ही दोस्तों, मेरा नाम रूबी है. मेरी फिगर 32सी-30-22 है. मेरा रंग गोरा और हाइट 5’6″ है. बचपन से ही मुझे हेरोयिन बनना था. ये कहानी मेरी बोल्लयऊूद में स्ट्रगल के दीनो की है. मैं 19 साल की होते ही मुंबई अपनी बोल्लयऊूद में हेरोयिन बनने की तलाश मैं आ गयी. दो साल स्ट्रगल करने के बाद भी मैं बस छ्होटे-मोटे रोल्स ही कर पाती थी.
एक दिन मुझे बड़े प्रोडक्षन हाउस की एक फ्लिं के लिए आडिशन देने का मौका मिला. मेरा आडिशन तो बहुत अछा गया. रोल हीरो की रखैल का था. एक दिन मुझे कॉल आया कॅस्टिंग डाइरेक्टर की तरफ से.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: ही… सीमा आपका आडिशन हमे बहुत पसंद आया.
मे: थॅंक योउ सिर. ई आम ग्लॅड.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: सीमा प्रोड्यूसर सिर आपसे मिलना चाहते है.
मे: हा सिर मैं बिल्कुल मिलूंगी.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: मगर सीमा जैसा की आप जानती है की रोल एक रखैल का है. तो आपको वैसी ही ड्रेस करके आना होगा.
मे: ह्म… ओक सिर क्या पहन के आना होगा?
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: आप एक सेक्सी सी बिकिनी, और उसके उपर बस एक स्कर्ट पहन कर आओ. वो भी इतनी छ्होटी होनी चाहिए की तुम्हारी पनटी दिख सके.
मे: ह्म… ओक मैं कुछ करती हू.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर ने मुझे रात 11 बजे एक होटेल में आने को कहा. मैं इतनी बेवकूफ़ थी की उसकी बातें मान भी गयी. मैं ठीक रात 11 बजे उस होटेल में पहुँची, बिल्कुल उसी ड्रेस में. दिखने में भी मैं रखैल लग रही थी. मैं उनके कमरे के पास जाके नॉक करती हू. कॅस्टिंग डाइरेक्टर डोर ओपन करता है, और मुझे अंदर बुलाता है. फिर वो मेरे हाथो से मेरा पर्स रखने को ले लेता है.
अंदर जाते ही मुझे प्रोड्यूसर साहब मिलते है. उन्होने पहले से ही शराब पी हुई थी, और भी शराब पिए जेया रहे थे. पीछे से कॅस्टिंग डाइरेक्टर आता है, और उनके बगल में बैठ जाता है.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: सिर यही है वो लड़की, जो हीरो की रखैल का रोल कर रही है.
प्रोड्यूसर: अछा… यही है वो. नाम क्या है तुम्हारा?
मे: सिर… रूबी नाम है मेरा.
प्रोड्यूसर: यार शुक्ला (कॅस्टिंग डाइरेक्टर) लड़की तो सुंदर है. मगर इसमे वो बात नही है. इस रोल में मुझे वो लड़की चाहिए जिसे देख के मॅन करे की ये तो किसी को भी लुभा सकती है.
मे: नही सिर… मैं कर सकती हू. मैने 2 साल आक्टिंग क्लासस, डॅन्स क्लासस सब ली है. मुझे बस एक मौका चाहिए.
प्रोड्यूसर: अछा…. चलो फिर लुभा कर दिखाओ मुझे. अगर तुमने मुझे लुभा लिया, तो मैं तुम्हे अपनी नेक्स्ट मोविए में मैं हेरोयिन का रोल दूँगा.
फिर तुरंत ही जो आक्टिंग और डॅन्सिंग मुझे आती थी, मैने उन्हे दिखा दी. मगर वो खुश नही हुए. मैं समझ गयी थी की अगर उनका अटेन्षन पाना त तो मुझे शरम को त्यागना होगा.
