फॅमिली में ग्रूप सेक्स की कहानी

कामुकता सेक्स स्टोरी अब आयेज-

अब एक साइड में सोनिया आंड मम्मी थे, और एक साइड रवि और मामी. हमने सोचा जो काम शुरू हो चुका था, बस उस काम को पूरा कर ही लेते है.

अब मम्मी ने स्ट्रॅप-ओं निकाल दिया था. अब वो मेरा लॉडा चूस रही थी, और सोनिया मेरे को किस कर रही थी. सोनिया कभी मेरे होंठो में किस करती, तो कभी मेरी गर्दन और छ्चाटी में किस करती. ये सब होते हुए मामी हुमको देख रही थी.

तभी रवि का लंड उफान में था. उसने मामी को घोड़ी बनाया और बिना फोरप्ले के उनको छोड़ने लगा. उनको देख मम्मी ने भी मुझे लिटाया, और हमारी भी चुदाई शुरू हुई. मेरे फेस पे सोनिया बैठी थी. मम्मी और सोनिया एक-दूसरे को किस कर रहे थे.

मम्मी: आअहह उम्म स्वाती देख मेरी बहू तो मेरे से ज़्यादा चुड़क्कड़ निकली.

मामी: उम्म्म अफ मधु, तेरी किस्मत सही है. अची बहू मिली है. इस नालयक से कौन शादी करेगा?

ये सुन कर सोनिया शर्मा गयी. मम्मी और सोनिया किस करते, एक-दूसरे के बूब्स दबाते, उनको मूह में लेते. मेरा लॉडा मम्मी की छूट में और मूह सोनिया की छूट में था. पुर रूम में आहह उम्म्म अफ आइईइ की आवाज़ आ रही थी.

रवि छोड़ मामी को रहा था पर उसका ध्यान हमारी तरफ था. कुछ समय बाद उसने अपना लंड मामी के अंदर से निकाला और अपने हाथो से अपना लंड हिलने लगा. उसका काम होने वाला था, तो वो मामी के पास ना जाते हुए हमारी तरफ पलटा. उसने देखा मम्मी और सोनिया अभी भी किस कर रहे थे. फिर उसने अपने लंड में एक दो स्ट्रोक्स और मारे और सारा माल मम्मी और सोनिया के फेस में डाल दिया. फिर वो बोला-

रवि (हानफते हुए): भाई सेक्स नही कर सकता तो क्या? फेशियल तो करने दे.

मैं: ठीक है. (फिर मैं मम्मी की तरफ देखा और बोला) मम्मी चलो अब आप इस स्ट्रॅप-ओं को पहनो और अब मैं और आप मामी के साथ ड्प करेंगे.

मम्मी: ड्प मतलब?

मैं: डबल पेनेट्रेशन, और आज मैं मामी के साथ अनल करूँगा.

वो दोनो मेरे उपर से उठे. अब तक जब से हम रवि के रूम में आए थे तब से सोनिया, मामी और मम्मी 2 बार झाड़ चुके थे. मम्मी ने स्ट्रॅप-ओं दोबारा लगा दिया था. सोनिया और रवि एक कोने में बैठ गये थे.

दृश्या कुछ इस प्रकार था, की नीचे मम्मी लेती थी. बीच में मामी और उनके उपर मैं. रवि माना कर रहा था अनल के लिए, पर मामी मान गयी.

फिर दोनो असली और नकली लंड मामी के अंदर एक साथ घुसाए. उनकी ज़ोर से चीख निकल गयी. उनकी चीख रोकने के लिए मम्मी ने उनके होंठो में किस कर दिया. देखो अनल सेक्स रेग्युलर सेक्स से अलग होता है. मैने अपना लंड उनकी गांद में डालने से पहले अपने लंड और उनके होल में आचे से लूब्रिकॅंट लगा दिया था. फिर भी उनका च्छेद टाइट था.

लंड डालने के बाद मैं कुछ देर ऐसे ही रहा और मैने मम्मी को धक्का देने बोला. अब मम्मी मामी को छोड़ रही थी. उन दोनो के बूब्स आपस में रग़ाद रहे थे. वो एक-दूसरे को आपस में किस कर रहे थे और पीछे से मैं मामी की गांद में लंड डाले हुए था. कोई इसको होते हुए देख ले, तो 1-2 बार तो बिना लंड हिलाए ही झाड़ जाए.

