अंकल ने चोदी मेरी कुँवारी चूत-1

हेलो फ्रेंड्स मेरा नाम पूजा कॉयार है और मई पुंजब की रहने वाली हू. मेरे घर मे, मेरे मम्मी, पापा और मेरा छोटा भाई है. मेरे पापा गवर्नमेंट जॉब करते है और मम्मी हाउस वाइफ है.

मेरा घर सिटी की एक छोटी सी कॉलोनी मे है. मई अभी-अभी 1स्ट्रीट एअर मे हुई हू और पढ़ने मे ठीक ताक ही हू. मई दिखने मे भूत सुंदर हू और शुरू से ही हेल्ती भी हू.

मेरा फिगर 34”30”34″ है, जिसकी वजह से टॉप और लेगैंग्स मुझ पर भूत आचे लगते है. जब से मैने जवानी मे कदम रखा है और मेरी कच्ची पनटी मे बदली है, तभी से लड़के उसे फाड़ने के लिए मेरे आयेज-पीछे घूमने लगे है.

मई बस से कॉलेज जाती हू. सुबा के टाइम बस भीड़ से पूरी भारी होती है, जिसका फ़ायदा लड़के आचे से उठाते है और कभी मेरे बूब्स को, तो कभी मेरी गांद को सहलाते है.

शुरू-शुरू मे तो मुझे ये बिल्कुल भी अछा नही लगा था, पर धीरे-धीरे इसकी आदत हो गयी और मज़ा भी आने लगा. क्यूंकी जवानी की चिंगारिया तो मेरे अंदर भी भड़क रही थी.

कॉलेज मे और कॉलेज जाते टाइम, भूत से लड़के मुझ पर लाइन मारते थे. हमारे कॉलेज मे ही एक 2न्ड एअर का लड़का था रिंकू, जो दिखने मे भूत हॅंडसम था और वो भी मुझ पर लाइन मारता था.

धीरे-धीरे मई भी उसे लाइन देने लगी और फिर हमारी बात-चीत शुरू हो गयी.
वो हमारे मोहल्ले से कुछ डोर ही रहता था. एक दिन उसने मुझे एक क्लास मिस करने को कहा.

मुझे दर्र तो भूत लग रहा था, पर उसके कहने से मैने क्लास मिस कर दी और उसके साथ स्कूल के ग्राउंड मे झाड़ियो के बीच चली गयी.

वाहा पर उसने मुझे पकड़ लिया और फिर मुझे चूमने लगा. पहले उसने मेरे गाल चूमे और फिर स्मूच करने लगा. मई भी उसको स्मूच करने लगी. स्मूच करते-करते उसने अपने हाथ मेरे बूब्स पर रख लिए और उनको प्यार से दबाने लगा.

मई तो पूरी तरह से गरम हो गयी थी. कुछ देर बाद हम अलग हुए और उसने मेरी शर्ट के बटन खोल दिए और फिर ब्रा के उपर से ही मेरे बूब्स को दबाने लगा. मुझे भूत मज़ा आ रहा था और मई पूरी तरह गरम भी हो गयी थी.

ना-जाने कब उसने अपनी पंत की ज़िप खोली और अपना लंड मेरे हाथ मे पकड़ा दिया. उसका लंड भूत गरम था. मैने लंड पहली बार देखा था. उसका साइज़ कम से कम 5 इंच होगा और तोड़ा कला सा था.

लंड सकत तो था, पर नरम सा भी था. मुझे पता नही था, की लंड को कैसे सहलाते है, इसलिए उसने अपने हाथ से मेरे हाथ को पकड़ कर, लंड को सहलाना सिखाया.

कुछ ही देर मे हाफ टाइम हो गया और सारे स्टूडेंट्स ग्राउंड मे आने लगे, तो हम दोनो वाहा से हॅट गये. पर मुझे इस सब मे मज़ा भूत आया था.

नेक्स्ट दे हम फिरसे क्लास बंक करने की सोचने लगे. मुझे टाइम ही नही मिला और ऐसे ही काफ़ी दिन निकल गये. हम मिलते तो थे, पर कुछ कर नही पाते थे. फिर एक दिन शाम को मई अपनी बाल्कनी मे खड़ी थी.

