बहन ने भाई का पहला सेक्स करवाया

उमीद करता हू दोस्तों आपको पार्ट 1 पसंद आया होगा. जो इस स्टोरी को पहली बार पढ़ रहे है. उनसे अनुरोध है की प्लीज़ आप पार्ट 1 पढ़ ले पहले. ताकि आप अची तरह से स्टोरी से जुड़ पाए. दोस्तों कैसे है आप सब? तो चलिए शुरू करते है.

दोस्तों जैसा की आप जानते है, की मैने रीत को उसके पति और उसकी मा के बारे में बता दिया था. फिर 2 दिन बाद मुझे रीत का कॉल आया. वो काफ़ी शांत लग रही थी.

मैने उससे पूछा: क्या हुआ?

उसने कहा की उसने अपनी मा को फोन करके सब बता दिया था. फिर उनके बीच पहले तो काफ़ी लड़ाई-झगड़ा हुआ, बुत बाद में उसकी मा इस सच को मान गयी.

उसकी मा उसको बोली: तुम्हारे जाने के बाद हम एक-दूं अकेले हो गये थे. एक मर्द और एक औरत कितना टाइम एक ही घर में टिक पाते? एक दिन मैं बेज़ार गयी हुई थी. घर पर जब आई तो मैने देखा तेरा पति हमारी कांवली को छोड़ रहा था.

उसकी मा: उसी दिन से मैने फैंसला किया, की हमारे बिस्तर पर हमारी नौकरणिया नही चूड़ेंगी. तो मैने इस बारे में तेरे पति से बात करी. फिर तुम्हारे पति ने बताया की तुम्हारे बीच सेक्स नही हुआ, तो वो ऐसे ही प्यास बुझता है. फिर उसी रात मैं उसके कमरे में गयी. वो भी नही सोया हुआ था. मैने उसको बोला मुझे उससे बात करनी है.

उसकी मा: हम बात करने ही वाले थे, की तुम्हारे पति ने मुझे मेरे बालों से पकड़ा, और चूम लिया. मैं भी क्या करती ऐसी सिचुयेशन में? तो बस उसी दिन से हम काफ़ी खुश है. और उसको भी मैने बता दिया है, की तू भी बाहर मूह मार्टी है.

उसकी मा: अब तू चाहे बेटी तो हम तीनो खुश रह सकते है. तुझे वाहा पर जिसके साथ रहना है तू रह. कल को जब हम भी वाहा आएँगे, तो हम भी अड्जस्ट कर लेंगे तेरे साथ.

तो बस ये थी रीत की उसकी मा के साथ कॉल पर हुई बात-चीत. मुझे ये सब सुन कर बड़ा अजीब लगा, की अब मैं टाई के सामने कैसे जौंगा? वो तो यही सोचेंगी की इस बहनचोड़ ने बताया है सब कुछ रीत को.

फिर ऐसे ही चलता रहा. मैं भी ईेल्ट्स वग़ैरा की तैयार करने लग गया. धीरे-धीरे मेरा भी वीसा लगने वाला था. इतने महीनो में रीत की बॉडी का भी फुल मज़ा लेता था मैं. वो वीडियो कॉल पे मुझे हर रोज़ मूठ मरवाया करती थी. और टाई ने मुझे बोला ही था, की किसी को उनके और उनके जमाई के बारे में जा बतौ, नही तो बदनामी होगी.

ऐसे ही और टाइम बीट गया. अब पुर साल के करीब हो चुका था. तो अब मैं डिसेंबर में कॅनडा वॅनकूवर पहुँच गया. वाहा रीत ने मुझे रिसीव किया. फिर वो मुझे अपने घर ले आई, और पहली ही रात उसने हाउस पार्टी रखी हुई थी, जिसमे 2 लड़कियाँ और 3 लड़के थे.

अब तक तो मैं भी रीत को बहुत लोगों से चूड्ता देख चुका था. फिर हम सब ने दारू वग़ैरा पी, और डॅन्स वग़ैरा किया. कुछ देर डॅन्स करने के बाद रीत ने म्यूज़िक बंद किया, और उन सब को बोला-

रीत: हे गर्ल्स ये मेरा भाई है. तुम दोनो लड़कियों में से आज कोई इसका बिस्तर गरम करो, और इसकी वर्जिनिटी तोडो.