मैने अपनी शर्ट और शॉर्ट उतार दी. अब मैं सिर्फ़ बिकिनी में थी. तब जेया कर उनकी नज़र मुझपे पड़ी. मैने भी उन्हे हर तरह से लुभाने की कोशिश की. यहाँ तक की मैं उनके जांघों पर भी जेया कर बैठ गयी. अब दोनो की नज़र मुझपे थी.
तभी प्रोड्यूसर उठा और मुझे स्क्रिप्ट हाथ में देकर रोल पढ़ने को कहा, और बोला: चाहे जो हो जाए, स्क्रिप्ट पढ़ना नही रुकना चाहिए.
मैने स्क्रिप्ट पढ़ना शुरू किया. तभी वो मेरे पीछे आ गये और मुझे सूंघने लगे. जैसे कोई शेर अपने शिकार को खाने से पहले सूंघटा हो.
वो बिना कुछ पूछे मेरी पनटी के अंदर हाथ डाल दिए, और मेरी छूट सहलाने लगे. मैं समझ गयी थी की ये रोल पाने की लिए मुझे क्या करना पड़ेगा. मगर मेरे पास और कुछ ऑप्षन नही था. मैने उनका ज़रा सा भी विरोध नही किये. वो मेरी छूट और छूट के बालों से खेलने लगे. फिर देखते ही देखते मेरी पनटी भी उतार दी.
मेरे आँखों में आँसू थे, मगर मैने स्क्रिप्ट पढ़ना नही रोका. फिर उन्होने मुझे टेबल पर झुका दिया, और अपनी पंत उतार कर अपने लंड पर थूक लगाया. उसके बाद एक झटके में लंड मेरी छूट में डाल दिया. उनका लंड 8 इंच लंबा और 3 इंच मोटा था. उनका लंड मेरी छूट की सारी लेयर्स पार करता हुआ एक बार में अंदर चला गया.
मे: आअहह…. ऊऊ… माआ…
प्रोड्यूसर: स्क्रिप्ट पढ़ती रहो बेबी. बहुत अछा कर रही हो तुम.
मैं स्क्रिप्ट पढ़ती गयी, और वो मुझे छोड़ते रहे. उन्होने अपना हाथ मेरी सिर पर रखा, और मेरा सिर ज़ोर से टेबल पर दबाते हुए मेरी छूट छोड़ते रहे. मुझसे आँसू कंट्रोल नही हुए मगर मैने स्क्रिप्ट पढ़ना नही रोका.
थोड़ी देर बाद उन्होने मुझे अपनी तरफ घुमा कर टेबल पर ही लिटा दिया. फिर उन्होने मेरी ब्रा भी उतार दी. अब मैं पूरी तरह नंगी थी. फिर उन्होने दोबारा लंड मेरी छूट में डाला, और मेरी दोनो चुचियों को चूस्टे हुए मुझे दोबारा छोड़ने लगे.
स्क्रिप्ट ख़तम हो चुकी थी. मेरे हाथो से स्क्रिप्ट नीचे गिर गयी. मेरे पास उनका साथ देने के अलावा और कोई चारा नही था. उनका भरा बदन मुझे टेबल पे दबाए जेया रहा था, और वो मुझे छोड़ते जेया रहे थे. फिर उन्होने मुझे किस करना शुरू किया. उनकी ज़ुबान मेरे मूह के अंदर गले तक जेया रही थी.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: वाह रूबी, तुम इतनी समझदार निकलोगी मुझे नही पता था.
प्रोड्यूसर: अर्रे… शुक्ला तू क्यूँ रुका है, तू भी आजा? हेरोयिन बनने वाली है ये. उससे पहले तू भी इसे चख ले.
मे: सिर मैने कभी एक साथ दो मर्दों के साथ नही किया है.
कॅस्टिंग डाइरेक्टर: तो क्या हुआ बेबी… आज कर लो. ये मौका बार-बार नही आता.
ऐसा बोल के कॅस्टिंग डाइरेक्टर ने भी अपना लंड मेरे मूह में दे दिया. और मुझे ना चाह कर भी उनका लंड चूसना पड़ा. आयेज से शुक्ला सिर मेरे मूह को छोड़ रहे थे, और पीछे से प्रोड्यूसर सिर मेरी छूट को.
