2 दोस्तों के एक-दूसरे की मा को चोदने की कहानी

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फ़ैज़न की अम्मी को काफ़ी शॉक लगता है और वो अपने सर पे हाथ रख के रूम साइड में उनकी चुदाई देखते हुए खड़ी रह जाती है.

अब आयेज-

आंटी अपने बेटे को और मेरी मम्मी को चुप-छाप देख रही थी. और मैं पीछे से आंटी को देख रहा था. शायद आंटी को देखने में मज़ा आ रहा था, इसलिए उन्होने पिछले 2-4 मिनिट्स से फ़ैज़न और मम्मी की चुदाई को डिस्टर्ब नही किया.

मैं पीछे से देख ही रहा था, की तभी आंटी ने अपने बूब्स को मसलना शुरू किया. आंटी का लेफ्ट हॅंड गाते के कोने में था, और रिघ्त हॅंड से वो अपने बूब्स मसल रही थी. मैं समझा गया था, की आंटी को भी लंड की भूख थी.

तभी मैं दबे पावं गया आंटी के पीछे, और खड़ा हो गया. मैं उनसे लंबा था, तो मैने उनके कंधे की साइड से देखा आंटी का एक रिघ्त बूब निघट्य से बाहर निकला हुआ था, और रिघ्त हॅंड से आंटी अपनी छूट मसल रही थी.

उनको मेरे पीछे होने की भनक हुई, तो आंटी दर्र गयी मुझे देख के, और उन्होने कुछ हरकत नही की.

मैने भी हिम्मत करके उनके बूब्स की तरफ हाथ को बढ़ा के पकड़ लिया, और दबाने लगा. आंटी भी झूठ-मूठ का छूटने की कोशिश करने लगी.

सडन्ली आंटी मेरी गिरफ़्त से निकल गयी, और रूम में डोर जाके दीवार के सहारे खड़ी हो गयी. मैं गया, और उनको दीवार से लगा के उनको किस करने लगा. मैं उनके बूब्स दबाने लगा. आंटी भी अब मचलने लगी

मैने आंटी के कान में पूछा: आंटी फ़ैज़न जैसे मेरी मम्मी को छोड़ रहा है, क्या मैं भी आपको छोड़ सकता हू?

आंटी ने बस आँखें नीचे कर ली, और मैं उनका सिग्नल समझ गया. अब मैं आपको आंटी के बॉडी फिगर के बारे में बता देता हू. अपना लंड पकड़ लीजिए, और छूट में उंगली कर लो.

आंटी का फिगर एक-दूं विद्या बालन जैसा है. और किसी पोर्नस्तर से कंपेर करना हो तो नताशा नाइस को इमॅजिन कर सकते है आप लोग. मैने उनके शोल्डर से निघट्य नीचे की, और उनके दोनो बूब्स लटक गये.

मैने सीधा बूब्स पे हमला किया. मैं उनके बूब्स को बुरी तरह से चूसने लगा. बीच-बीच में मैं उनको किस करता था. तभी मुझे याद आया अंदर भी चुदाई चल रही थी, और मैने सोचा पहले फ़ैज़न और मम्मी की चुदाई ख़तम होने तक वेट करते है, वरना सीन हो जाएगा. क्यूंकी हम लोग बाहर हॉल में चालू थे.

मैं और आंटी वापस गाते के कोने में आके उनकी चुदाई देखने लगे. हमने देखा फ़ैज़न मम्मी की पोज़िशन चेंज करके छोड़ रहा था. मतलब अब फ़ैज़न मम्मी को डॉगी स्टाइल में छोड़ रहा था.

फ़ैज़न फुल पवर में मम्मी को धक्का-पेल छोड़ रहा था. वो उनके बालों को पीछे से खींच रहा था. मेरी मम्मी की चुदाई देखने में मुझे मज़ा आ रहा था, और आंटी भी आयेज ही खड़ी थी. कम हाइट की वजह से आंटी झुक के देख रही थी.

मैने धीरे से आंटी की निघट्य को उठाया, और आंटी मुझे देखने लगी. फिर मैने पहले उनकी छूट को छुआ, जिसमे मज़ा आ गया. उनकी छूट का पानी लेकर मैने अपने लंड पे लगाया, और उनकी छूट में डालने लगा. आंटी ने अपना मूह बंद कर लिया.

मेरा लंड 7.5″

का है, जो फ़ैज़न की अम्मी की छूट में एंट्री कर रहा था. अमन आंटी की छूट गीली होने की वजह से लंड धीरे-धीरे जाने लगा.

आंटी की हाइट मेरे से कम थी, तो छूट में लंड डालते हुए मज़ा आ रहा था, और अंदर फ़ैज़न मम्मी को घपा-घाप छोड़ रहा था. उनकी भी शायद 3र्ड रौंद चुदाई चल रही थी.

मेरी मम्मी को लंड की इतनी ज़्यादा तारप थी, शायद मुझे पहले पता होता तो मैं कब से छोड़ चुका होता. बुत कोई बात नही, जो होता है आचे के लिए होता है. आज फ़ैज़न मेरी मम्मी की छूट मार रहा था. क्या पता शायद नेक्स्ट मेरी बारी हो.

मैं धीरे-धीरे फ़ैज़न की अम्मी को छोड़ रहा था, ताकि अंदर आवाज़ नही जाए. बुत फ़ैज़न मेरी मम्मी को खूब ज़ोर से छोड़े जेया रहा था.

फिर फ़ैज़न बोला: आंटी मेरा निकालने वाला है.