तो उन दोनो ने पूरी एग्ज़ाइट्मेंट दिखाई. फिर एक लड़की मेरे साथ आ गयी. 2 लड़के रीत के साथ चले गये शायद थ्रीसम के लिए, और 1 लड़का 1 लड़की लॉबी में एक-दूसरे को चूम रहे थे.

तो दोस्तों, एक तो फर्स्ट टाइम सेक्स, और दूसरा वो भी विदेशी लड़की के साथ, और तीसरा जब आपको पता हो साथ वाले कमरे में आपकी बेहन भी चुड रही है. क्या नज़ारा था. हमने पूरा फन किया.

उस लड़की ने तो मुझे नोच-नोच कर खा लिया. 4 बार सेक्स किया हमने पूरी रात में. सुबा जब उठा मैं, तब तक ऑलमोस्ट सभी जेया चुके थे. मैं उठ कर लॉबी में आया. आज सनडे था, और रीत सॉफ-सफाई कर रही थी. मुझे देख कर उसने स्माइल पास की और बोली-

रीत: कैसी रही रात चॅंपियन?

मैने भी उसको मज़ाक-मज़ाक में कह दिया-

मैं: तुम्हारी आवाज़ो से तो कम ही थी. काश तुम होती तो और भी जन्नत की सैर होती. वीडियो कॉल पे तो बहुत मूठ मरवती थी, यहा अपनी छूट में पानी निकालो ना.

मेरी ये बातें सुन कर रीत शर्मा गयी और बोली-

रीत: तू चुप रह बदमाश.

ये सुन कर मेरी भी हिम्मत बढ़ गयी. उसने वाइट त-शर्ट और नीचे सिर्फ़ पनटी डाली हुई थी. और वो बहुत सेक्सी लग रही थी. मैने भी उसको पीछे से जेया कर प्यार से हग कर लिया.

रीत बोली: अर्रे वाह, मेरे छ्होटे भाई को तो सच में फीलिंग आई हुई है. एक टाइम था जब तुझे मैं हाथ में खिलती थी. और एक आज का टाइम है, जब तू मुझे अपने इस तीखे लंड पे खिलाना चाहता है. इतने साल का आगे गॅप है हमारा.

मैं बोला: दीदी लंड और छूट का काहे का आगे गॅप? ये तो जब आपकी छूट में जाएगा, क्या पता आप अपनी आगे वालो को भूल जाओ आप.

ये सुन कर रीत बोली: ना बच्चू ना, इस छूट ने जो-जो लंड खा लिए है ना, वो लंड तो कोई आम लड़की झेल ले यही बहुत है. असली लंड लिए है मैने भी इन 5-6 सालों में. एक से बढ़ कर एक लंड लिए है. और ज़रूरी नही लंड सिर्फ़ लंबा ही होना छाईए. ज़्यादा लंबा लंड भी मज़ा नही लेने देता. आवरेज साइज़ लंड से ज़्यादा मज़ा आता है हमेशा.

रीत: चल आजा अब ब्रेकफास्ट करे, नही तो तू तो मुझे छोड़ के हटेगा. 1 साल से तेरा जीना जो हराम किया हुआ था मैने. मुझे क्या पता था तू इतनी जल्दी आ जाएगा. चल अब छ्चोढ़, आज शाम को हम वीकेंड मनाएँगे, जिसमे सिर्फ़ तुम और मैं होंगे. तेरी बुद्धि बेहन की आज जवानी दिखौगी तुझे मैं.

मैं ये सुन कर बोला: क्या पागलपन है? बुद्धि और तुम? अभी तो तुम 28 की लगती हो, और वो भी पूरी सेक्सी. कोई नही, बाकी तुम्हे खा के बतौँगा की तुम कैसी हो.

फिर बस हम दोनो हासणे लगे. तो दोस्तों ये था पार्ट 2 उम्मीद करता हू आपको पसंद आएगा. अब आप वेट करिए पार्ट 3 की. असली धमाका अगले पार्ट में होने वाला है, प्लीज़ वेट.

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