एक बिल्डर से चुदाई कहानी

Hindi Sexy Story Chudai Ek Builder Se Chudai kahani हेलो एवेरिवन, आई’एम कृति अगेन फॉर माय लाइफ नेक्स्ट बेस्ट हिन्दी सेक्सी स्टोरी मेरी चुदाई. आक्च्युयली हमने एक फ्लॅट बुक करवाया था और तब बिल्डर था राजन नाम था उसका. उसने और मेरे हज़्बेंड ने सारी पेमेंट की दत्त फिक्स की थी की इस डेट को इतना पेमेंट फिर इतना इतना ऐसा. उनमे अगर लेट होते है एक वीक से ज़्यादा तो उनमे पॅनाल्टी लगेगी एक्सट्रा मनी.

और अगर बहुत बार ऐसा हुवा तो फ्लॅट कॅन्सल भी हो सकता है और भरी हुई रकम भी गयी समझो.

तो पहले दो बार हम टाइम टू टाइम पहोच गये पेमेंट मे लेकिन कुछ सर्टन कारण से तीसरी डेट जब आई तब हम पहुच नई पाए और फिर उनका कॉल आया तो मेरे हब्बी से बात हुई.

उसने कहा आप आके मिल जाए एक बार फिर बात करते है तो हब्बी ने कहा मैं अभी काम से बाहर जा रहा हू अभी नई आ सकता कुछ दिन तो उसने कहा ठीक है आपकी वाइफ को भेजदो मैं उन्हे समझा देता हू किस तरह पॅनाल्टी लगेगी और कितने दिन मे पे करनी होगी ये वो. उस फ्लॅट मे मेरा और हब्बी दोनो के नाम से बुक था तो हब्बी ने कहा ठीक है आप कब होगे साइट पर तो वो आ जाएगी. और दूसरे दिन दोफर का तय हुवा.

मेरे हज़्बेंड तो उस रात चले गये और मुझे बोला देख अपनी तरफ से ट्राइ करना की कोई पॅनाल्टी ना लगाए और हमे थोड़ा टाइम मिले. आक्च्युयली मुझे पता था की बिल्डर लोग ज़्यादातर हरामी ही होते है और पहुच वाले भी. मुझे ये भी पता था की मैं जब भी जाती हू वाहा पे हब्बी साथ तो उनकी नज़रे मेरे सभी पार्ट्स पे रहती है.

यह कहानी भी पड़े  मस्त पुंजबन की चुदाई जाईपुर मे

मैं गई मिलने तो उसने कहा पैसे तो टाइम टू टाइम देने पड़ेंगे ऐसी शर्त है.. मैने कहा थोड़ा टाइम दे दो अभी नई पहुच सकते.. उसने कहा आप जैसे ब्यूटिफुल लेडीस कहती है तो मना भी नई कर सकते लेकिन फिर हमे क्या मिलेगा.

मैने कहा आपको अगर कुछ ज़्यादा देना होगा लेट पेमेंट का तो हज़्बेंड से बात कर लेना मैं भेजूँगी. उसने कहा नई नई आप अभी यहा आई हो तो हज़्बेंड को आने की क्या ज़रूरत.. और लेट पेमेंट मे पैसा ही हो वो ज़रूरी नई.. कुछ और भी हो सकता है.. आप वो कुछ करदो फिर हर बार आप लेट दोगे तो पेनल्टी नई लूँगा और आपको टाइम भी दूँगा.

उसने कहा अच्छा हुवा आपके हज़्बेंड नई आए अब मैं आपका मान रख सकता हू और आपका काम भी हो सकता है. मैने कहा आपको क्या चाहिए.. उसने कहा आपके हज़्बेंड कहा जॉब से बाहर गये है मैने कहा हा उसने कहा सही वक़्त पे आई है आप… अब यू समजलो मूज़े क्या चाहिए और उसने मेरी टॉप के उपर से मेरे बूब्स को घुरकर देखने लगा..और कहा आपसे चाहिए कुछ पर्सनली आपके हज़्बेंड की अबसेंट मे..

मैने कहा मतलब.. उसने कहा पैसा लेट तो पेनल्टी और लेट तो आपकी बुकिंग अमाउंट भी गयी समझो और ये रास्ता है जिसमे आप समाज जाओ तो फिर आप लेट दोगे तो भी चलेगा और सामने आपको चाहिए तो भी बोलना.. मैने कहा सर ये ठीक नई.. उसने कहा आपकी मर्ज़ी..

अगर नई मंजूर तो हज़्बेंड को बोलना 15 दिन मे पैसा दे दे और 1 लाख पे 10000 पेनल्टी के हिसाब से एक्सट्रा और ये सब नई करना है तो फिर 5थ फ्लोर पे जाओ मैं आता हू. ये कहानी आप देसी कहानी डॉट नेट पर पढ़ रहे है.

यह कहानी भी पड़े  आंटी ने खिलाई आइस क्रीम

मैने बाहर निकलके सोचा और 5थ फ्लोर पर गयी अभी साइड दीवार नई बनी थी तो सब ओपन था लेकिन साइड मे कही फ्लॅट नई थे तो कोई देख नई सकता था और वाहा पे डबल बेड का बेड भी था… वो आया और कहा क्या बात है.. अब आप टेन्षन मत लो 15 दिन लेट हो तो एक बार यहा आ जाना दूसरे 15 दिन के बाद फिर ना पहुच सको तो वापस आ जाना. जीतने आपके हज़्बेंड लेट होगे हमे तो उतना ही फ़ायदा है.. पैसे तो मिलेंगे ही साथ मे बीवी फ्री..

जब नही आए तब हज़्बेंड को कॉल करूँगा पैसे के लिए तब तक डोंट वरी.. उसने फिर मुझे किस किया और टॉप निकालदी और पैंट भी उतार के मूज़े बेड पे धक्का दिया.. पहले उसने पूरे बॉडी को चूमा फिर अपने कपड़े निकालकर मुजसे अपना लंड चुस्वाया… साली मस्त चुड़क्कड़ है तू तो.. तेरे लिए तो सब मंजूर.. अपने हज़्बेंड को बोलना लेट ही आए हमे भी तो ऐसी जवानी मिले उसकी वाइफ की.. और तब उसने मुझे 2 घंटे तक चोदा… पहले बेड मे फिर वाहा एक पिल्लर पे हाथ रखके डॉगी स्टाइल मे..

तभी हज़्बेंड का कॉल आया बिल्डर ने कहा रिसीव करो..

ह – अरे क्या हुवा बात बनी कुछ?

मैं – हा बात बन रही है अभी डोंट वरी आप टेन्षन मत लो मैं हू ना सब ठीक हो जाएगा वो मान जाएँगे

Pages: 1 2 3

error: Content is protected !!