मम्मी उठी, और उसके लंड को चूसने लगी. फिर जैसे ही उसका निकालने वाला हुआ, तो मम्मी ने अपने बूब्स पे माल गिरवा लिया. फिर वो अपने बूब्स पर मसाज करवाने लगी.

फ़ैज़न तो तक कर वही नंगा लेट गया, और मम्मी उठ के अपने बूब्स को सॉफ करने लगी, और बूब्स को सॉफ करके फ़ैज़न को अपने बूब्स में च्छूपा के सोने लगी.

दोनो नंगे सोने लगे. मेरा लंड अभी भी फ़ैज़न की अम्मी की छूट में था, और मैं पीछे से छोड़ रहा था धीरे-धीरे. उनके सोने के 5 मिनिट्स के बाद मैं आंटी को अपने सोने वाली जगह पे ले आया, और उनको सबसे पहले नंगी किया.

उनको नंगी करते ही भाई साब उनकी बॉडी देखी. उफफफ्फ़ क्या नज़ारा था. एक दूं गातीला बदन, काससे हुए बूब्स. ना लटके हुए, ना ढीले, एक-दूं टाइट और खड़े बूब्स. मैं सीधा उनके बूब्स पर टूट पड़ा, और बुरी तरह से चूसने लगा, और एक-एक बूब्स को बारी-बारी चूसने लगा.

आंटी ने मुझे भी नंगा किया और मेरा लंड ऑलरेडी खड़ा था. वो लंड को मिशनरी पोज़िशन में अपनी छूट में लेने लगी. मेरा पूरा लंड अंदर जाते ही आंटी मोन करने लगी.

क्यूंकी आंटी की छूट एक-दूं गरम थी, और टाइट थी. फिर मैने उनके कान में पूछा-

मैं: आपकी छूट इतनी टाइट कैसे है?

आंटी: छूट चूड़ने से ढीली होती है.

मे: क्यूँ आंटी, आपको अंकल छोड़ते नही थे?

आंटी: अंकल छोड़ते तो तू शायद मुझे अभी नही छोड़ रहा होता.

मे: कसम से आंटी आपकी छूट का दीवाना हो गया हू.

आपको खूब छोड़ूँगा. आपका पानी निकाल दूँगा.

आंटी: देरी किस बात की है? छोड़ो अपनी आंटी को. अब तो पूरी नंगी हू, और तेरा लंड मेरी छूट में घुसा हुआ है.

फिर मैने एक और झटका दिया आंटी की छूट में, और लंड पूरा आंटी की छूट फाड़ता हुआ अंदर तक गया, और उनकी बच्चे-दानी में लगा. आंटी पूरी सहम गयी.

फिर मैने वैसे ही शॉट्स आंटी की छूट में दिए, तो आंटी नॉर्मल होने लगी. अब मैं आंटी को स्पीड में छोड़ने लगा, और बूब्स चूस्टे हुए छोड़ने लगा. 10 मिनिट बाद मैने आंटी को बोला-

मैं: आंटी मेरे उपर आ जाओ.

मैं लेट गया, और आंटी मेरे उपर आ गयी. फिर मेरे लंड को अपनी छूट में सेट करके उपर-नीचे होने लगी, और ज़ोर-ज़ोर से मेरे लंड पर कूदने लगी और छुड़वाने लगी.

आंटी का जोश बहुत ज़्यादा था, और साथ ही साथ आंटी अपनी छूट को रब भी कर रही थी. तभी फिर 10-15 मिनिट में आंटी ने अपना पानी छ्चोढा, और गरम-गरम रस्स आंटी का मेरे लंड में महसूस हुआ. अब आंटी मेरे सीने पर ढेर हो गयी.

फिर मैने नीचे से धक्के लगाने शुरू किए. मैने भी 5-7 मिनिट आंटी को छोड़ा होगा, और फिर मैने आंटी को बोला-

मैं: मैं निकालने वाला हू, कहा निकालु?

आंटी बोली: अंदर छ्चोढ़ दे. मुझे तेरे को महसूस करना है.

मैने फुल पवर से छोड़ा नीचे, और 2 मिनिट्स में आंटी की छूट में बरसात कर दी. मेरा माल आंटी की छूट में गया, और बाहर भी निकालने लगा. आंटी अभी भी मेरे उपर थी, और मैने उनके साथ तोड़ा रोमॅन्स किया, किस किया, बूब्स पिए, और खूब चूसा एक-दूसरे को.

आंटी ने मुझे बहुत प्यार किया, और सीरियस्ली मज़ा आ गया. फिर आंटी उठ के बातरूम गयी, और आके सो गयी अपनी जगह पे. मैं उठा, फ्रेश हुआ, और अंदर रूम में गया, और फ़ैज़न को उठाया धीरे से, क्यूंकी मम्मी सो रही थी

फ़ैज़न को बोला: मम्मी को उठा के बाहर लेके आजा. और अपनी-अपनी जगह पर सुला दे. ऑलरेडी रात के 3 बजे थे. मैं बाहर आ गया, और फ़ैज़न ने मम्मी को उठाया, और निघट्य वग़ैरा पहन के सब बाहर हॉल में सोने लगे.

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. और मैल . करो प्लीज़. . मैल . हो . है. जल्दी . है नेक्स्ट पार्ट में.आयेज की कहानी के लिए इस स्टोरी को सपोर्ट करिए, और फीडबॅक के लिए गूगले छत करो

ईशहान्शार्मा0996@गमाल.कॉम पर. और मैल मत करो प्लीज़. सम्टाइम्ज़ मैल मिस हो जाता है. जल्दी मिलते है नेक्स्ट पार्ट में.

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