना शुरू किया. पूनम ने तो मेरे गुप्तांग को बहुत हलके से चूम लिया. उसके होंठों के स्पर्श ने मेरे होश उदा दिए. वीरा ने अब कंडों मेरे गुप्तांग पर चढ़ाया और पूनम को साथ लेकर पलंग पर सीधी लेट गई. मैंने पहले वीरा के जननांग को भेदा. वीरा ने मेरे गुप्तांग के उसके जननांग में घुसते ही जोर से आहें भरनी शुरू कर दी. उसकी आवाजें भी तेज हो गई. पूनम ने अपने होंठों से वीरा के मुंह को बंद कर दिया. वीरा ने थकने का इशारा किया और मैंने पूनम के जननांग को अब भेदना शुरू कर दिया. पूनम का जननांग बहुत ज्यादा गुदगुदा निकला. पूनम ने अपना जननांग काफी देर तक मेरे लिंग से गीला होने दिया. इसके बाद हमने अपने कपडे फिर से पहन लिए.
वीरा के कहने पर हम समन्दर में नहाने चले गए. रात का समय था. ठंडी हवा चल रही थी. पानी बहुत अच्छा लगा. पूनम मुझे लेकर पानी में गिर गई. वीरा हम दोनों के ऊपर गिर गई. हम आपस में लिपट लिपटकर पानी में खेलने लगे. पूनम ने अचानक मेरे अंडर वेअर के अंदर हाथ डाला और मेरे गुप्तांग को पकड़ लिया. वीरा ने पूनम कि पैंटी को खींच कर थोडा नीचे कर दिया. अब पूनम ने मेरे गुप्तांग को अपने जननांग के अन्दर एक ही झटके से घुसा दिया. हम पानी के अन्दर थे. हमने बहुत ज्यादा मजा आया. जब पानी की लहरें तेज होने लगी तो हम वापस घर में लौट आये.
मैंने आते ही वीरा को पकड़ लिया और उसे पलंग पर पटक दिया और अपने लिंग को उसके जननांग में घुसेड दिया. अब रात थी और हम तीनों थे. बाद में वीरा पूनम को गले से लगाकर लेट गई. वीरा पूनम के ऊपर थी इसलिए मैंने पीछे से वीरा के जननांग को एक बार फिर अपने लिंग से गीला कर दिया. फिर पूनम वीरा के ऊपर आ गई. अब पूनम का जननांग गीला हो चुका था. इसके बाद पूनम और वीरा अपनी अपनी टांगें फैला दी और आमने सामने होकर उन दोनों ने मुझे अपने अपने जननांगों को आमने सामने लाकर उन्हें आपस में मिलकर रगडा और मुझे देखने के लिए कहा. मैं अब हर तरह से पागल जैसा हो गया था. अब मैं उन दोनों के ऊपर कुछ इस तरह से लेटा कि मेरा कड़क और लम्बा हुआ लिंग उन दोनों के जननांगों के बीच में चला गया. उन दोनों के गुदगुदे हिस्सों से जैसे मेरे लिंग पर दबाव आया तो हम तीनों ही के मुंह से एक सिसकी निकल गई. मैं ऐसे ही रहा. पूनम और वीरा दोनों ने अपने जननांगों को आपस में रगड़ना शुरू रखा. मेरा लिंग भी उन दोनों के जननांगों को पूरा सहयोग दे रहा था. कुछ देर के बाद अचानक मेरा लिंग अपने गाढे रस को रोक नहीं पाया. उन दोनों ने अब अपनी अपनी तरफ से जोर से मेरे लिंग को दबा दिया. हम तीनों को ऐसा लगा जैसे हम स्वर्ग की सैर कर रहे हों. अब हमें काफी थकान होने लगी और हम उस एक ही पलंग पर एक दूसरे से सट कर सो गए. सवेरे आस पड़ोस में लोग उठ गए. पूनम और वीरा के साथ मैं बीच पर चला गया. सारा दिन हमने खूब पानी में नहाकर मजा लूटा और शाम को मैं अपने घर लौट आया.

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