जया की 20त बर्तडे थी आज. लेकिन उसके पापा काम से बाहर गये थे. इसीलिए जया की बर्तडे उसके दोस्तों ने मनाई. लेकिन घर वापस आने के लिए उसने अपने पापा के दोस्त बीरें अंकल को फोन किया, और वो उनकी बिके लेकर जया को ड्रॉप करने आए.
जया एक सलवार-सूट पहनी थी, जिससे की उसके 34″ के बूब्स और उसकी क्लीवेज क्लियर दिख रही थी. उसके पतली कमर और सॉफ्ट 32″ की गांद के आचे से कुवर्व्स दिख रहे थे. थोड़ी व्हेआतिश स्किन टोने की है जया (दिशा पाटनी / मौनी रॉय की स्किन टोने ). जया को मर्दों को लुभाना अछा लगता है, इसीलिए थोड़े रिवीलिंग कपड़े पहनती है. वो आज मेकप में और भी चमक रही थी.
बीरें अंकल 45-46 साल के सवले आदमी थे. वो स्विम्मिंग करते थे, इसीलिए एनर्जी काफ़ी अची थी. लेकिन देसी अंकल जैसी बॉडी टाइप थी उनकी. हल्का पेट भी निकला हुआ था. उनकी बड़ी-बड़ी मूचे भी थी. उनकी नज़र जया पे काई सालों से थी. लेकिन आज जेया कर उसके पापा बाहर गये थे.
जया के बिके पे बैठते ही, बीरें अंकल जान-बुझ के ब्रेक लगते ताकि जया के माममे उनकी पीठ से आके चिपक जाए. और ऐसा हो भी रहा था. वो झटके लगा रहे थे.
बीरें: अर्रे यार, ये सड़कें भी इतनी खराब है हमारे यहाँ की!
जया: चाचा, आप तोड़ा धीरे चलिए ना.
बीरें ने थोड़ी स्पीड बधाई और बिके फिसल रही है ऐसा नाटक करके, उन्होने अचानक से पीछे से जया की कमर पकड़ ली.
बीरें: तुम ठीक हो ना? बिके फिसल रही है बारिश के पानी से. बिके पुरानी भी हो गयी है काफ़ी.
जया ने कुछ नही बोला. बीरें अंकल ने हाथ हटाया नही. एक हाथ उनका हॅंडल पे था, तो दूसरा जया की पतली नरम कर्व वाली कमर पे. और जया भी चुप बैठी थी. उन्होने फिर से ऐसा किया और तुरंत जया की मस्त-मस्त गांद पर अपना हाथ रख दिया.
बीरें: अर्रे बेटा संभलो. फिसल मत जाना. और तोड़ा स्क्वीज़ भी किया.
जया: ह्म.
फिर जया का घर आते ही बोले-
बीरें: बेटा थोड़ी छाई मिलेगी? आज ठंड बहुत है ना, इसीलिए बिके चलते वक़्त ठंड लगेगी. छाई पी लूँगा तो सही रहेगा.
जया बिके से उतरती है. तो उसके निपल्स कमीज़ से बाहर आ रहे थे, इतने हार्ड हो गये थे. वो शरम से लाल भी हो चुकी थी.
जया: ह्म (बस ह्म ह्म करके वो घर के अंदर चली गयी. वो समझ रही थी क्या होने वाला था उसके साथ. उसके निपल्स से बीरें को भी इशारा मिल रहा था की जया ने भी बीरें के हाथ को अपनीी गांद पे काफ़ी एंजाय की था).
दोनो घर के अंदर चले जाते है, और लिविंग रूम में बैठ जाते है सोफा पे. जया छाई बनाने अंदर जाने लगती है.
बीरें: अर्रे बेटा, कोई बात नही आ जाओ. बैठ जाओ तोड़ा, रेस्ट कर लो. बाद में छाई बना लेना. अभी-अभी तो आई हो.
जया उनके बगल में आके बैठती है. बीरें अंकल सरक के तोड़ा जया के पास जाते है और कहते है-
बीरें: बेटा ताकि हुई हो? तोड़ा मसाज कर डू? हम स्विम्मर्स को अची मसाज आती है.
जया ने माना भी नही किया, और हा भी नही बोला. तो बीरें अंकल जया का हाथ पकड़ के उसको तोड़ा पास लाए. फिर उसके कंधे की मसाज करने लगे. वो काफ़ी अची मसाज सच में करते थे. जया को सच में बहुत अछा लगने लगा.
उसकी हेड मसाज होने लगी, तो जया को और आनंद आने लगा. फिर धीरे से पीठ पे हाथ सहलाते हुए जया की बॉडी मसाज शुरू हुई. बीरें अंकल जया की सलवार की बटन्स खोलने लगे.
बीरें: बेटा अगर सलवार खोल डोगी, तो पीठ पे आचे से कर पौँगा.
जया को इतना मज़ा आ रहा था, की उसने कुछ सोचा नही और अपनी सलवार कमीज़ उतारने लगी. अब जया की गोलडेन स्किन बीरें के सामने थी. जया के सुंदर सुडौल माममे बीरें के हाथो के सामने थे. लेकिन बीरें पक्का खिलाड़ी था. उसने पीठ पे मसाज करना शुरू किया, और जया को पेट के बाल सोफे पे लिटा दिया.
फिर वो धीरे-धीरे नीचे गया, और गांद दबाने लगा. बीरें के मसाज स्किल्स इतने आचे थे, की 20 साल की सारी थकान जया अभी भूल रही थी. फिर कब बीरें ने जया की ब्रा की हुक खोल दी, पता ही नही चला (पक्के खिलाड़ी जो थे).