रवि और सोनिया ये सब देख रहे थे. रवि का लंड दोबारा खड़ा हो गया था. इसी दिन मुझे पता लगा रवि में एक क्यूक्कल्ड साइड भी थी. लेकिन रवि अभी कुछ नही कर सकता था. वो कभी सोनिया के बूब्स देखता तो कभी हुमको करते हुए.

मेरे लंड को मामी की गांद में टाइम हो चुका था. अब मैने भी धक्के देने शुरू किए, और मामी को छोड़ने लगा. मेरे सामने दो मिलफ आपस में लिपटी हुई थी, और मैं एक की गांद चुदाई कर रहा था. पहली बार गांद चुदाई का आनंद अलग था. मामी भी पहली बार दो-दो एक साथ ले रही थे.

अब मैं भी झड़ने वाला था. अनल कर रहा था तो प्रेग्नेन्सी का दर्र नही था. मैं उनके अंदर ही झाड़ गया. मामी भी दो बार और झाड़ गयी थी. मैं मामी के उपर लिपट गया. हम तीनो सॅंडविच बन के लेते हुए थे. दूसरी तरफ रवि अपना लंड हिलाते हुए सोनिया के बूब्स में झाड़ जाता है. फिर सब कुछ देर रेस्ट करके अपने-अपने घर चले जाते है.

हमारे घर में सुमन आंटी थी तो हम खुल के सब कुछ नही कर पाते थे. अब जब हुमको करना होता था, तब एक इंसान सुमन आंटी को डिसट्रॅक्ट करता और बाकी दो मज़े करते.

दूसरी तरफ पापा जहाँ थे, वहाँ का इंट्रोडक्षन करवा डू. वैसे ये सब बात मम्मी ने मुझे कुछ समय बाद बताई थी. पर क्रनॉलजी के चक्कर में स्टोरी की मा चुड जाएगी. क्यूँ सही बोला ना मैने.

स्टार्ट करते है 69 साल के माले यानी मेरे दादा जी. उनका नाम हरी लाल था. उनकी टीन शादियाँ हुई थी, जिसमे से दो वाइफ मॅर चुकी थी. मेरी दादी की डेत सबसे पहले हुई और पापा दूसरी नंबर की दादी के डेत में गये थे. दूसरे नंबर की दादी पापा को बहुत अछा मानती थी और उन्होने पापा की बहुत मदद की थी.

तीसरे नंबर की दादी आक्च्युयली मेरी मम्मी के आगे की थी, और पापा उनको कभी अछा नही मानते थे. उनका नाम सौंदर्या था. पापा के अलावा दादा जी के दो और बच्चे थे. एक मेरे पापा की सग़ी बेहन निधि और एक दूसरी दादी से किशोरे. निधि बुआ 43 साल की और किशोरे अंकल 44. निधि बुआ के दो बच्चे थे लड़की लिषा आंड लड़का आराव. दोनो मेरे आगे ग्रूप के थे.

फिर आते हैं 65 साल के माले पे जो की मेरे दादा जी के भाई थे. उनका नाम मानी लाल था. उनकी दो वाइफ थी 55 साल की काँटा और 57 साल की शांति. मानी लाल की दो बेटियाँ थी 35 साल की रीता काँटा से और 39 साल की रूपा. रूपा बुआ का एक लड़का रूपेश था, वो भी मेरी आगे का था.

ये कुछ नये किरदार मेरे जीवन में क्या भूचाल लेके आने वाले थे. जानने के लिए पढ़ते रहिए और मूठ मारते या फिंगरिंग करते रहिए.

अगर आपको यहाँ तक कहानी पसंद आई और अगर आपको अपनी कोई स्टोरी शेर करनी हो, या फीडबॅक देना हो, या मुझसे बात करनी हो, तो योरो5106298स्टोरीटेल्लर@याहू.कॉम में मैल करे.

तो बे कंटिन्यूड…

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