रात का टाइम था और अंधेरा सा हो गया था. मैने नीचे देखा, तो रिंकू नीचे खड़ा था. उसको देख कर मई दर्र गयी और उसे जाने का इशारा करने लगी. पर वो मुझे नीचे आने की ज़िद करने लगा.

उसकी ज़ीर के आयेज मुझे झुकना पड़ा और फिर दबे पाओ, बिना किसी को बताए, मई नीचे चली गयी. गली मे जाते ही वो मेरे आयेज चलने लगा और मई उसके पीछे-पीछे चली गयी.

हमारे घर के सामने एक टूटा हुआ पुराने ज़माने का घर था और रिंकू उसी घर मे घुस गया. मई भी उसके पीछे-पीछे उसी घर मे घुस गयी. वैसे तो यहा इस टाइम कोई नही आ सकता था, पर फिर भी मुझे दर्र लग रहा था, की कही कोई आ ना जाए.

अंदर जाते ही रिंकू ने मुझे पकड़ लिया और हम स्मूच करने लगे. फिर वो मेरे टॉप के उपर से ही मेरे बूब्स दबाने लगा और मेरे मूह से सिसकारिया निकल गयी.

फिर वो नीचे बैठ गया और मुझे अपनी गोद मे खींच लिया. मई भी उसकी गोद मे बैठ गयी. उसने अपनी जेब से मोबाइल निकाला और बोला-

रिंकू: चल एक चीज़ दिखता हू आज.

और फिर उसने मोबाइल मे एक वीडियो चला दी, जो की क्षकशकश वीडियो थी. उसमे एक कला सा हबशी था और एक देसी लड़की थी, जो की उमर मे मुझसे कुछ ही बड़ी लग रही थी.

वीडियो स्टार्ट होते ही वो लड़की घुटनो के बाल बैठ कर लड़के का लंड, जो कोई रिंकू के लंड से टीन गुना ज़्यादा बड़ा था, को अपने मूह मे लेकर चूसने लगी. उसको ऐसा करते देख कर, मई तो हैरान ही रह गयी. क्यूकी इतना मोटा लंड उसने ना-जाने कैसे अपने मूह मे भर लिया था.

रिंकू मेरे पीछे बैठा हुआ वीडियो देख रहा था और मेरे टॉप मे हाथ डाल कर, मेरे बूब्स को सहला रहा था. उसके ऐसा करने से और मोविए देख कर, मई भूत गरम हो गयी थी. मेरी छूट ने मेरी पनटी को पूरी तरह से गीला कर दिया था. फिर रिंकू ने कहा-

रिंकू: यार मेरे लंड को किस करेगी?

उसकी बात को उनसुना सा करके, मैने ना मे सिर हिला दिया और वीडियो का मज़ा लेने लगी. वीडियो मे लड़के ने अपना मोटा सा लंड लड़की की छूट मे डाल दिया था और उसे ज़ोर-ज़ोर से छोड़ रहा था.

फिर रिंकू ज़िद करने लगा और अपनी कसम देने लगा, तो मैने कहा-

मई: मई किस करूँगी बस.

वो रेडी हो गया और अपना लंड निकाल कर मेरे सामने खड़ा हो गया. मई वीडियो वाली लड़की की तरह अपने घुटने पर बैठ गयी और उसके लंड को किस करने लगी. रिंकू ने मेरे बाल पकड़ लिए और अपना लंड मेरे मूह पर लगा दिया.

मुझे दर्द हुआ, तो मैने कहा: मेरे बाल छोढ़ो.

पर वो तो जैसे मेरा मूह खुलने की ही वेट कर रहा था. जैसे ही मैने बोलने के लिए मूह खोला, तो उसने पूरा लंड मेरे मूह मे डाल दिया. मैने छूटने की कोशिश की, पर वो मुझे छोढ़ ही नही रहा था और मेरे मूह को ही छोड़ने लगा.