बीरें: सीधी लेट जाओ.
जया सीधी लेट जाती है और उसके नरम गोलडेन पेट पर बीरें अंकल सहलाने लगते है. जया को बहुत अछा लगता है. फिर धीरे से जया की ब्रा को वो उठाते है, और गोलडेन ब्राउन निपल्स बाहर आ जाते है. उसके सुंदर नरम सुडौल माममे अब नंगे थे. जया को पता भी नही चला, और अचानक से जया को फील हुआ की उसके बूब्स की मसाज हो रही थी.
जया: अर्रे बीरें चाचा, ये क्या कर रहे है आप (बोल कर वो थोड़ी घबराई)?
लेकिन बीरें के मसाज की ताक़त से वो बेहोश सी, नही ऐसा मानो जैसे नशा सा हो गया हो जया को. जया ने आहें भरनी शुरू की-
जया: अया, आ, आ, चाचा जी, बस भी करो अब. उफ़फ्फ़, कुछ ज़्यादा ही आचे नही हो आप? छ्चोढ़ भी दो अब तो! अया.
फिर बीरें जया की नाभि को चूमने लगता है और क्या ‘सुरर सुरर’ करके आवाज़ आती है. लगता है जया का सारा रस्स नाभि से निकाल लेगा. जया को इतना अछा लगता है वो लेते-लेते वाइब्रट करने लगती है और आहें तेज़-तेज़ भारती है, और तेज़-तेज़ साँसें लेती है.
फिर माममे दबाते-दबाते जया के पाजामे का नाडा बीरें अंकल अपने मूह और दाँत से खोल देते है. उसके बाद धीरे से चूमते हुए जया की जांघों को पकड़ लेते है. जया चौंक उठती है, और समझ जाती है की आज तो वो बीरें अंकल के साथ सुहग्रात मनाएगी.
बीरें अंकल ऐसे जया की सॉफ्ट-सॉफ्ट जांघों पर चूमते है की जया मदहोशी से पड़ी रहती है सोफे पर. जया की पनटी अब धीरे-धीरे अंकल अपने कड़क हाथो से उतारते है. अब जया पूरी नंगी उसके बीरें चाचा के सामने लेती हुई थी.
बीरें चाचा ने अपनी कमीज़ और पंत उतारी तुरंत और उन्होने अंडरवेर भी नही पहनी थी. ऐसे जैसे उनको पता ही था की आज यही करने वाले हो वो. फिर वो जया की छूट को सूँघे और उसकी छूट में अपनी जीभ डाल कर चाटने लगे, उपर-नीचा अंदर-बाहर, डाए-बाए, उसकी छूट को आचे से वो चाट गये.
फिर उन्होने अपना कड़क 7 इंच लूंबा मोटा लंड जया की छूट पे सेट किया और उसकी गीली छूट में डाल दिया एक ही बार में. जया चीख उठी और बोली-
जया: अया, चाचा, नही, निकालो, मॅर गयी. बहुत बड़ा है बीरें चाचा.
वो आ अहहा हहा आ ओह ओह उफ़फ्फ़ ऐसे ही करती रह गयी. लेकिन बीरें चाचा बेरेहमी से उसकी चुदाई करते रहे, जब तक जया बोली नही की-
जया: आ मज़ा आ रहा है, और ज़ोर से.
तब तक चाचा एक की स्पीड से करते रहे. फिर उन्होने स्पीड बधाई. वो पेशे से स्विम्मर थे, तो एनर्जी भरपूर थी उनमे. और अब उनकी स्पीड का कोई मुक़ाबला नही. उनमे हवस का जानवर जाग गया था. वो हैवान जैसे जया की छूट को छोड़ रहे थे.
जया बेहोश ही होने वाली थी की बीरें ने लंड निकाल के जया को उल्टा किया. फिर वो डॉगी स्टाइल में जया को छोड़ने लगे. नयी पोज़िशन में जया को और भी मज़ा आने लगा. जया भी ऐसे साथ दे रही थी, जैसे कितनी चुड्ती होगी. लेकिन ये जया का पहली बार था, क्यूंकी जया की छूट से खून आ रहा था.
लेकिन बीरें अंकल को कुवारि छूट का मज़ा इतना भा गया की वो बेरेहमी के साथ उसको छोड़ते जेया रहे थे. उसे कोई रेस्ट न्ही मिल रहा था. फिर जया को गोद में उठा कर उछाल-उछाल कर उसके अंदर लंड डालते रहे. इससे लंड जया की छूट के सबसे अंदर तक थूक रहा था और जया की आँखों से आँसू आने लगे.
लेकिन जया इस परम आनंद के नशे में मस्त बीरें चाचा के काले लंड पर अपने गोलडेन ब्राउन शरीर को उछाल रही थी. फिर ऐसे ही 1.5 घंटे तक चूड़ने के बाद, जया के मूह के अंदर बीरें अंकल ने अपने बीज का सारा पानी छोढ़ दिया.
उन्होने उसे पूरा पानी पिलाया, और जया का छ्होटा शरीर बीरें अंकल के लंबे चौड़े शरीर के उपर पड़ा हुआ देख कर बीरें अंकल को बहुत खुशी हुई. फिर सारी रात दोनो नंगे लेते रहे, और बहुत बातें की. उनकी बहुत अची दोस्ती हो गयी, और बीरें अंकल से जया आयेज और भी अनोखे तरीके से चूड़ने वाली थी.