कुछ देर ऐसे ही चूड़ने के बाद प्रोड्यूसर सिर मुझे बेडरूम में ले गये, और मुझे घोड़ी बनने को कहा. मैं बेड पे घोड़ी बन गयी. दोबारा से शुक्ला सिर ने अपना लंड मेरे मूह में दे दिया, और प्रोड्यूसर सिर मेरी छूट छोड़ने लगे. मुझे अभी इन सब की आदत हो ही रही थी, की प्रोड्यूसर सिर ने बोला-
प्रोड्यूसर सिर: कभी गांद में लंड ली हो?
मे: नही सिर, गांद में नही… मैने आज तक कभी गांद में नही लिया. प्लीज़ सिर.
मगर प्रोड्यूसर सिर ने मेरी एक ना सुनी. उन्होने अपना लंड मेरी छूट से निकाल कर मेरी गांद पे सेट किया. फिर इससे पहले की मैं कुछ कह या कर पाती, उन्होने अपना लंड मेरी गांद में दे दिया. उनका लंड एक बार में मेरी गांद की गहराइयों तक पहुँच गया. फिर वो फिर अपने लंड को अंदर-बाहर करने लगे. मैं दर्द से चीख रही थी, मगर कोई मेरी सुनने वाला नही था.
तभी शुक्ला सिर ने मेरी छूट को खाली पा कर मेरी छूट में अपना लंड डाल दिया. अब एक लंड मेरी छूट में और एक मेरी गांद में था. मैं दर्द से बहाल थी. जैसे-तैसे मैं दर्द को बर्दाश्त कर रही थी. मेरे दिमाग़ में बस ये ही था की अगर मैं ये दर्द से गयी, तो मेरा हेरोयिन बनने का सपना पूरा हो जाएगा.
दोनो ने मेरी छूट और गांद छोड़ने में कोई कसर नही छ्चोढी. मेरी चुदाई लगभग एक घंटे तक चली. उसके बाद प्रोड्यूसर सिर ने मुझे घुटनो पे बैठने को कहा. मैने वैसा ही किया. फिर उन्होने अपना लंड मेरे मूह में डाल दिया, और मैं उनके लंड को चूसने लगी.
मैं उनके लंड पे अपनी छूट और गांद दोनो का रस्स टेस्ट कर पा रही थी. थोड़ी देर बाद वो मेरे मूह के अंदर ही अपना सारा पानी छ्चोढ़ दिए. मैने उनका पानी बाहर थूकना चाहा, मगर उन्होने मुझे रोक लिया, और सब पी जाने को कहा.
मैने वैसा ही किया, और फिर ज़ुबान निकाल कर उन्हे दिखाया और उनको संतुष्टि दी. शुक्ला सिर ने भी अपना सारा पानी मेरे चेहरे पे गिरा दिया. मेरा पूरा चेहरा उनके पानी से कवर हो गया.
दोनो दोबारा से जेया कर शराब पीने लगे.
प्रोड्यूसर सिर: तुम्हारा आडिशन मुझे बहुत पसंद आया. अब मैं जैसे बूलौऊ जहाँ बूलौऊ वहाँ आना है तुम्हे. तभी तुम्हे काम मिलता रहेगा.
मैने सिर हिला कर हामी भारी, और स्क्रिप्ट और अपने बचे-कुचे कपड़े पहने, और वहाँ से निकल आई. मैं ठीक से चल भी नही पा रही थी. मेरी चेहरे पे जगह-जगह अभी भी उनका कम लगा हुआ था. मगर मुझे इस बात की संतुष्टि थी की अब मैं भी हेरोयिन बन सकती थी.
तो दोस्तों ऐसे शुरू हुआ बोल्लयऊूद में मेरी चुदाई और सफलता का सफ़र. अगर कहानी आपको पसंद आई, तो मुझे कॉमेंट्स में ज़रूर बताए. इसका अगला पार्ट भी चाहिए तो वो भी बताए. पर्सनल छत के लिए मुझे सीमा8317149@गमाल.कॉम पे ग-छत पे मेसेज करे.