उसने मुझे तब तक नही छोढ़ा, जब तक की अपने लंड का पूरा पानी मेरे मूह मे नही निकाल दिया. उसके छोढ़ते ही, मई ज़ोर से खाँसने लगी. मेरी आँखों से आँसू आ गये और वो मुझे देख कर हासणे लगा.
मई कुछ देर बाद नॉर्मल हुई, तो मुझे उस पर भूत गुस्सा आया. पर उसने मुझे अपने गले से लगा कर एक मिनिट मे मेरा गुस्सा भगा दिया और उसका भी काम हो गया था, तो उसने कहा-

रिंकू: अब लाते हो रहे है, तेरे घर वाले भी वेट कर रहे होंगे.

मैने कहा: हा यार.

और फिर हमने अपने कपड़े सॉफ किए और बाहर आ गये. उसने देखा, की गली मे कोई नही है, तो मुझे भी बाहर आने का इशारा कर दिया. फिर मई भी बाहर आ गयी और अपने घर की तरफ चल दी.

गली मे तोड़ा आयेज चल कर मैने देखा, की हमारे पड़ोसी सलीम अंकल खड़े है. मई उनको इग्नोर करके उनके पास से निकल गयी, पर वो मुझे भूत ही अजीब नज़रो से देख रहे थे.

सलीम अंकल कोई 45-50 साल का आदमी है. उन्होने 2 शादिया की है, जिससे उनके 7 लड़के है. सारे लड़के एक से एक हरामी टाइप के है और हमारे मोहल्ले की काफ़ी औरतो के साथ उनका अफेर है.

इनकी मैं रोड पर कार मेकॅनिक की शॉप है. उस टाइम मई अंकल को इग्नोर करके सीधा अपने रूम मे चली गयी और फिर अपनी छूट से खेलने लगी. ऐसे ही ना-जाने कब मुझे नींद आ गयी और मई सो गयी.

नेक्स्ट दे भी हमने रात को उसी घर मे जाने का प्लान बनाया और 8 बजे जैसे ही अंधेरा सा होना शुरू हुआ, मई बाल्कनी मे जाकर खड़ी हो गयी. कुछ ही देर मे रिंकू भी आ गया और फिर मई दबे पाओ नीचे चली गयी और उसके साथ सीधा खंदार-नुमा घर मे घुस गयी.

हमारा फिरसे वही सीन शुरू हो गया, पर आज रिंकू कुछ और ही मूड बना कर आया था. कुछ देर स्मूच करने के बाद और बूब्स दबाने के बाद, उसने मुझे दीवार के सहारे आयेज झुकने को कहा, जैसे कल वीडियो मे लड़की झुकी थी.

मई भी अपने दोनो हाथ दीवार पर रख कर खड़ी हो गयी और अपनी गांद को पीछे बाहर की तरफ निकाल लिया. रिंकू मेरे पीछे आया और मेरे लोवर और पनटी को एक साथ नीचे कर दिया और फिर अपना लंड निकल कर पीछे से मेरी छूट पर लगा दिया.

उसके गरम-गरम लंड के एहसास से ही मेरी छूट ने पानी छोढ़ दिया और पूरी तरह से चिकनी हो गयी. अब उसने अपने लंड को मेरी छूट पर रखा और धीरे से अंदर करने की कोशिश की, पर लंड सरक कर आयेज आ गया और मेरी हस्सी निकल गयी.

शायद रिंकू को गुस्सा आया और अब उसने फिरसे अपने लंड को मेरी छूट पर लगाया और ज़ोर लगाना शुरू किया, जिससे मुझे दर्द का एहसास सा होने लगा. अभी लंड का प्रेशर मेरी छूट पर बन ही गया था, की तभी पीछे से किसी ने टॉर्च मारी और बोला-

अंजान आदमी: क्या कर रहे हो तुम लोग?
इससे आयेज क्या हुआ, वो मई आपको अगले पार्ट मे बतौँगी. तो फ्रेंड्स कैसी लगी मेरी स्टोरी, मुझे एमाइल करके ज़रूर बताए.

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